संबंध क्या है?
एक समुच्चय A लीजिए। उससे सारी संभव जोड़ियाँ (a, b) बनाइए। यह पूरी सूची A × A है। A पर संबंध R, A × A का कोई भी भाग (उपसमुच्चय) है। हम लिखते हैं (a, b) ∈ R, यानी "a, b से संबंधित है"।
इसे तीरों की तरह सोचिए: (a, b) यानी a से b की ओर तीर।
दो ख़ास संबंध
- रिक्त संबंध: कोई जोड़ी नहीं, R = ∅। उदाहरण: A = {1, 2, 3} पर "a − b = 10"।
- सार्वत्रिक संबंध: सारी जोड़ियाँ, R = A × A। उदाहरण: एक कक्षा के बच्चों में "a और b एक ही कक्षा में हैं"।
इन दोनों को तुच्छ संबंध कहते हैं।
स्वतुल्य, सममित और संक्रामक संबंध
स्वतुल्य (Reflexive)
अगर A के हर a के लिए (a, a) ∈ R हो। एक भी लूप कम हो तो नियम टूट जाता है।
सममित (Symmetric)
जब भी (a, b) ∈ R हो, तब (b, a) ∈ R भी हो। हर तीर का वापसी तीर।
संक्रामक (Transitive)
जब भी (a, b) ∈ R और (b, c) ∈ R हों, तब (a, c) ∈ R भी हो। हर दो-कदम रास्ते का सीधा रास्ता।
जाँचने का तरीका
- स्वतुल्य: सारी (a, a) लिखिए। सब हैं?
- सममित: हर (a, b) के लिए (b, a) ढूँढिए।
- संक्रामक: जहाँ एक तीर का अंत दूसरे की शुरुआत हो, वहाँ शॉर्टकट ढूँढिए।
गुण गलत साबित करने के लिए एक प्रति-उदाहरण काफ़ी है। सही साबित करने के लिए सब तत्वों के लिए तर्क देना होता है।
तुल्यता संबंध और तुल्यता वर्ग
जो संबंध स्वतुल्य, सममित और संक्रामक तीनों हो, वह तुल्यता संबंध है। यह "एक ही तरह का है" जैसा व्यवहार करता है।
तुल्यता संबंध A को समूहों में बाँटता है, जिन्हें तुल्यता वर्ग कहते हैं। a का वर्ग [a] = वे सब तत्व जो a से संबंधित हैं।
- हर तत्व ठीक एक वर्ग में होता है।
- दो वर्ग या तो बिलकुल एक जैसे होते हैं या उनमें कुछ भी साझा नहीं होता।
- सब वर्ग मिलाकर पूरा A बनता है।
प्रसिद्ध उदाहरण: पूर्णांकों Z पर a R b अगर a − b, 2 से विभाज्य हो। यह तुल्यता संबंध है, जिसके दो वर्ग हैं: सम संख्याएँ और विषम संख्याएँ।
फलन: एकैकी, आच्छादक और एकैकी आच्छादी
फलन f: A → B ऐसा संबंध है जिसमें A के हर तत्व का B में ठीक एक प्रतिबिंब हो। A प्रांत है, B सहप्रांत है, और असली आउटपुट का समुच्चय परिसर है।
एकैकी (one-one / injective)
अलग इनपुट, अलग आउटपुट। जाँच: मान लीजिए f(x₁) = f(x₂), फिर दिखाइए x₁ = x₂। उदाहरण: R पर f(x) = 3x + 2। अगर 3x₁ + 2 = 3x₂ + 2 तो x₁ = x₂। इसलिए एकैकी।
बहु-एक (many-one): दो इनपुट का एक आउटपुट। R पर f(x) = x² बहु-एक है, क्योंकि f(2) = f(−2) = 4।
आच्छादक (onto / surjective)
B का हर तत्व किसी का आउटपुट है। परिसर = सहप्रांत। जाँच: B का कोई भी y लीजिए, y = f(x) हल कीजिए, और देखिए x, A में है या नहीं। f(x) = 3x + 2 के लिए x = (y − 2)/3 वास्तविक है, इसलिए आच्छादक।
एकैकी आच्छादी (bijective)
एकैकी भी और आच्छादक भी। सिर्फ़ ऐसे फलन का ही प्रतिलोम होता है।
गिनती की टिप
अगर A और B दोनों में n तत्व हों, तो A → B फलन एकैकी तभी है जब वह आच्छादक हो। ऐसे फलनों की संख्या n! है।
करके देखिए: अपना तुल्यता संबंध बनाइए
3D के आख़िरी चरण पर जाइए। सिर्फ़ तीन लूप (1,1), (2,2), (3,3) रखिए। अब (1, 3) जोड़िए। नीचे लिखा आएगा: सममित नहीं। अब (3, 1) जोड़िए। क्या दिखा? अब वर्ग हैं {1, 3} और {2}।
घर पर: परिवार के जूतों को रंग के हिसाब से छाँटिए। "एक ही रंग का है" तुल्यता संबंध है। हर ढेर एक वर्ग है। क्या कोई जूता दो ढेरों में हो सकता है?
