स्कैटर प्लॉट क्या है?
कभी-कभी हम एक ही व्यक्ति या वस्तु की दो चीज़ें मापते हैं, जैसे लंबाई और वज़न। इन्हें युग्मित आँकड़े (द्विचर आँकड़े) कहते हैं। स्कैटर प्लॉट में एक राशि x-अक्ष पर और दूसरी y-अक्ष पर होती है, और हर जोड़े के लिए एक बिंदु बनता है।
बनाने का तरीका:
- तय करें कौन-सा चर x पर जाएगा (अक्सर वह जो बदलाव ला सकता है) और कौन-सा y पर।
- हर अक्ष के लिए ऐसा पैमाना चुनें जिसमें सभी मान आ जाएँ। अक्षों पर नाम और इकाई लिखें।
- हर जोड़ा (x, y) एक बिंदु की तरह अंकित करें। बिंदुओं को जोड़ें नहीं।
धनात्मक, ऋणात्मक और कोई संबंध नहीं
धनात्मक संबंध: x बढ़ने पर y भी बढ़ने लगता है। बिंदु बाएँ से दाएँ चढ़ते हैं। उदाहरण: लंबाई और बाँहों का फैलाव।
ऋणात्मक संबंध: x बढ़ने पर y घटने लगता है। बिंदु बाएँ से दाएँ उतरते हैं। उदाहरण: कार की उम्र और उसकी दोबारा बिक्री की कीमत।
कोई संबंध नहीं: कोई साफ़ चढ़ाई या ढलान नहीं। उदाहरण: जूते का नाप और गणित के अंक।
मज़बूती: बिंदु किसी रेखा के पास हों तो संबंध मज़बूत; दूर-दूर बिखरे हों तो कमज़ोर।
रैखिक या अरैखिक: बिंदु सीधी रेखा पर चलें तो रैखिक। वक्र पर चलें (जैसे पहले बढ़ें फिर घटें) तो अरैखिक।
क्लस्टर और आउटलायर
क्लस्टर पास-पास बैठे बिंदुओं का झुंड है, जिसके चारों ओर खाली जगह हो। क्लस्टर एक ही प्लॉट में दो अलग तरह के आँकड़े दिखा सकते हैं, जैसे बच्चे और बड़े।
आउटलायर वह बिंदु है जो सामान्य पैटर्न से बहुत दूर हो। यह आँकड़ों की गलती हो सकती है, या सचमुच कुछ ख़ास हुआ हो। निष्कर्ष निकालने से पहले आउटलायर की जाँच ज़रूर करें।
संबंध का मतलब कारण नहीं
दो चीज़ें साथ बदलें तो यह साबित नहीं होता कि एक दूसरी का कारण है। गर्मियों में आइसक्रीम की बिक्री और डूबने की घटनाएँ दोनों बढ़ती हैं, पर आइसक्रीम डूबने का कारण नहीं है: दोनों के पीछे गर्मी है। "कारण है" की जगह "से जुड़ा है" कहें, जब तक कोई प्रयोग कारण साबित न करे।
करके देखें
परिवार या दोस्तों में 8 लोगों की लंबाई और हथेली का फैलाव नापिए। तालिका बनाइए, फिर ग्राफ़ पेपर पर स्कैटर प्लॉट बनाइए। क्या संबंध धनात्मक है? कोई आउटलायर है? 3D में हर डेटा चुनिए और फैलाव 0 से 3 तक खिसकाइए, मज़बूत संबंध को कमज़ोर होते देखिए।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- बिंदु = (x, y): हर जोड़े के लिए एक बिंदु
- धनात्मक: x बढ़े तो y बढ़ने लगे
- ऋणात्मक: x बढ़े तो y घटने लगे
- क्लस्टर: बिंदुओं का झुंड; आउटलायर: पैटर्न से दूर बिंदु
हल किए गए उदाहरण
1. तालिका (अभ्यास के घंटे, गोल): (1, 2), (2, 3), (3, 5), (4, 6), (5, 8)। संबंध बताइए।
पाँचों बिंदु अंकित करें। अभ्यास के घंटे बढ़ने पर गोल बढ़ते हैं और बिंदु सीधी रेखा के पास हैं। इसलिए मज़बूत धनात्मक रैखिक संबंध है।
2. कार की उम्र (वर्ष) और कीमत (हज़ार में): (1, 700), (3, 560), (5, 410), (7, 300), (9, 190)। संबंध बताइए।
उम्र बढ़ने पर कीमत घटती है। बिंदु दाईं ओर लगभग बराबर उतरते हैं, इसलिए ऋणात्मक रैखिक संबंध है।
3. पढ़ाई के घंटे बनाम अंक: (2, 50), (3, 58), (4, 63), (5, 71), (6, 15), (7, 84)। आउटलायर कौन है और उसका क्या कारण हो सकता है?
बाकी सब बिंदु लगातार बढ़ते हैं, पर (6, 15) पैटर्न से बहुत नीचे है। यह आउटलायर है। शायद छात्र बीमार था, या अंक गलत लिखे गए।
आम गलतियाँ
- रेखा ग्राफ़ की तरह बिंदुओं को जोड़ देना। स्कैटर प्लॉट में बिंदु अलग रहते हैं।
- केवल संबंध दिखने पर कह देना "x, y का कारण है"।
- किसी अक्ष पर असमान पैमाना लेना, जिससे पैटर्न टेढ़ा दिखता है।
- वक्र (अरैखिक) पैटर्न को "कोई संबंध नहीं" कह देना।