Poland Szkoła podstawowa, klasa VIII Mathematics
अध्याय: 8
1. Properties of plane figures
Angles and lines · Triangles · Pythagoras and simple proofs
- रेखाएँ और कोण: रैखिक युग्म, शीर्षाभिमुख कोण और समांतर रेखाएँ – एक ही बिंदु से निकली दो किरणों के बीच का घुमाव कोण है। सीधी रेखा पर बने दो आसन्न कोणों का योग 180° होता है (रैखिक युग्म)। दो रेखाएँ काटें तो आमने-सामने के कोण बराबर होते हैं। तिर्यक रेखा दो समांतर रेखाओं को काटे तो संगत कोण बराबर, एकांतर अंतः कोण बराबर, और एक ही ओर के अंतः कोणों का योग 180° होता है। उल्टी बात भी सच है, और ऐसी बातें हम विरोधाभास से सिद्ध कर सकते हैं: उल्टा मान लो और दिखाओ कि इससे कुछ असंभव निकलता है।
- त्रिभुजों की सर्वांगसमता – दो त्रिभुज सर्वांगसम (congruent) होते हैं जब एक को दूसरे पर रखने से वह पूरा ढक जाए: तीनों भुजाएँ और तीनों कोण बराबर। छहों भाग जाँचने की ज़रूरत नहीं। SAS, SSS, ASA, AAS या RHS में से कोई एक नियम काफ़ी है। SSA काफ़ी नहीं है। समद्विबाहु त्रिभुज में बराबर भुजाओं के सामने के कोण बराबर होते हैं, और इसका उल्टा भी सच है।
- पाइथागोरस प्रमेय – किसी भी समकोण त्रिभुज में सबसे लंबी भुजा (कर्ण) का वर्ग बाकी दो भुजाओं के वर्गों के योग के बराबर होता है: a² + b² = c²।
2. Polygons
Polygons and area
- क्षेत्रफल और परिमाप: हीरोन का सूत्र, वृत्त और त्रिज्यखंड – परिमाप यानी किनारे की कुल लंबाई। क्षेत्रफल यानी अंदर की जगह। जब त्रिभुज की तीनों भुजाएँ पता हों, तो हीरोन का सूत्र बिना ऊँचाई के क्षेत्रफल दे देता है। जिस चतुर्भुज के चारों कोने एक वृत्त पर हों, उसके लिए ब्रह्मगुप्त का सूत्र है। वृत्त का किनारा व्यास का π गुना होता है, और त्रिज्यखंड पूरे वृत्त का एक भाग होता है।
3. Number line and coordinate plane
Number line · Coordinate plane
- असमिकाएँ: नियम, अंतराल और हल करने का तरीका – असमिका बताती है कि एक मात्रा दूसरी से बड़ी है या छोटी, इसके लिए <, >, ≤ या ≥ लगाते हैं। संख्या रेखा पर छोटी संख्या बाईं ओर होती है। दोनों पक्षों में एक ही संख्या जोड़ो-घटाओ, या एक ही धनात्मक संख्या से गुणा-भाग करो, तो चिह्न नहीं बदलता। ऋणात्मक संख्या से गुणा या भाग करो तो चिह्न पलट जाता है। उत्तर अक्सर संख्याओं का पूरा समूह होता है, जिसे (−∞, 4] जैसे अंतराल में लिखते हैं। द्विघात असमिका मूलों और ग्राफ़ के आकार से हल होती है। |x| < a का अर्थ है −a < x < a। कुछ असमिकाएँ हर संख्या के लिए सत्य हैं, जैसे x² ≥ 0 और AM–GM असमिका।
