📘 CodingMarble Learn

आधुनिक भारतीय कला: चित्र, छापे और मूर्तियाँ

आधुनिक भारतीय कला लगभग 1880 से 1990 तक फैली है। चित्रकारों में राजा रवि वर्मा का यूरोपीय यथार्थवाद, जामिनी रॉय की लोक रेखाएँ, अमृता शेरगिल की पेरिस-और-अजंता शैली और एम.एफ. हुसैन की तेज़ आधुनिक शैली आती है। छापा कलाकार सोमनाथ होर, ज्योति भट्ट, अनुपम सूद और लक्ष्मा गौड़ ने एचिंग, वुडकट और स्क्रीन प्रिंट अपनाए। मूर्तिकार डी.पी. रॉय चौधरी, रामकिंकर बैज, अमरनाथ सहगल और पी.वी. जानकीराम ने काँसा, सीमेंट और वेल्ड की हुई धातु में काम किया।

🎬 कदम-दर-कदम कहानी

  1. यह रेखा 1880 से 1990 की समय-रेखा है। हर बिंदु एक आधुनिक भारतीय कलाकार है।
  2. लाल कमरे में चित्रकार हैं: राजा रवि वर्मा, जामिनी रॉय, अमृता शेरगिल और एम.एफ. हुसैन — हर एक की नई शैली।
  3. हरे कमरे में छापा कलाकार हैं। ब्लॉक पर स्याही लगती है और कागज़ पर दबती है: यही छापा (प्रिंट) है।
  4. भूरे कमरे में मूर्तिकार हैं। उन्होंने काँसा, सीमेंट और वेल्ड की हुई धातु से काम किया।
  5. अब तीनों कमरे खुले हैं। बारह कलाकार, तीन तरह की कला, एक सदी।
  6. अब आपकी बारी। सूची से कोई भी कलाकार चुनिए और पढ़िए वे क्यों खास थे।

टिप: 3D दृश्य को घुमाने के लिए खींचें। ज़ूम के लिए दो उंगलियाँ इस्तेमाल करें।

🤔 आम शंकाएँ और उनके जवाब

पुरानी यूरोपीय शैली के बावजूद रवि वर्मा "आधुनिक" क्यों?

भारत के लिए वे नए थे: कैनवास पर तेल, यथार्थवादी देवता और बड़े पैमाने पर छपाई। वे समय-रेखा की शुरुआत हैं।

क्या छापा केवल प्रति है?

नहीं, कलाकार ब्लॉक बनाता और हर छापा स्वयं निकालता है। चरण 3 का प्रेस देखिए।

मूर्तिकारों ने सीमेंट क्यों लिया?

सीमेंट और स्थानीय लैटराइट सस्ते थे और बड़ी खुली मूर्तियों के लिए ठीक थे।

तीनों समूह कैसे जुड़ते हैं?

सभी आधुनिक भारतीय दृष्टि खोज रहे थे। चरण 5 में तीनों कमरे एक साथ।

आधुनिक भारतीय चित्रकार

राजा रवि वर्मा (1848–1906)

यूरोपीय तेल रंग और यथार्थ शैली में भारतीय कथाएँ — शकुंतला, चाँदनी में स्त्री। उनके छापेखाने से सस्ती प्रतियाँ घर-घर पहुँचीं।

जामिनी रॉय (1887–1972)

तेल यथार्थ छोड़कर बंगाल की लोक कला (कालीघाट पट) अपनाई। मोटी रेखाएँ, मिट्टी-पौधों से बने सपाट रंग, बड़ी आँखों वाले सरल चेहरे। कृति: माँ और बच्चा, संथाल लड़कियाँ।

अमृता शेरगिल (1913–1941)

पेरिस में पढ़ीं, फिर अजंता और लघुचित्रों को समझा। गाँव की शांत, उदास स्त्रियाँ, गर्म रंग। कृतियाँ: तीन लड़कियाँ, दुल्हन का शृंगार, ब्रह्मचारी।

एम.एफ. हुसैन (1915–2011)

प्रोग्रेसिव आर्टिस्ट्स ग्रुप (मुंबई, 1947) के सदस्य। तेज़ रेखाएँ, चटक रंग, घोड़े और भारतीय जीवन। कृति: मकड़ी और दीपक के बीच, घोड़ा शृंखला।

