Poland Liceum ogólnokształcące, klasa I History
अध्याय: 17
1. History as a discipline
History as a discipline
- ऐतिहासिक चिंतन: इतिहासकार कैसे काम करते हैं – इतिहास साक्ष्य के सहारे अतीत का अध्ययन है। घटनाओं को समय-रेखा पर क्रम से रखिए और उनके संदर्भ में पढ़िए। प्राथमिक स्रोत (उसी समय बने) और द्वितीयक स्रोत (बाद में बने) दोनों का उपयोग कीजिए। हर स्रोत को परखिए: किसने, कब, क्यों बनाया और क्या छूट गया। घटनाओं के कई कारण होते हैं: धीमे दीर्घकालिक कारण और एक तात्कालिक कारण। परिवर्तन और निरंतरता दोनों देखिए, महत्व तय कीजिए और साक्ष्य के साथ तर्क दीजिए।
2. Prehistory and the ancient East
Prehistory and the ancient East
- प्रारंभिक मानव और सभ्यता की शुरुआत – आज के इंसान (होमो सेपियन्स) लगभग 3 लाख साल पहले अफ़्रीका में आए और धीरे-धीरे पूरी दुनिया में फैले। इतिहासकार बीते समय को औज़ारों के हिसाब से युगों में बाँटते हैं: पुरापाषाण, मध्यपाषाण, नवपाषाण, फिर ताँबा, कांसा और लोहा। खेती सीखने पर लोग गाँवों में बस गए, अनाज जमा करने लगे और बर्तन बनाने लगे। कुछ गाँव बढ़कर योजनाबद्ध नगर बने, जैसे सिंधु और घग्गर नदियों के किनारे हड़प्पा के नगर। लगभग उसी समय मेसोपोटामिया, मिस्र और चीन में भी नदी-घाटी सभ्यताएँ बनीं।
3. The world of the ancient Greeks
The world of the ancient Greeks
- प्राचीन यूनान: नगर-राज्य, लोकतंत्र और स्थायी विरासत – प्राचीन यूनान ईजियन सागर के आसपास पनपा, पहाड़ों, छोटी घाटियों और ढेरों द्वीपों वाली ज़मीन पर। पहाड़ों ने बस्तियों को अलग रखा, तो यूनानी सैकड़ों स्वतंत्र नगर-राज्यों (पोलिस) में रहते थे, हर एक के अपने क़ानून, सेना और देवता; सागर व्यापार से उन्हें जोड़ता था। सबसे मशहूर थे एथेंस, एक व्यापारी नगर जिसने लगभग 508 ई.पू. में पहला लोकतंत्र बनाया, और स्पार्टा, एक सैनिक राज्य। यूनानियों ने मिलकर 490 और 480 ई.पू. में फ़ारसी हमले हराए, फिर पेलोपोनेसियन युद्ध में आपस में लड़े। बाद में मकदूनिया का सिकंदर सेना लेकर मिस्र और सिंधु तक गया, और हेलेनिस्टिक युग में यूनानी संस्कृति फैली। राजनीति, दर्शन, इतिहास-लेखन, विज्ञान, गणित, नाटक, खेल और वास्तुकला में यूनानी विचार आज भी दुनिया को आकार देते हैं।
4. Society, politics and culture of ancient Rome
Society, politics and culture of ancient Rome
जल्द आ रहा है
5. Byzantium and the world of Islam
Byzantium and the world of Islam
जल्द आ रहा है
6. Early medieval Europe
Early medieval Europe
- मध्यकालीन यूरोप: रोम से पुनर्जागरण तक के हज़ार साल – यूरोप का मध्यकाल लगभग 1000 साल चला, पश्चिमी रोमन साम्राज्य के अंत (476 ई.) से लगभग 1500 ई. तक. आरंभिक काल में बाहर से आए लोगों ने पश्चिम में नए राज्य बनाए, शार्लमेन के समय फ़्रैंक शक्तिशाली हुए, और पूरब में बाइज़ेंटाइन साम्राज्य ने रोमन शासन जारी रखा. समाज सामंतवाद से चलता था: ज़मीन के बदले वफ़ादारी और सेवा. चर्च ने मठ, गिरजाघर और धर्मयुद्धों के ज़रिए रोज़ की ज़िंदगी को आकार दिया. लगभग 1000 ई. के बाद व्यापार लौटा, क़स्बे, गिल्ड और विश्वविद्यालय बढ़े और राजा मज़बूत हुए. 1300 के दशक में काली मौत और लंबे युद्धों के संकट ने मध्यकाल को ख़त्म करने में मदद की.
