पृष्ठभूमि: उपनिवेश और सात वर्षीय युद्ध
1760 तक उत्तरी अमेरिका के अटलांटिक तट पर 13 ब्रिटिश उपनिवेश थे, लगभग 20 लाख लोग: ब्रिटेन और यूरोप से आए बसने वाले, लगभग 5 लाख ग़ुलाम बनाए गए अफ़्रीकी लोग, जबकि पश्चिम में कई मूल निवासी राष्ट्र रहते थे। हर उपनिवेश की अपनी चुनी हुई सभा थी, और लोग स्थानीय मामले ख़ुद चलाने के आदी थे।
सात वर्षीय युद्ध (1756–63; अमेरिका में "फ़्रांसीसी और इंडियन युद्ध") ब्रिटेन और फ़्रांस के बीच दुनिया भर में लड़ा गया। ब्रिटेन जीता और उत्तरी अमेरिका में फ़्रांस की ज़मीन पाई, पर उसका राष्ट्रीय कर्ज़ लगभग दोगुना हो गया। फ़्रांस के जाने से उपनिवेशियों को ब्रिटिश सुरक्षा की कम ज़रूरत लगी, और धीरे-धीरे एक साझी अमेरिकी पहचान बनी।
कारण: ब्रिटिश क़ानून और उपनिवेशों का विरोध, 1763–1774
- 1763 की घोषणा: एपलाचियन पहाड़ों के पश्चिम में बसने पर रोक, ताकि मूल निवासियों से युद्ध न हो। बसने वाले नाराज़ हुए।
- शुगर क़ानून (1764) और तस्करी रोकने के लिए कड़ी जाँच।
- स्टाम्प क़ानून (1765): अख़बार, क़ानूनी काग़ज़ और ताश पर कर। स्टाम्प क़ानून कांग्रेस और दंगे हुए; 1766 में क़ानून हटा, पर घोषणात्मक क़ानून ने कहा कि संसद उपनिवेशों के लिए "हर मामले में" क़ानून बना सकती है।
- टाउनशेंड क़ानून (1767): काँच, सीसा, रंग, काग़ज़ और चाय पर शुल्क। ब्रिटिश सामान का बहिष्कार; 1770 में चाय छोड़कर बाक़ी शुल्क हटे।
- बोस्टन हत्याकांड (1770): सैनिकों ने भीड़ पर गोली चलाई; पाँच मरे।
- चाय क़ानून (1773) से ईस्ट इंडिया कंपनी को फ़ायदा; विरोधियों ने चाय बोस्टन बंदरगाह के पानी में फेंक दी (बोस्टन टी पार्टी)।
- दमनकारी क़ानून (1774), जिन्हें उपनिवेशी "असहनीय क़ानून" कहते थे: बोस्टन बंदरगाह बंद, मैसाचुसेट्स का स्वशासन घटा।
मुख्य तर्क था "प्रतिनिधित्व नहीं तो कर नहीं": संसद में उपनिवेशों का कोई सदस्य नहीं था, इसलिए उनका कहना था कि सिर्फ़ उनकी अपनी सभाएँ कर लगा सकती हैं। सन्स ऑफ़ लिबर्टी और पत्राचार समितियों ने उपनिवेशों को जोड़ा।
विचार और स्वतंत्रता की घोषणा, 1774–1776
पहली महाद्वीपीय कांग्रेस (1774) ने बहिष्कार संगठित किया। अप्रैल 1775 में लेक्सिंगटन और कॉनकॉर्ड में लड़ाई छिड़ी। दूसरी महाद्वीपीय कांग्रेस ने जॉर्ज वॉशिंगटन के नेतृत्व में महाद्वीपीय सेना बनाई।
प्रबोधन (Enlightenment) के विचारों ने क्रांति को दिशा दी: जॉन लॉक के प्राकृतिक अधिकार (जीवन, स्वतंत्रता, संपत्ति) और शासितों की सहमति से सरकार; मॉन्टेस्क्यू का शक्तियों का बँटवारा। जनवरी 1776 में थॉमस पेन की कॉमन सेंस ने आसान शब्दों में पूरी आज़ादी की बात की और बहुत बिकी।