आधुनिक भारतीय छापा कलाकार

छापा (प्रिंट) वह चित्र है जो ब्लॉक या प्लेट पर बनाकर कागज़ पर दबाया जाता है, इसलिए कई प्रतियाँ बनती हैं। मुख्य विधियाँ: वुडकट (लकड़ी काटो, उभरे भाग पर स्याही), एचिंग (तेज़ाब से धातु पर खाँचे, स्याही खाँचों में), लिथोग्राफ़ (पत्थर पर चिकनाई से चित्र), स्क्रीन प्रिंट (जाली से स्याही)।

आधुनिक भारतीय मूर्तिकार

साझा विचार और परीक्षा में उत्तर कैसे लिखें

सभी बारह कलाकार एक साथ आधुनिक और भारतीय बनना चाहते थे। उन्होंने यूरोप से तकनीक (तेल, एचिंग, वेल्डिंग) ली पर विषय भारतीय लोक, मंदिर और गाँव से लिए। वर्णन का क्रम: कलाकार → शीर्षक → माध्यम → विषय → रूप/रंग/रेखा → भाव → आधुनिक क्यों।

खुद करके देखें: आलू आधा काटिए, चम्मच से कोई आकार खुरचिए, पोस्टर रंग में डुबोकर कागज़ पर 5 बार छापिए। आपने छापा कलाकार की तरह 5 प्रतियाँ बना लीं।

मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ

हल किए गए उदाहरण

1. अमृता शेरगिल की "तीन लड़कियाँ" का वर्णन कीजिए।

कैनवास पर तेल रंग, 1935। तीन युवतियाँ पास-पास शांत बैठी प्रतीक्षा कर रही हैं। गहरे लाल, हरे और भूरे रंग, सरल सपाट आकार, गंभीर चेहरे। भाव: स्त्रियों के जीवन की शांत उदासी। पेरिस की शिक्षा और भारतीय विषय का मेल — इसलिए आधुनिक।

2. रामकिंकर बैज के "संथाल परिवार" का वर्णन कीजिए।

शांतिनिकेतन में सीमेंट और लैटराइट की विशाल खुली मूर्ति (1938)। संथाल पुरुष टोकरियों में बच्चे उठाए है, स्त्री साथ चल रही है, कुत्ता भी है। मज़बूत, खुरदरे रूप। आम आदिवासी लोगों का सम्मान।

3. लक्ष्मा गौड़ की एचिंग कैसे बनती है?

धातु की प्लेट पर मोम चढ़ाते हैं। मोम में बारीक रेखाएँ खुरचते हैं, फिर प्लेट तेज़ाब में रखते हैं जो रेखाओं पर खाँचे बनाता है। खाँचों में स्याही भरकर ऊपर से पोंछते हैं और प्रेस में गीले कागज़ पर दबाते हैं।

आम गलतियाँ

अभ्यास क्विज़

1. "तीन लड़कियाँ" किसने बनाया?
2. जामिनी रॉय की प्रेरणा:
3. सोमनाथ होर मुख्यतः थे:
4. "संथाल परिवार" किसकी कृति है?
5. एचिंग में स्याही कहाँ रहती है?

अभ्यास: खुद जवाब दो

अपना जवाब लिखो या चुनो, फिर जाँचें दबाओ। अटको तो संकेत देखो; जवाब देने के बाद पूरा हल दिखेगा।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

प्रमुख आधुनिक भारतीय चित्रकार कौन हैं?

राजा रवि वर्मा, जामिनी रॉय, अमृता शेरगिल और एम.एफ. हुसैन; साथ ही एस.एच. रज़ा, एफ.एन. सूज़ा आदि।

छापा कला क्या है?

ब्लॉक, प्लेट, पत्थर या जाली पर चित्र बनाकर कागज़ पर दबाना, जिससे कई मौलिक प्रतियाँ बनें।

प्रसिद्ध आधुनिक भारतीय मूर्तियाँ कौन-सी हैं?

श्रम की विजय (डी.पी. रॉय चौधरी), संथाल परिवार (रामकिंकर बैज), बंदी (अमरनाथ सहगल) और जानकीराम की धातु आकृतियाँ।

यह कहाँ पढ़ाया जाता है

सीबीएसई (भारत)कक्षा 12बंगाल शैली और भारतीय कला की आधुनिक प्रवृत्तियाँ
सीबीएसई (भारत)कक्षा 12बंगाल शैली और भारतीय कला की आधुनिक प्रवृत्तियाँ
सीबीएसई (भारत)कक्षा 12बंगाल शैली और भारतीय कला की आधुनिक प्रवृत्तियाँ
सीबीएसई (भारत)कक्षा 12बंगाल शैली और भारतीय कला की आधुनिक प्रवृत्तियाँ

पहले यह पढ़ें

आगे पढ़ें

इससे जुड़े पाठ

सभी ललित कला पाठ