7. Europe in the age of the Crusades
Europe in the age of the Crusades
- धर्मयुद्ध: यूरोप और पश्चिम एशिया के बीच पवित्र युद्ध – धर्मयुद्ध (क्रूसेड) धार्मिक युद्धों की एक शृंखला थे, ज़्यादातर 1095 से 1291 के बीच, जिनमें लैटिन (कैथोलिक) यूरोप की सेनाओं ने यरूशलम और आसपास की ज़मीन जीतने और बचाए रखने की कोशिश की. 1071 में मंज़िकर्ट में सल्जूक तुर्कों ने बाइज़ेंटाइन सेना हराई, सम्राट ने मदद माँगी, और 1095 में पोप अर्बन द्वितीय ने सशस्त्र तीर्थयात्रा का आह्वान किया. पहले धर्मयुद्ध ने 1099 में यरूशलम लिया और चार क्रूसेडर राज्य (आउटरेमर) बनाए. मुस्लिम शासक धीरे-धीरे एक हुए: ज़ंगी ने 1144 में एडेसा लिया, दूसरा धर्मयुद्ध विफल रहा, और सलादीन ने 1187 में हत्तीन जीतकर यरूशलम वापस लिया. तीसरे धर्मयुद्ध (1189–92) ने तटीय नगर लिए पर यरूशलम नहीं, और चौथा (1202–04) ईसाई नगर कॉन्स्टेंटिनोपल पर ही टूट पड़ा. अंतिम क्रूसेडर नगर अक्का 1291 में गया. इनसे भारी नुकसान हुआ, पर व्यापार और विचारों का लेन-देन भी बढ़ा.
8. Economic and social life in medieval Europe
Economic and social life in medieval Europe
- तीन वर्ग: यूरोप का सामंती समाज – लगभग 9वीं से 16वीं सदी तक पश्चिमी यूरोप में सामंती समाज था। लोगों को तीन वर्गों में देखा जाता था: प्रार्थना करने वाले पादरी, लड़ने वाले अभिजात और काम करने वाले किसान। लॉर्ड राजा से ज़मीन लेते थे और अपनी जागीर (मेनर) चलाते थे, जहाँ कृषिदास काम करते थे। नए औज़ारों और व्यापार से शहर बढ़े, पर 14वीं सदी में ठंडे मौसम, अकाल और ब्लैक डेथ से संकट आया। इसके बाद फ़्रांस, इंग्लैंड, स्पेन के राजाओं ने स्थायी सेना और कर-व्यवस्था बनाई; यहीं से राष्ट्र-राज्यों की शुरुआत हुई।
9. Poland under the early Piasts
Poland under the early Piasts
- मध्यकालीन राज्य: कैसे बने, बँटे और फिर जुड़े – लगभग 900 से 1600 ई. के बीच यूरोप के कई राज्य एक जैसे ढंग से बने। एक शासक वंश ने कबीलों को जोड़ा, ईसाई धर्म अपनाया और शाही मुकुट पाया। ज़मीन वारिसों में बाँटने से अक्सर विखंडन हुआ; बाद में ताक़तवर राजा ने ज़मीन फिर जोड़ी और किले, नगर व कानून बनाए। राज्य शादी से भी जुड़े (व्यक्तिगत और वास्तविक संघ), और संसद के ज़रिए सामंतों की ताक़त बढ़ी।
10. Poland in the period of fragmentation
Poland in the period of fragmentation
- मध्यकालीन राज्य: कैसे बने, बँटे और फिर जुड़े – लगभग 900 से 1600 ई. के बीच यूरोप के कई राज्य एक जैसे ढंग से बने। एक शासक वंश ने कबीलों को जोड़ा, ईसाई धर्म अपनाया और शाही मुकुट पाया। ज़मीन वारिसों में बाँटने से अक्सर विखंडन हुआ; बाद में ताक़तवर राजा ने ज़मीन फिर जोड़ी और किले, नगर व कानून बनाए। राज्य शादी से भी जुड़े (व्यक्तिगत और वास्तविक संघ), और संसद के ज़रिए सामंतों की ताक़त बढ़ी।
11. Late medieval Europe
Late medieval Europe
- मध्यकालीन यूरोप: रोम से पुनर्जागरण तक के हज़ार साल – यूरोप का मध्यकाल लगभग 1000 साल चला, पश्चिमी रोमन साम्राज्य के अंत (476 ई.) से लगभग 1500 ई. तक. आरंभिक काल में बाहर से आए लोगों ने पश्चिम में नए राज्य बनाए, शार्लमेन के समय फ़्रैंक शक्तिशाली हुए, और पूरब में बाइज़ेंटाइन साम्राज्य ने रोमन शासन जारी रखा. समाज सामंतवाद से चलता था: ज़मीन के बदले वफ़ादारी और सेवा. चर्च ने मठ, गिरजाघर और धर्मयुद्धों के ज़रिए रोज़ की ज़िंदगी को आकार दिया. लगभग 1000 ई. के बाद व्यापार लौटा, क़स्बे, गिल्ड और विश्वविद्यालय बढ़े और राजा मज़बूत हुए. 1300 के दशक में काली मौत और लंबे युद्धों के संकट ने मध्यकाल को ख़त्म करने में मदद की.
