दोहरा प्रशासन
ल्याओ (लगभग 916 से 1125) खितान घुड़सवार पशुपालक थे। संस्थापक अबाओजी के क्षेत्र में बहुत किसान भी थे। एक ही नियम दोनों के लिए ठीक नहीं थे, इसलिए उन्होंने दोहरा प्रशासन अपनाया:
- उत्तरी प्रशासन: खितान और अन्य पशुपालकों के लिए, क़बीले के मुखिया और खितान रीति के साथ।
- दक्षिणी प्रशासन: हान किसानों के लिए, तांग ढंग के दफ़्तर, कर और क़ानून के साथ।
सम्राट दोनों के ऊपर था। दूसरे शासकों ने भी तरीक़े मिलाए। श्या (तांगुत, 1038 से 1227) ने अपनी लिपि बनाई और क़बीलाई सेना रखी, पर बौद्ध धर्म और दरबारी पद उधार लिए। जिन (जुरचेन, 1115 से 1234) ने लोगों को युद्ध-और-खेती की इकाइयों में बाँटा और बाद में उत्तर पर शासन के लिए चीनी ढंग के मंत्रालय और परीक्षा अपनाई।
युआन प्रांत
कुबलाई ख़ान, चंगेज़ ख़ान के पोते, ने 1271 में राज्य का नाम युआन रखा, दादू (बीजिंग) को राजधानी बनाया और 1279 में दक्षिणी सोंग को ख़त्म किया। उन्होंने 1294 तक राज किया और युआन 1368 तक चला।
- केंद्र: राजधानी में एक केंद्रीय सचिवालय आसपास का क्षेत्र सीधे चलाता था।
- प्रांत: बाक़ी के लिए अधिकारियों और सेना वाले लगभग दस शाखा कार्यालय (शिंग शेंग)। वे केंद्र के आदेश लागू करते थे। "प्रांत" का विचार यहीं से आया और चीन आज भी इसे चलाता है।
- सड़कें: घोड़े और सवारों वाले बारी-बारी के डाक पड़ाव पूरे साम्राज्य में ख़बर और अधिकारियों को जल्दी पहुँचाते थे।
- लोग: युआन ने लोगों को चार वर्गों में रखा: मंगोल, मध्य एशिया के "विभिन्न लोग", उत्तरी चीनी (हान) और दक्षिणी चीनी। ऊँचे वर्गों को ज़्यादा सुविधाएँ मिलीं। परीक्षा कई साल बंद रही और 1315 में फिर शुरू हुई।
करके देखिए: शासक बनिए
1. चरण 2 में ल्याओ, श्या और जिन दबाकर बताइए कि कौन सा हिस्सा उधार था।
2. चरण 6 में 0 से 10 शाखा कार्यालय तक खिसकाइए। कितने कार्यालयों पर औसत दूरी आधी होती है? पहले अनुमान, फिर जाँच।
3. घर पर: दो पालियों वाला अपना स्कूल बनाइए और लिखिए कि कौन से नियम समान हैं और कौन से अलग।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- मुख्य शब्द: दोहरा प्रशासन = एक शासक के नीचे दो नियम-समूह
- ल्याओ = खितान (916 से 1125); श्या = तांगुत (1038 से 1227)
- जिन = जुरचेन (1115 से 1234); युआन = मंगोल (1271 से 1368)
- युआन: केंद्रीय सचिवालय + लगभग 10 प्रांत (शिंग शेंग)
- कुबलाई: युआन 1271, दक्षिणी सोंग का अंत 1279
हल किए गए उदाहरण
1. ल्याओ को दो प्रशासन क्यों चाहिए थे?
चरण 1: उनके लोग पशुपालक और किसान दोनों थे। चरण 2: पशुपालक क़बीले के मुखिया को मानते और पशुओं के साथ घूमते हैं; किसान टिके रहते, कर देते और लिखित क़ानून चाहते हैं। चरण 3: इसलिए हर हिस्से को उसके जीवन के अनुरूप नियम मिले।
2. 10 शाखा कार्यालय हैं और एक नगर केंद्र से 4 इकाई दूर है। यदि निकटतम कार्यालय 1.5 इकाई दूर है तो कितनी इकाई बचीं?
चरण 1: केंद्र तक दूरी = 4। चरण 2: कार्यालय तक दूरी = 1.5। चरण 3: 4 - 1.5 = 2.5 इकाई की बचत।
3. पहले क्या हुआ: युआन नाम, दक्षिणी सोंग का अंत, मंगोल एकता?
वर्ष: मंगोल एकता 1206, युआन नाम 1271, दक्षिणी सोंग का अंत 1279। इसलिए क्रम है एकता, नाम, अंत।
आम गलतियाँ
- यह सोचना कि चारों राज्य मंगोल थे। ल्याओ खितान, श्या तांगुत, जिन जुरचेन थे; केवल युआन मंगोल थे।
- यह कहना कि दोहरे प्रशासन में दो सम्राट थे। एक सम्राट और दो अधिकारी-समूह तथा नियम थे।
- सोचना कि प्रांत मिंग काल में शुरू हुए। युआन ने शाखा कार्यालय बनाए और "प्रांत" शब्द उन्हीं से आया।
- भूल जाना कि शासित लोग केवल हान नहीं थे। इन राज्यों में कई समुदाय रहते थे।