हवा में ऑक्सीजन और उसके भौतिक गुण
हवा गैसों का मिश्रण है। आयतन के हिसाब से: लगभग 78% नाइट्रोजन, 21% ऑक्सीजन, 0.9% आर्गन, लगभग 0.04% कार्बन डाइऑक्साइड, और जलवाष्प।
ऑक्सीजन तत्व क्रमांक 8 है। दो ऑक्सीजन परमाणु जुड़कर एक अणु O₂ बनाते हैं (मोलर द्रव्यमान 32 g/mol)।
- रंगहीन, गंधहीन, स्वादहीन।
- हवा से थोड़ी भारी।
- पानी में बहुत थोड़ी घुलती है (20 °C पर लगभग 9 mg प्रति लीटर), पर मछलियों के लिए इतनी काफ़ी है।
- −183 °C पर हल्के नीले द्रव में बदल जाती है।
ऑक्सीजन कैसे बनाई जाती है
प्रयोगशाला में
- हाइड्रोजन पेरॉक्साइड से (बिना गरम किए): 2H₂O₂ → 2H₂O + O₂। मैंगनीज़ डाइऑक्साइड (MnO₂) उत्प्रेरक है: अभिक्रिया तेज़ करता है और अंत में वैसा ही बचा रहता है।
- पोटैशियम परमैंगनेट गरम करके: 2KMnO₄ → K₂MnO₄ + MnO₂ + O₂।
- पोटैशियम क्लोरेट को MnO₂ के साथ गरम करके: 2KClO₃ → 2KCl + 3O₂।
गैस पानी के अधोमुखी विस्थापन से इकट्ठी की जाती है (उल्टे जार से पानी बाहर धकेलती है), क्योंकि यह कम घुलती है। हवा से थोड़ी भारी होने के कारण हवा के ऊर्ध्वमुखी विस्थापन से भी इकट्ठी हो सकती है।
उद्योग में
हवा को ठंडा करके द्रव बनाया जाता है, फिर धीरे-धीरे गरम किया जाता है। नाइट्रोजन पहले (−196 °C) उबलकर निकलती है, ऑक्सीजन बाद में (−183 °C)। इसे द्रव वायु का प्रभाजी आसवन कहते हैं। पानी के विद्युत अपघटन से भी ऑक्सीजन बनती है।
रासायनिक गुण: दहन, ऑक्साइड और परीक्षण
ऑक्सीजन का परीक्षण: सुलगती तीली फिर जल उठती है। ऑक्सीजन ज्वलनशील नहीं है, पर दहन में सहायक है।
ज़्यादातर तत्व ऑक्सीजन से ऑक्साइड बनाते हैं। ऑक्सीजन जुड़ना ऑक्सीकरण कहलाता है।
- धातुएँ → धातु ऑक्साइड, जो क्षारीय हैं: 2Mg + O₂ → 2MgO (सफ़ेद, तेज़ रोशनी)। MgO पानी में लाल लिटमस को नीला करता है।
- अधातुएँ → अधातु ऑक्साइड, ज़्यादातर अम्लीय: S + O₂ → SO₂ (नीली लौ); C + O₂ → CO₂। ये नीले लिटमस को लाल करते हैं।
- कुछ ऑक्साइड उदासीन हैं (CO, H₂O) और कुछ उभयधर्मी (Al₂O₃, ZnO अम्ल और क्षार दोनों से अभिक्रिया करते हैं)।
ईंधन का दहन: CH₄ + 2O₂ → CO₂ + 2H₂O + ऊष्मा। कोशिकाओं में श्वसन: ग्लूकोज़ + ऑक्सीजन → कार्बन डाइऑक्साइड + पानी + ऊर्जा। जंग लगना ऑक्सीजन और पानी से लोहे का धीमा ऑक्सीकरण है।
ओज़ोन, ओज़ोन परत और ऑक्सीजन चक्र
ओज़ोन (O₃) ऑक्सीजन का दूसरा रूप (अपररूप) है, जिसके हर अणु में तीन परमाणु हैं। यह तीखी गंध वाली हल्की नीली गैस और प्रबल ऑक्सीकारक है। UV प्रकाश या बिजली की चिंगारी ऑक्सीजन को ओज़ोन में बदलती है: 3O₂ → 2O₃।