12. Poland in the 14th and 15th centuries
Poland in the 14th and 15th centuries
- मध्यकालीन राज्य: कैसे बने, बँटे और फिर जुड़े – लगभग 900 से 1600 ई. के बीच यूरोप के कई राज्य एक जैसे ढंग से बने। एक शासक वंश ने कबीलों को जोड़ा, ईसाई धर्म अपनाया और शाही मुकुट पाया। ज़मीन वारिसों में बाँटने से अक्सर विखंडन हुआ; बाद में ताक़तवर राजा ने ज़मीन फिर जोड़ी और किले, नगर व कानून बनाए। राज्य शादी से भी जुड़े (व्यक्तिगत और वास्तविक संघ), और संसद के ज़रिए सामंतों की ताक़त बढ़ी।
13. Medieval culture
Medieval culture
- मध्यकालीन कला: मोज़ेक से गोथिक गिरजाघरों तक – यूरोप और भूमध्य क्षेत्र की मध्यकालीन कला लगभग 300 से 1400 ई. तक फैली है। प्रारंभिक ईसाई कला ने रोमन बेसिलिका और कैटाकॉम्ब चित्र अपनाए। बाइज़ेंटाइन कला ने गुंबद, सुनहरे मोज़ेक और आइकन जोड़े। रोमनेस्क चर्च (लगभग 1000–1150) में गोल मेहराब, मोटी दीवारें और छोटी खिड़कियाँ हैं, दरवाज़ों पर शिक्षा देने वाली मूर्तियाँ। गोथिक गिरजाघर (लगभग 1140 से) नुकीले मेहराब, पसलीदार छत और उड़ते पुश्तों से ऊँची पतली दीवारें बनाते हैं जिनमें रंगीन काँच भरा है। भिक्षुओं ने सचित्र पांडुलिपियाँ बनाईं। जॉटो जैसे उत्तर गोथिक चित्रकारों ने कला को जीवंत बनाया और पुनर्जागरण का रास्ता खोला। इस युग की कला मुख्यतः आस्था के लिए थी और न पढ़ पाने वालों को कहानियाँ सिखाती थी।
14. Geographical discoveries and early modern colonialism
Geographical discoveries and early modern colonialism
- खोज का युग (लगभग 1400–1600) – लगभग 1400 से 1600 के बीच पुर्तगाल और स्पेन के नाविकों ने, और बाद में दूसरे यूरोपीय देशों ने, दुनिया के महासागरों में नए समुद्री रास्ते खोले। वे बिचौलियों के बिना मसाले और सोना चाहते थे, ईसाई धर्म फैलाना चाहते थे और नाम कमाना चाहते थे। कैरवेल जहाज़, कुतुबनुमा, एस्ट्रोलैब और बेहतर नक्शों ने लंबी यात्राएँ मुमकिन कीं। डियास अफ़्रीका के दक्षिणी सिरे तक पहुँचा (1488), कोलंबस अमेरिका पहुँचा (1492), वास्को द गामा भारत पहुँचा (1498) और मैगलन के बेड़े ने दुनिया का चक्कर लगाया (1519–22)। इससे पहले चीन के झेंग हे के बड़े बेड़े अफ़्रीका तक गए थे (1405–33)। इन यात्राओं ने पहली बार पूरी दुनिया को जोड़ा। यूरोप को व्यापार, नई फ़सलें और धन मिला, पर दूसरों को जीत लिया जाना, जानलेवा बीमारियाँ और अटलांटिक दास व्यापार झेलना पड़ा।
15. The Renaissance
The Renaissance
- बदलती हुई सांस्कृतिक परंपराएँ: पुनर्जागरण, धर्म-सुधार और विज्ञान – 14वीं से 17वीं सदी में इटली के व्यापारी शहरों से यूनानी-रोमन ज्ञान में नई रुचि जगी, जिसे मानवतावाद कहते हैं। कलाकारों ने परिप्रेक्ष्य और शरीर-रचना के अध्ययन से असली जैसे चित्र बनाए; वास्तुकारों ने बड़े गुंबद बनाए। छपाई ने विचार फैलाए। कुछ पढ़ी-लिखी महिलाओं ने लिखा और शासन किया। 1517 में लूथर के विरोध से पश्चिमी चर्च कैथोलिक और प्रोटेस्टेंट में बँटा, और कैथोलिक चर्च ने भी सुधार किए। कोपरनिकस, गैलीलियो और न्यूटन ने ब्रह्मांड की समझ बदली, और नाविकों ने अमेरिका और भारत के समुद्री रास्ते खोजे।
16. The Reformation and its effects
The Reformation and its effects
- धर्मसुधार आंदोलन और कैथोलिक सुधार: कारण और प्रभाव – 1500 के दशक में पश्चिमी यूरोप का एक ईसाई चर्च बँट गया। लोग माफ़ीनामे बेचने और भ्रष्टाचार से नाराज़ थे, छापाख़ाने ने नए विचार तेज़ी से फैलाए और राजा ज़्यादा ताक़त चाहते थे। लूथर (1517), काल्विन और इंग्लैंड के राजा ने प्रोटेस्टेंट चर्च बनाए। कैथोलिक चर्च ने अपना सुधार किया। युद्धों के बाद संधियों ने शांति लाई।
17. Europe in the 16th and 17th centuries
Europe in the 16th and 17th centuries
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