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- A पर संबंध: R ⊆ A × A
- स्वतुल्य: हर a ∈ A के लिए (a, a) ∈ R
- सममित: (a, b) ∈ R ⇒ (b, a) ∈ R
- संक्रामक: (a, b) ∈ R और (b, c) ∈ R ⇒ (a, c) ∈ R
- तुल्यता संबंध = स्वतुल्य + सममित + संक्रामक; वर्ग [a] = {x ∈ A : (x, a) ∈ R}
- एकैकी: f(x₁) = f(x₂) ⇒ x₁ = x₂
- आच्छादक: B के हर y के लिए A में x हो जिससे f(x) = y (परिसर = सहप्रांत)
- एकैकी आच्छादी = एकैकी + आच्छादक; n तत्वों वाले दो समुच्चयों के बीच ऐसे फलन = n!
- n तत्वों वाले समुच्चय पर कुल संबंध = 2^(n²)
हल किए गए उदाहरण
1. A = {1, 2, 3} पर R = {(1,1), (2,2), (3,3), (1,2)}। स्वतुल्य, सममित, संक्रामक जाँचिए।
स्वतुल्य: (1,1), (2,2), (3,3) तीनों हैं, इसलिए हाँ। सममित: (1,2) है पर (2,1) नहीं, इसलिए नहीं। संक्रामक: जितनी भी शृंखलाएँ बनती हैं, जैसे (1,1),(1,2) → (1,2), उनका शॉर्टकट मौजूद है; इसलिए हाँ। R स्वतुल्य और संक्रामक है, सममित नहीं।
2. A = {1, 2, 3} पर R = {(1,2), (2,1)}। क्या R संक्रामक है?
(1,2) और (2,1) की शृंखला के लिए (1,1) चाहिए। वह नहीं है। इसलिए R संक्रामक नहीं है। यह सममित है, पर स्वतुल्य भी नहीं।
3. पूर्णांकों Z पर R = {(a, b) : a − b, 4 का गुणज है} को तुल्यता संबंध सिद्ध कीजिए। [0] ज्ञात कीजिए।
स्वतुल्य: a − a = 0 = 4 × 0। सममित: a − b = 4k हो तो b − a = 4(−k)। संक्रामक: a − b = 4k और b − c = 4m, जोड़ने पर a − c = 4(k + m)। इसलिए तुल्यता संबंध। [0] = {…, −8, −4, 0, 4, 8, …}। कुल 4 वर्ग हैं: [0], [1], [2], [3]।
4. एक तल की सभी रेखाओं पर l R m अगर l ∥ m या l = m। क्या यह तुल्यता संबंध है?
स्वतुल्य: हर रेखा खुद के बराबर है। सममित: l ∥ m तो m ∥ l। संक्रामक: l ∥ m और m ∥ n तो l ∥ n (या l = n)। हाँ, तुल्यता संबंध है। हर वर्ग रेखाओं की एक 'दिशा' है।
5. f: R → R, f(x) = 5 − 2x क्या एकैकी है? क्या आच्छादक है?
एकैकी: 5 − 2x₁ = 5 − 2x₂ ⇒ x₁ = x₂। हाँ। आच्छादक: कोई भी वास्तविक y लीजिए। y = 5 − 2x ⇒ x = (5 − y)/2, जो वास्तविक है, और f(x) = y। हाँ। इसलिए एकैकी आच्छादी।
6. f: N → N, f(x) = x² क्या एकैकी है? क्या आच्छादक है?
एकैकी: प्राकृत संख्याओं में x₁² = x₂² ⇒ x₁ = x₂। हाँ। आच्छादक: 2 ∈ N, पर किसी प्राकृत संख्या का वर्ग 2 नहीं। इसलिए आच्छादक नहीं। ध्यान दीजिए: R पर यही नियम एकैकी नहीं, क्योंकि f(−3) = f(3)। प्रांत बहुत ज़रूरी है!
7. सिद्ध कीजिए कि f: R → R, f(x) = x³ एकैकी आच्छादी है।
एकैकी: x₁³ = x₂³ ⇒ (x₁ − x₂)(x₁² + x₁x₂ + x₂²) = 0। दूसरा कोष्ठक सिर्फ़ x₁ = x₂ = 0 पर शून्य होता है, तो हर हाल में x₁ = x₂। आच्छादक: हर वास्तविक y के लिए x = ∛y वास्तविक है और x³ = y। इसलिए एकैकी आच्छादी।
8. A = {a, b} पर कितने संबंध बन सकते हैं? A से A तक कितने एकैकी आच्छादी फलन?
A × A में 2 × 2 = 4 जोड़ियाँ। हर जोड़ी या तो R में है या नहीं: 2⁴ = 16 संबंध। एकैकी आच्छादी फलन: 2! = 2 (तत्समक और अदला-बदली)।
आम गलतियाँ
- कुछ तत्वों पर लूप देखकर स्वतुल्य कह देना। हर एक a के लिए (a, a) चाहिए।
- यह सोचना कि रिक्त संबंध सममित या संक्रामक नहीं हो सकता। वह दोनों है, क्योंकि नियम तोड़ने वाली कोई जोड़ी ही नहीं (पर अरिक्त समुच्चय पर स्वतुल्य नहीं)।
- एकैकी/आच्छादक जाँचते समय प्रांत भूल जाना। x², N पर एकैकी है पर R पर नहीं।
- कुछ मान रखकर आच्छादक 'सिद्ध' करना। सामान्य y लेकर x निकालना और x को प्रांत में दिखाना ज़रूरी है।