लगभग 15–35 km ऊँचाई पर ओज़ोन परत ज़्यादातर हानिकारक UV किरणें सोख लेती है। पुराने फ्रिज और स्प्रे की CFC गैसों ने ओज़ोन तोड़ी; 1987 के मॉन्ट्रियल प्रोटोकॉल ने इन पर रोक लगाई, और परत धीरे-धीरे ठीक हो रही है। ज़मीन के पास ओज़ोन धुंध (स्मॉग) में हानिकारक प्रदूषक है।
ऑक्सीजन चक्र: पौधे प्रकाश-संश्लेषण में ऑक्सीजन छोड़ते हैं; जीव, दहन और सड़न इसे इस्तेमाल करते हैं। इससे हवा में इसकी मात्रा लगभग स्थिर रहती है।
ऑक्सीजन के उपयोग
- अस्पताल, ऊँचे पहाड़, विमान और अंतरिक्ष में साँस के लिए।
- धातु काटने और जोड़ने के लिए ऑक्सी-ऐसीटिलीन लौ (3000 °C से ज़्यादा)।
- इस्पात बनाना: पिघले लोहे में ऑक्सीजन फूँककर कार्बन जलाया जाता है।
- रॉकेट ईंधन: द्रव ऑक्सीजन द्रव हाइड्रोजन को जलाती है।
- जल शोधन और मछली पालन।
करके देखें: गिलास के नीचे मोमबत्ती
किसी बड़े के साथ: थाली में थोड़ा पानी लेकर छोटी मोमबत्ती खड़ी करें। जलाकर उस पर गिलास उल्टा रख दें। अनुमान लगाएँ: लौ का क्या होगा? कुछ सेकंड में ऑक्सीजन ख़त्म होने पर वह बुझ जाती है। फिर 3D का आख़िरी चरण खोलकर ऑक्सीजन 15% से नीचे करें और वही देखें।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- 2H₂O₂ → 2H₂O + O₂ (MnO₂ उत्प्रेरक)
- 2KMnO₄ → K₂MnO₄ + MnO₂ + O₂ (गरम करके)
- 2KClO₃ → 2KCl + 3O₂ (गरम, MnO₂)
- 2Mg + O₂ → 2MgO (क्षारीय ऑक्साइड)
- S + O₂ → SO₂ (अम्लीय ऑक्साइड)
- CH₄ + 2O₂ → CO₂ + 2H₂O
- 3O₂ → 2O₃ (UV प्रकाश)
हल किए गए उदाहरण
1. एक कमरे में 50 m³ हवा है। उसमें लगभग कितनी ऑक्सीजन है?
हवा में लगभग 21% ऑक्सीजन है। 21/100 × 50 = 10.5 m³ ऑक्सीजन।
2. 4 mol H₂O₂ के अपघटन से कितने मोल O₂ बनेगी? इसका द्रव्यमान?
2H₂O₂ → 2H₂O + O₂, यानी 2 mol H₂O₂ से 1 mol O₂। 4 mol से 2 mol O₂। द्रव्यमान = 2 × 32 = 64 g।
3. जली धातु की पट्टी की सफ़ेद राख को पानी में हिलाकर लिटमस से जाँचा गया। रंग बताइए और कारण समझाइए।
राख MgO है, जो धातु ऑक्साइड है। पानी में यह Mg(OH)₂ (क्षार) बनाती है, इसलिए लाल लिटमस नीला हो जाता है।
आम गलतियाँ
- कहना कि ऑक्सीजन जलती है। यह ख़ुद नहीं जलती; दूसरों को जलने में मदद करती है।
- MnO₂ को अभिकारक समझना। यह उत्प्रेरक है और ख़र्च नहीं होता।
- परीक्षण मिलाना: सुलगती तीली जल उठे तो ऑक्सीजन; जलती तीली "पॉप" के साथ बुझे तो हाइड्रोजन।
- सोचना कि सारे ऑक्साइड अम्लीय हैं। धातु ऑक्साइड क्षारीय होते हैं; कुछ उदासीन या उभयधर्मी।