आर्थिक केंद्र दक्षिण की ओर
सोंग से पहले सबसे व्यस्त क्षेत्र उत्तर में, पीली नदी के पास थे। यह बदल गया।
- बेहतर खेती: लगभग 1012 से जल्दी पकने वाला धान (चंपा धान) फैला। गरम दक्षिण में कुछ किसान साल में दो फ़सलें लेते थे। गीले खेत, नहरें और नए औज़ार ज़्यादा अनाज देते थे।
- लोगों का प्रवास: ज़्यादा अनाज यानी ज़्यादा लोग। 1127 में जिन के उत्तर लेने के बाद दरबार और कई उत्तरी परिवार दक्षिण आए। अब दक्षिण में ज़्यादातर लोग थे।
- शिल्प और व्यापार: रेशम, चीनी मिट्टी के बर्तन, चाय और किताबें बनतीं और बिकतीं। छ्वानझोउ और क्वांगचोउ जैसे बंदरगाह समुद्र से कई देशों को माल भेजते थे। खाइफ़ंग और हांगचो जैसे शहर दुनिया के सबसे बड़े शहरों में थे, जहाँ रात के बाज़ार और दुकानें थीं।
- मुद्रा: भारी ताँबे के सिक्के ढोना कठिन था, इसलिए सिचुआन के व्यापारियों ने काग़ज़ी नोट (च्याओज़ी) चलाए; 1023 से सरकार ने उन्हें जारी किया।
समाज: परीक्षा से चुने विद्वान-अधिकारी सबसे ऊपर, फिर किसान, कारीगर और व्यापारी। व्यापारी अमीर और प्रभावशाली होते गए।
नव-कन्फ़्यूशियस मत
बौद्ध और दाओ धर्म ने दुनिया और मन के बारे में गहरे प्रश्न उठाए थे। सोंग के कन्फ़्यूशियस विद्वानों ने नए, गहरे कन्फ़्यूशियस मत से जवाब दिया, जिसे नव-कन्फ़्यूशियस मत कहते हैं।
- विचारक: चोउ तुनयी, चेंग बंधु और सबसे ऊपर चू शी (1130 से 1200)।
- बड़ा विचार: हर चीज़ में एक सिद्धांत (ली) है जो उसे वह बनाता है जो वह है। चीज़ों का अध्ययन करके और अपने मन को सुधारकर हम सिद्धांत को समझ सकते हैं।
- चार पुस्तकें: चू शी ने लुनयू, मेंशियस, महान शिक्षा और मध्य मार्ग चुनीं। युआन काल में 1313 से परीक्षा इन्हीं पर आधारित रही, इसलिए इन्होंने सदियों तक शिक्षा को आकार दिया (कोरिया और जापान में भी)।
सोंग की ची कविता और विज्ञान
ची कविता: ची एक तय धुन-ढाँचे पर लिखी कविता है; हर धुन का नाम पंक्तियों की लंबाई तय करता है। यह गीतों के शब्दों से शुरू हुई। सू शी (सू तोंगपो) ने खुले हृदय की ची लिखी; महिला कवि ली छिंगचाओ ने प्रेम, हानि और अपने समय पर लिखा; शिन छीची ने खोए हुए उत्तर के लिए लड़ने की बात लिखी।
विज्ञान और औज़ार:
- चल टाइप: बी शेंग (लगभग 1040 के दशक) ने मिट्टी के अक्षर बनाए जो दोबारा उपयोग हो सकते थे।
- दिशासूचक: चुंबकीय सुई जहाज़ों पर काम आई; शेन क्वो ने नोट किया कि वह ठीक सच्चे उत्तर की ओर नहीं रहती।
- बारूद के हथियार: आग के तीर और बम।
- घड़ी-मीनार: सू सोंग की पानी से चलने वाली मीनार (1088)।
ये सब किताबों, स्कूलों और व्यापार के समृद्ध जीवन के साथ आए।
करके देखिए: काग़ज़ी मुद्रा और टाइप
1. चरण 3 में दाम 20 लड़ियों पर खिसकाइए। कितने किलो सिक्के हुए? क्या आप ढोना चाहेंगे?
2. घर पर: आलू या रबर के 6 छोटे ठप्पों पर अपने नाम के अक्षर काटिए। स्याही लगाकर एक पंक्ति में जमाइए और छापिए। फिर उन्हें अलग कर किसी दोस्त का नाम छापिए। यही चल टाइप है।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- मुख्य शब्द: चंपा धान = जल्दी पकने वाला धान; च्याओज़ी = काग़ज़ी नोट
- आर्थिक केंद्र दक्षिण: 1127 के बाद दक्षिण में ज़्यादातर लोग और व्यापार
- नव-कन्फ़्यूशियस मत: चू शी; सिद्धांत (ली); चार पुस्तकें
- ची = धुन-ढाँचे पर कविता; सू शी, ली छिंगचाओ, शिन छीची
- चल टाइप (बी शेंग, 1040 के दशक); सू सोंग की घड़ी-मीनार, 1088
हल किए गए उदाहरण
1. एक किसान साल में 3-3 टन की 2 फ़सलें पाता है। पुराने तरीक़े वाला किसान 3 टन की 1 फ़सल पाता है। पहले को कितना ज़्यादा अनाज मिलता है?
चरण 1: पहला किसान = 2 x 3 = 6 टन। चरण 2: दूसरा = 3 टन। चरण 3: 6 - 3 = 3 टन ज़्यादा, यानी दुगुना।
2. एक व्यापारी को 15 लड़ियाँ चुकानी हैं। सिक्कों का वज़न लगभग कितना होगा (4 किलो प्रति लड़ी)?
चरण 1: प्रति लड़ी वज़न = 4 किलो। चरण 2: 15 x 4 = 60 किलो। चरण 3: यह एक बड़े बोरे जितना है, इसलिए काग़ज़ी नोट बहुत आसान है।
3. धुन-ढाँचे 7, 7, 5, 5, 5, 5, 5, 5 में पूरी कविता में कुल कितने अक्षर हैं?
चरण 1: 7 + 7 = 14। चरण 2: 5 की छह पंक्तियाँ = 30। चरण 3: 14 + 30 = 44 अक्षर।
आम गलतियाँ
- सोचना कि दक्षिण हमेशा ज़्यादा अमीर था। तांग तक केंद्र उत्तर में था।
- यह कहना कि काग़ज़ी मुद्रा लोगों को ठगने के लिए बनी। वह बड़े व्यापार को आसान करने के लिए बनी।
- कन्फ़्यूशियस और नव-कन्फ़्यूशियस को मिलाना। नव-कन्फ़्यूशियस (सोंग) में सिद्धांत (ली) जैसे विचार जुड़े।
- सोचना कि चल टाइप ने चीन में तुरंत ब्लॉक छपाई को हटा दिया। ब्लॉक छपाई बहुत प्रचलित रही।