समूह 14 क्या है?
आवर्त सारणी में कार्बन (C), सिलिकॉन (Si), जर्मेनियम (Ge), टिन (Sn) और सीसा (Pb) एक स्तंभ में हैं, जिसे समूह 14 (पुराना नाम: समूह IVA) कहते हैं। हर परमाणु के बाहरी कोश में 4 इलेक्ट्रॉन होते हैं, इसलिए हर एक 4 बंध बना सकता है। एक समूह के तत्व मिलता-जुलता व्यवहार करते हैं, पर नीचे जाते हुए धीरे-धीरे बदलते हैं।
- कार्बन: अधातु।
- सिलिकॉन और जर्मेनियम: उपधातु (बीच के; ये अर्धचालक हैं)।
- टिन और सीसा: धातु।
बड़े परमाणु बाहरी इलेक्ट्रॉन को कम कसकर पकड़ते हैं, इसलिए उन्हें आसानी से खो देते हैं। इसीलिए नीचे जाने पर धात्विक गुण बढ़ता है।
कार्बन के रूप और अधिशोषण
कार्बन अलग-अलग रूपों में मिलता है जिन्हें अपरूप कहते हैं: हीरा (बहुत कठोर, हर कार्बन 4 से जुड़ा), ग्रेफ़ाइट (नरम, फिसलती परतें, बिजली चलाता है), और फ़ुलरीन व ग्रैफ़ीन। पूरा विवरण पाठ कार्बन के अपरूप में है।
अधिशोषण का अर्थ है कि गैस या घुले कण ठोस की सतह पर चिपकते हैं (अंदर नहीं जाते)। सक्रियित चारकोल की सतह बहुत बड़ी और नन्हे छेदों से भरी होती है, इसलिए यह गंध, रंग और ज़हर अधिशोषित करता है। यह पानी के फ़िल्टर, गैस मास्क और चीनी का रंग हटाने में काम आता है।
कार्बन के ऑक्साइड और ग्रीनहाउस प्रभाव
कार्बन कार्बन मोनोऑक्साइड (CO) बनाता है, जो ज़हरीली गैस है और हवा कम होने पर ईंधन जलने से बनती है, और कार्बन डाइऑक्साइड (CO₂), जो पर्याप्त हवा में ईंधन जलने और हमारी साँस छोड़ने पर बनती है। देखिए कार्बन के ऑक्साइड।
CO₂ सूर्य का प्रकाश आने देती है, पर पृथ्वी से लौटती कुछ गर्मी रोक लेती है। यह ग्रीनहाउस प्रभाव है। थोड़ा-सा पृथ्वी को गर्म रखता है; कोयला, तेल, गैस जलाने और जंगल काटने से ज़्यादा हो तो पृथ्वी गर्म होती है। मीथेन और जलवाष्प भी गर्मी रोकते हैं। देखिए ग्रीनहाउस प्रभाव।
कार्बोनेट और हाइड्रोजन कार्बोनेट
कार्बोनेट में CO₃²⁻ आयन होता है (उदाहरण: कैल्शियम कार्बोनेट CaCO₃, चूना पत्थर, संगमरमर, चाक, सीपियों में)। हाइड्रोजन कार्बोनेट में HCO₃⁻ होता है (उदाहरण: सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट NaHCO₃, खाने का सोडा)।
- अम्ल के साथ: झाग देते हैं और CO₂ बनती है। CaCO₃ + 2HCl → CaCl₂ + H₂O + CO₂। गैस को चूने के पानी में डालें तो वह दूधिया हो जाता है।
- गर्म करने पर: CaCO₃ → CaO + CO₂ (बिना बुझा चूना)। खाने का सोडा CO₂ छोड़ता है, इसलिए केक फूलता है: 2NaHCO₃ → Na₂CO₃ + H₂O + CO₂।
- घुलनशीलता: ज़्यादातर कार्बोनेट पानी में नहीं घुलते, सिवाय सोडियम और पोटैशियम के। हाइड्रोजन कार्बोनेट आसानी से घुलते हैं, इसीलिए चूना पत्थर की गुफ़ाएँ बनती हैं: CO₂ वाली बारिश CaCO₃ को धीरे-धीरे घुलनशील Ca(HCO₃)₂ में बदलती है।
