सत्ता के नए केंद्र क्यों?
सत्ता का केंद्र वह देश या देशों का समूह है जो अपनी अर्थव्यवस्था, सेना, व्यापार या विचारों से दुनिया की घटनाओं पर असर डाल सके। शीत युद्ध के बाद डर था कि अमेरिका अकेला राज करेगा। पर क्षेत्रीय संगठन और तेज़ी से बढ़ती अर्थव्यवस्थाएँ सत्ता के वैकल्पिक केंद्र बन गईं। ये दुनिया में संतुलन बनाए रखने में मदद करते हैं।
यूरोपीय संघ
कैसे बना
- 1948: मार्शल योजना (अमेरिकी मदद) और यूरोपीय आर्थिक सहयोग संगठन ने यूरोप को फिर खड़ा किया।
- 1949: यूरोपीय परिषद; 1957: यूरोपीय आर्थिक समुदाय।
- 1992: मास्ट्रिस्ट संधि से यूरोपीय संघ बना।
- 2002: कई सदस्य देशों में यूरो मुद्रा चली।
- 2020 में ब्रिटेन संघ से बाहर हुआ (ब्रेक्ज़िट)।
यूरोपीय संघ मज़बूत क्यों
- आर्थिक: दुनिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में; यूरो मज़बूत मुद्रा; विश्व व्यापार में बड़ा हिस्सा।
- राजनीतिक और कूटनीतिक: फ्रांस सुरक्षा परिषद का स्थायी सदस्य है; संघ व्यापार, जलवायु और मानवाधिकार पर बोलता है।
- सैन्य: सदस्यों की मिली-जुली सेना बड़ी है; फ्रांस के पास परमाणु हथियार हैं।
- प्रतीक: झंडा, गान, स्थापना दिवस, मुद्रा, संसद।
सीमाएँ
सदस्य अपनी विदेश और रक्षा नीति ख़ुद रखते हैं। कुछ लोगों को अपनी राष्ट्रीय पहचान खोने का डर है; कुछ देशों ने यूरो नहीं अपनाया।
आसियान
आसियान (दक्षिण-पूर्व एशियाई राष्ट्रों का संगठन) 1967 में बैंकॉक घोषणा से बना। पाँच संस्थापक सदस्य: इंडोनेशिया, मलेशिया, फ़िलीपींस, सिंगापुर और थाईलैंड। बाद में पाँच और जुड़े (ब्रुनेई, वियतनाम, लाओस, म्यांमार, कंबोडिया)।
आसियान शैली
अनौपचारिक, दोस्ताना और सहयोग भरी बातचीत; हर देश की संप्रभुता का सम्मान; सहमति से फ़ैसले।
आसियान समुदाय (तीन स्तंभ)
- आसियान सुरक्षा समुदाय: विवाद शांति से सुलझाना; सुरक्षा बातचीत के लिए आसियान क्षेत्रीय मंच (1994)।
- आसियान आर्थिक समुदाय: साझा बाज़ार और उत्पादन आधार; आसियान मुक्त व्यापार क्षेत्र।
- आसियान सामाजिक-सांस्कृतिक समुदाय।
भारत ने आसियान के साथ मुक्त व्यापार समझौते किए और एक्ट ईस्ट (पहले लुक ईस्ट) नीति अपनाई।
चीन का उदय
- 1949 की क्रांति के बाद चीन ने सोवियत मॉडल अपनाया: सरकारी उद्योग, सामूहिक खेत, पश्चिम से कम व्यापार। विकास धीमा रहा।
- 1978 में देंग श्याओपिंग ने खुले द्वार की नीति घोषित की: धीरे-धीरे सुधार।
- पहले खेती (1982), फिर उद्योग (1998) का निजीकरण हुआ। विशेष आर्थिक क्षेत्रों (SEZ) में विदेशी निवेश आया।
- 2001 में चीन WTO में शामिल हुआ और 'दुनिया का कारख़ाना' बना।
- उसने शॉक थेरेपी नहीं अपनाई; बदलाव धीरे-धीरे हुआ।
समस्याएँ
सबको बराबर फ़ायदा नहीं मिला: कुछ इलाक़ों में बेरोज़गारी, कुछ मज़दूरों की बुरी हालत, प्रदूषण, भ्रष्टाचार और गाँव-शहर की खाई।
चीन और भारत