- कार्तीय तल: निर्देशांक, दूरी और मध्य-बिंदु – दो संख्या रेखाएँ समकोण पर काटें, तो एक सपाट सतह नक्शा बन जाती है, जिसमें हर बिंदु का एक पता (x, y) होता है। अक्ष मूल बिंदु O(0, 0) पर मिलते हैं और तल को चार चतुर्थांशों में बाँटते हैं। दूरी पाइथागोरस से मिलती है: x का अंतर और y का अंतर, दोनों का वर्ग, जोड़ो, फिर वर्गमूल। मध्य-बिंदु में x का औसत और y का औसत लेते हैं। दो छोटी दूरियों का योग सबसे बड़ी दूरी के बराबर हो तो तीनों बिंदु संरेख हैं; और दो छोटी भुजाओं के वर्गों का योग बड़ी भुजा के वर्ग के बराबर हो तो समकोण बनता है।
4. Solid geometry
Prisms and pyramids
- घनाभ, बेलन, शंकु, पिरामिड और गोले का पृष्ठीय क्षेत्रफल और आयतन – पृष्ठीय क्षेत्रफल किसी ठोस की बाहरी सतह का कुल क्षेत्रफल है — जैसे उसे लपेटने के लिए कितना कागज़ लगेगा। आयतन अंदर की जगह है — जैसे उसमें कितना पानी आएगा। घनाभ का आयतन = उसमें आने वाले 1 सेमी के घनों की गिनती। शंकु में उसी आधार और ऊँचाई वाले बेलन का एक-तिहाई आता है, और पिरामिड में अपने प्रिज़्म का एक-तिहाई।
5. Introduction to combinatorics and probability
Counting and chance
- प्रायिकता का परिचय: पैमाना, प्रयोग, प्रतिदर्श समष्टि और वृक्ष आरेख – प्रायिकता 0 से 1 के बीच की एक संख्या है जो बताती है कि कोई बात होने की कितनी संभावना है। 0 मतलब कभी नहीं होगी, 1 मतलब ज़रूर होगी। इसे हम प्रयोग कई बार करके (आनुभविक प्रायिकता) या सारे संभव परिणाम लिखकर (प्रतिदर्श समष्टि) और चाहे गए परिणाम गिनकर निकाल सकते हैं। जब दो चीज़ें साथ हों, तो वृक्ष आरेख और सारणी परिणाम लिखने में मदद करते हैं।
6. Reading data and descriptive statistics
Data and averages
- सांख्यिकी: प्रश्न पूछना, औसत और स्टैक्ड दंड आलेख – सांख्यिकी एक ऐसे प्रश्न से शुरू होती है जिसके कई जवाब हो सकते हैं। हम आँकड़े इकट्ठा करते हैं, उन्हें व्यवस्थित करते हैं, ग्राफ बनाते हैं और एक संख्या निकालते हैं जो सबका सार बताए। माध्य बराबर का हिस्सा है, माध्यिका बीच का मान है और बहुलक सबसे ज़्यादा आने वाला मान है। भारित माध्य कुछ मानों को ज़्यादा महत्व देता है। स्टैक्ड और 100% स्टैक्ड दंड आलेख दिखाते हैं कि पूरा हिस्सों में कैसे बँटा है।
7. Circumference and area of a circle
Circle measures
- त्रिज्यखंड और वृत्तखंड का क्षेत्रफल – त्रिज्यखंड वृत्त का पिज़्ज़ा जैसा टुकड़ा है: क्षेत्रफल = θ/360 × πr²। उसका किनारा चाप है: लंबाई = θ/360 × 2πr। वृत्तखंड = त्रिज्यखंड − अंदर का त्रिभुज।
8. Symmetries
Bisectors and symmetry
- सममिति: दर्पण रेखा, केंद्र और समद्विभाजक – जब किसी आकृति का एक भाग दूसरे भाग की बिल्कुल नक़ल हो, तो वह सममित है। रेखा (अक्षीय) सममिति में नक़ल एक रेखा के पार दर्पण प्रतिबिंब होती है। बिंदु (केंद्रीय) सममिति में आकृति को एक केंद्र के चारों ओर आधा चक्कर (180°) घुमाने पर वही आकृति मिलती है। रेखाखंड का लंब समद्विभाजक और कोण का समद्विभाजक भी सममित रेखाएँ हैं, इसलिए उन पर हर बिंदु दो चीज़ों से बराबर दूर होता है।