4 जुलाई 1776 को कांग्रेस ने स्वतंत्रता की घोषणा अपनाई, जिसे मुख्य रूप से थॉमस जेफ़र्सन ने लिखा। इसमें कहा गया कि सभी लोगों के बराबर, न छीने जा सकने वाले अधिकार हैं, सरकारें उनकी रक्षा के लिए हैं, और जो सरकार उन्हें नष्ट करे उसे जनता बदल सकती है। फिर राजा जॉर्ज तृतीय के ख़िलाफ़ शिकायतें गिनाईं।
सब सहमत नहीं थे: वफ़ादार (Loyalists) (शायद पाँचवाँ हिस्सा) ब्रिटेन के साथ रहे; देशभक्त (Patriots) आज़ादी चाहते थे; बहुत लोग तटस्थ थे।
स्वतंत्रता युद्ध, 1775–1783
ब्रिटेन की ताक़त: पेशेवर सेना, दुनिया की सबसे मज़बूत नौसेना, पैसा और किराए के जर्मन सैनिक। देशभक्तों की ताक़त: अपनी ज़मीन पर लड़ाई, जीतने में मुश्किल विशाल इलाक़ा, मज़बूत मक़सद, और वॉशिंगटन का सेना को जोड़े रखना (जैसे वैली फ़ोर्ज की कठिन सर्दी, 1777–78)।
- साराटोगा (1777): पूरी ब्रिटिश सेना ने आत्मसमर्पण किया। इस मोड़ के बाद फ़्रांस ने संधि की (1778); स्पेन (1779) और डच गणराज्य भी ब्रिटेन से लड़े।
- यॉर्कटाउन (1781): अमेरिकी और फ़्रांसीसी सेनाओं ने, समुद्र में फ़्रांसीसी नौसेना की नाकेबंदी के साथ, ब्रिटिश सेना को घेरा और उसने आत्मसमर्पण किया।
- पेरिस संधि (1783): ब्रिटेन ने संयुक्त राज्य की स्वतंत्रता मानी, मिसिसिपी नदी तक की ज़मीन के साथ।
दोनों पक्षों ने कभी-कभी ग़ुलाम लोगों को आज़ादी का वादा किया; बहुत से उसी वादे पर ब्रिटेन के साथ गए। ज़्यादातर मूल निवासी राष्ट्र ब्रिटेन के साथ रहे, ताकि बसने वालों का पश्चिम बढ़ना रुके।
गणराज्य की नींव: अनुच्छेद, संविधान और शुरुआती सरकार
परिसंघ के अनुच्छेद (1781–1789): राज्यों का ढीला संघ। कांग्रेस कर नहीं लगा सकती थी, राष्ट्रीय सेना नहीं थी, व्यापार पर नियंत्रण नहीं था; बड़े बदलाव के लिए सब राज्यों की सहमति चाहिए थी। कर्ज़ नहीं चुके, और शेज़ का विद्रोह (1786–87), कर्ज़ में डूबे किसानों का विद्रोह, इसकी कमज़ोरी दिखा गया।
संविधान सभा (फ़िलाडेल्फ़िया, 1787) ने नया संविधान लिखा:
- शक्तियों का बँटवारा: विधायिका (कांग्रेस: सीनेट + प्रतिनिधि सभा), कार्यपालिका (राष्ट्रपति), न्यायपालिका (सर्वोच्च न्यायालय)।
- नियंत्रण और संतुलन: जैसे राष्ट्रपति क़ानून पर वीटो कर सकता है; कांग्रेस वीटो पलट सकती है और महाभियोग चला सकती है; अदालतें क़ानून की समीक्षा कर सकती हैं।
- संघवाद: शक्ति राष्ट्रीय सरकार और राज्यों में बँटी।
- महान समझौता: सीनेट में हर राज्य को बराबर सीटें, प्रतिनिधि सभा में जनसंख्या के हिसाब से। तीन-पाँचवाँ समझौता ने सीटों के लिए ग़ुलाम लोगों को एक व्यक्ति का तीन-पाँचवाँ गिना, जिससे ग़ुलामी वाले राज्यों को फ़ायदा हुआ।