दोनों प्राचीन सभ्यताएँ हैं और बाहरी ताक़तों के दबदबे में रहीं। 1962 में सीमा युद्ध हुआ और सीमा विवाद अब भी है, पर व्यापार बहुत बढ़ा है और दोनों BRICS जैसे समूहों में साथ काम करते हैं।
जापान और दक्षिण कोरिया
जापान
- दूसरे विश्व युद्ध के बाद फिर खड़ा हुआ; सोनी, टोयोटा, होंडा, निसान जैसे ब्रांडों से बड़ी अर्थव्यवस्था बना।
- प्राकृतिक संसाधन कम; कच्चे माल के आयात और तकनीक पर निर्भर।
- परमाणु बम झेलने वाला अकेला देश (1945); संविधान सेना को सीमित करता है, फिर भी रक्षा पर बहुत ख़र्च करता है।
- बड़ा सहायता-दाता और UN बजट में बड़ा योगदान; G7 का सदस्य।
दक्षिण कोरिया
- 1948 में कोरिया के बँटवारे से अलग देश बना; फिर कोरियाई युद्ध (1950-53)।
- 1960 से 1980 के दशक में बहुत तेज़ विकास: 'हान नदी का चमत्कार', शिक्षा, निर्यात और भूमि सुधार से।
- 1987 में लोकतंत्र बना; 1996 में OECD का सदस्य।
- सैमसंग, LG, हुंडई जैसे ब्रांड दुनिया भर में जाने जाते हैं।
करके देखें
घर की पाँच चीज़ों (फ़ोन, टीवी, गाड़ी, खिलौने, कपड़े) के लेबल देखिए। हर चीज़ कहाँ बनी, लिखिए। गिनिए कितनी चीन, जापान, दक्षिण कोरिया, आसियान देशों या यूरोपीय संघ से आईं। फिर 3D में चीन का स्लाइडर खिसकाइए और समझिए कि इतने लेबल पर 'मेड इन चाइना' क्यों लिखा है।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- यूरोपीय संघ: 1992 (मास्ट्रिस्ट संधि); यूरो 2002 से
- आसियान: 1967, बैंकॉक घोषणा, 10 सदस्य
- आसियान शैली: अनौपचारिक, दख़ल नहीं, सहमति
- आसियान समुदाय: सुरक्षा, आर्थिक, सामाजिक-सांस्कृतिक स्तंभ
- चीन: खुले द्वार की नीति 1978 (देंग श्याओपिंग); WTO 2001
- दक्षिण कोरिया: 'हान नदी का चमत्कार'
हल किए गए उदाहरण
1. यूरोपीय संघ को मज़बूत राजनीतिक और आर्थिक शक्ति क्यों माना जाता है?
इसकी अर्थव्यवस्था दुनिया की सबसे बड़ी में है, यूरो मज़बूत मुद्रा है, विश्व व्यापार में बड़ा हिस्सा है; फ्रांस के पास वीटो है; यह व्यापार और जलवायु पर साथ बोलता है; सदस्यों की सेनाएँ मज़बूत हैं।
2. 'आसियान शैली' क्या है?
अनौपचारिक, दोस्ताना और सहयोग भरी बातचीत का तरीक़ा, जिसमें सदस्य एक-दूसरे की संप्रभुता का सम्मान करते हैं और सहमति से फ़ैसले लेते हैं।
3. चीन के आर्थिक उदय के दो कारण बताइए।
1978 से धीरे-धीरे सुधार (खुले द्वार की नीति) और विशेष आर्थिक क्षेत्र जिनमें विदेशी निवेश आया; फिर 2001 में WTO में आने से निर्यात बढ़ा।
4. दक्षिण कोरिया इतनी तेज़ी से कैसे बढ़ा?
शिक्षा, भूमि सुधार, निर्यात आधारित उद्योग और तकनीक से; सैमसंग और हुंडई जैसी कंपनियों ने 1960 से 1980 के दशक में विकास को आगे बढ़ाया।
आम गलतियाँ
- यह कहना कि यूरोपीय संघ के सभी सदस्य यूरो चलाते हैं। कुछ ने अपनी मुद्रा रखी।
- यह लिखना कि आसियान में आज 5 सदस्य हैं। शुरुआत 5 से हुई; अब 10 हैं।
- यह कहना कि चीन ने शॉक थेरेपी अपनाई। उसने धीरे-धीरे सुधार किए।
- यूरोपीय संघ को एक देश कहना। यह संप्रभु देशों का संघ है जो अपनी विदेश और रक्षा नीति रखते हैं।