सिलिकॉन और उसका डाइऑक्साइड
ऑक्सीजन के बाद सिलिकॉन पृथ्वी की पर्पटी में सबसे ज़्यादा मिलने वाला तत्व है। यह भूरा-चमकीला उपधातु और अर्धचालक है, इसलिए कंप्यूटर चिप और सौर सेल में काम आता है। प्रकृति में यह रेत और क्वार्ट्ज़ में सिलिकन डाइऑक्साइड (SiO₂, सिलिका) और सिलिकेटों के रूप में मिलता है।
CO₂ गैस पर SiO₂ ठोस क्यों: CO₂ में हर कार्बन दो ऑक्सीजन से द्विबंध से जुड़ा है और अणु अकेला खड़ा है; अणुओं के बीच आकर्षण कमज़ोर है। SiO₂ में हर सिलिकॉन चार ऑक्सीजन से और हर ऑक्सीजन दो सिलिकॉन से जुड़ा है, यानी मज़बूत बंधों का विशाल जाल। इसे पिघलाने को ये बंध तोड़ने पड़ते हैं, इसलिए गलनांक बहुत ऊँचा (लगभग 1700 °C) और यह कठोर है।
सिलिका पानी और ज़्यादातर अम्लों से क्रिया नहीं करता। गर्म सांद्र क्षार में घुलकर सिलिकेट बनाता है।
सिलिकेट, काँच, सीमेंट और सिरेमिक
सिलिकेट में सिलिकॉन और ऑक्सीजन धातुओं के साथ होते हैं (जैसे सोडियम सिलिकेट, मिट्टी)। हमारे उपयोग की कई चीज़ें सिलिकेट पर आधारित हैं।
- काँच: रेत + सोडियम कार्बोनेट + चूना पत्थर को ऊँचे ताप पर पिघलाकर तेज़ी से ठंडा करते हैं। इसमें क्रिस्टल की नियमित बनावट नहीं होती। देखिए काँच।
- सीमेंट: चूना पत्थर और मिट्टी को गर्म करके पीसते हैं। पानी के साथ जमकर कठोर होता है। देखिए सीमेंट।
- सिरेमिक: मिट्टी को ढालकर भट्ठी में पकाते हैं: ईंट, टाइल, बर्तन। देखिए सिरेमिक।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- समूह 14 के परमाणु: 4 बाहरी इलेक्ट्रॉन
- नीचे जाने पर: आकार बढ़ता है, धात्विक गुण बढ़ता है
- CaCO₃ + 2HCl → CaCl₂ + H₂O + CO₂
- CaCO₃ → CaO + CO₂ (गर्म करने पर)
- 2NaHCO₃ → Na₂CO₃ + H₂O + CO₂ (गर्म करने पर)
- CO₂ की जाँच: चूने का पानी दूधिया
हल किए गए उदाहरण
1. सिलिकॉन में कितने बाहरी इलेक्ट्रॉन हैं? कैसे जाना?
4, क्योंकि सिलिकॉन भी कार्बन की तरह समूह 14 में है।
2. कमरे के ताप पर CO2 गैस पर SiO2 कठोर ठोस क्यों है?
CO2 अलग-अलग छोटे अणुओं की है, जिनके बीच आकर्षण कमज़ोर है। SiO2 मज़बूत Si-O बंधों का विशाल जाल है, इसे पिघलाने को बहुत ऊष्मा चाहिए।
3. एक सफ़ेद चूर्ण तनु अम्ल से झाग देता है और गैस चूने के पानी को दूधिया करती है। यह क्या है?
कार्बोनेट या हाइड्रोजन कार्बोनेट, क्योंकि गैस CO2 है।
4. चूना पत्थर को गर्म करने का समीकरण लिखिए।
CaCO3 → CaO + CO2। CaO बिना बुझा चूना है।
आम गलतियाँ
- कार्बन को धातु कहना। कार्बन अधातु है; धात्विक गुण समूह में नीचे बढ़ता है।
- SiO2 को CO2 जैसे छोटे अणुओं का मानना। यह विशाल जाल है।
- बिना जाँच झाग को CO2 कह देना। चूने के पानी के दूधिया होने से पक्का कीजिए।
- कार्बोनेट (CO3 2-) और हाइड्रोजन कार्बोनेट (HCO3 -) को मिला देना।