संघवादी (Federalists) (हैमिल्टन, मैडिसन) पक्ष में थे; संघ-विरोधी मज़बूत केंद्र से डरते थे। 1788 में अनुमोदन हुआ, और 1791 में अधिकार पत्र (Bill of Rights) (पहले 10 संशोधन: बोलने, धर्म, प्रेस, निष्पक्ष मुक़दमे…) जुड़ा।
वॉशिंगटन (1789–97) ने परंपराएँ बनाईं: मंत्रिमंडल, दो कार्यकाल। हैमिल्टन की वित्त योजना ने राज्यों का कर्ज़ लिया और राष्ट्रीय बैंक बनाया। मतभेद से पहले राजनीतिक दल बने: संघवादी बनाम डेमोक्रेटिक-रिपब्लिकन (जेफ़र्सन)। जॉन ऐडम्स (1797–1801) के समय फ़्रांस से संकट और विवादित एलियन और सेडिशन क़ानून; 1801 में सत्ता शांति से जेफ़र्सन को मिली।
प्रभाव और सीमाएँ
क्रांति ने लिखित संविधान वाला बड़ा गणराज्य बनाया और फ़्रांसीसी क्रांति (1789), हैती क्रांति और लैटिन अमेरिका के स्वतंत्रता आंदोलनों को प्रेरित किया। पर बराबरी का वादा अधूरा रहा: दक्षिण में दासता जारी रही (उत्तरी राज्यों ने इसे ख़त्म करना शुरू किया), मूल निवासियों ने ज़मीन खोई, महिलाओं को वोट नहीं मिला, और वोट अक्सर संपत्ति वाले गोरे पुरुषों तक सीमित था। इन कमियों से बाद में अधिकारों के संघर्ष हुए।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
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हल किए गए उदाहरण
1. समझाओ कि स्टाम्प क़ानून पर पहले के व्यापार शुल्कों से ज़्यादा ग़ुस्सा क्यों हुआ।
यह उपनिवेशों के अंदर रोज़ के काग़ज़ों पर सीधा कर था, व्यापार शुल्क नहीं, इसलिए लगभग सबको छूता था: वकील, छापेख़ाने, व्यापारी। और इसे ऐसी संसद ने लगाया जिसमें उपनिवेशों का कोई सदस्य नहीं था, इसलिए नारा उठा "प्रतिनिधित्व नहीं तो कर नहीं"।
2. साराटोगा निर्णायक मोड़ क्यों था?
पूरी ब्रिटिश सेना ने आत्मसमर्पण किया, जिससे साबित हुआ कि अमेरिकी जीत सकते हैं। फिर 1778 में फ़्रांस ने संधि की और पैसा, सैनिक और नौसेना दी, जिससे यॉर्कटाउन की जीत संभव हुई।
3. स्वतंत्रता की घोषणा और पेरिस संधि के बीच कितने साल?
1783 − 1776 = 7 साल।
4. परिसंघ के अनुच्छेदों की दो कमज़ोरियाँ और संविधान ने उन्हें कैसे ठीक किया?
कांग्रेस कर नहीं लगा सकती थी: संविधान ने कर लगाने की शक्ति दी। मज़बूत कार्यपालिका नहीं थी: संविधान ने राष्ट्रपति बनाया। (राज्यों के बीच व्यापार पर भी कांग्रेस का नियंत्रण हुआ।)
आम गलतियाँ
- कहना कि युद्ध 1776 में शुरू हुआ। लड़ाई अप्रैल 1775 में शुरू हुई; घोषणा जुलाई 1776 में।
- सोचना कि सब उपनिवेशी आज़ादी चाहते थे। बहुत से वफ़ादार या तटस्थ थे।
- स्वतंत्रता की घोषणा (1776, अलग होने के कारण) और संविधान (1787, सरकार की योजना) को मिला देना।
- विदेशी मदद भूलना: फ़्रांस, स्पेन और डच गणराज्य अमेरिकी जीत के लिए बहुत ज़रूरी थे।