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अभिव्यंजनावाद: जो दिखता है नहीं, जो महसूस होता है

अभिव्यंजनावाद (लगभग 1905–1925) एक आधुनिक कला आंदोलन था जो बाहर की दुनिया नहीं, अंदर की भावनाएँ दिखाता था। कलाकार आकार मोड़ते, असली न लगने वाले तेज़ रंग और खुरदुरे ब्रश-स्ट्रोक लगाते थे — डर, ग़ुस्सा, ख़ुशी या अकेलापन दिखाने के लिए। अग्रदूत: वान गॉग और मुंक। पेरिस में फ़ॉविज़्म (माटीस) ने रंग को आज़ाद किया; जर्मनी में डी ब्रुके (किर्शनर) ने नुकीले आकार और डेर ब्लाउए राइटर (कैंडिंस्की, मार्क) ने रंग को आत्मिक भावना माना। फ़िल्म, नाटक, कविता और कहानी पर भी इसका असर पड़ा।

🎬 कदम-दर-कदम कहानी

  1. बाएँ: घर जैसा आँख देखती है। दाएँ: वही घर जैसा डरा हुआ मन महसूस करता है। अभिव्यंजनावाद भावना को बाहर दिखाता है।
  2. 1905 में पेरिस के फ़ॉव ('जंगली जानवर') कलाकारों ने असली रंग छोड़ दिए: लाल पेड़, हरा चेहरा। रंग ऊर्जा और ख़ुशी दिखाता है।
  3. उसी साल ड्रेसडेन में 'डी ब्रुके' (पुल) समूह ने लकड़ी की नक्काशी जैसे नुकीले आकारों से शहर की बेचैनी दिखाई।
  4. 1911 में म्यूनिख के 'डेर ब्लाउए राइटर' (नीला घुड़सवार) ने नीले घोड़े और रंगीन आकार बनाए। उनके लिए रंग ख़ुद एक भावना था।
  5. अभिव्यंजनावाद टेढ़े सेट वाली फ़िल्मों, नाटकों, कविताओं और तेज़ भावनाओं वाली कहानियों तक फैला — लगभग 1905 से 1925 तक।
  6. तुम्हारी बारी: भावना वाला स्लाइडर शांत से बेचैन तक खिसकाओ और घर, आसमान और रंग बदलते देखो।

टिप: 3D दृश्य को घुमाने के लिए खींचें। ज़ूम के लिए दो उंगलियाँ इस्तेमाल करें।

🤔 आम शंकाएँ और उनके जवाब

कोई कलाकार घर को जानबूझकर टेढ़ा क्यों बनाएगा?

यह दिखाने के लिए कि वह कैसा महसूस होता है, कैसा दिखता है नहीं। डरे हुए इंसान को दुनिया डगमगाती लगती है। चरण 1 घर मोड़ता है।

क्या फ़ॉविज़्म अभिव्यंजनावाद का हिस्सा है?

यह उसका क़रीबी फ़्रांसीसी रिश्तेदार है। फ़ॉविज़्म ने रंग आज़ाद किया; जर्मनों ने वह आज़ादी लेकर विकृति और गहरी भावना जोड़ी। चरण 2 जंगली रंग दिखाता है।

डी ब्रुके के चित्र इतने नुकीले क्यों हैं?

उन्होंने वुडकट की कटी रेखाओं की नक़ल की और बेचैन शहर दिखाना चाहा। चरण 3 नुकीले आकार दिखाता है।

अभिव्यंजनावाद से अमूर्त कला कैसे बनी?

अगर सिर्फ़ रंग से भावना दिख सकती है तो चीज़ों की ज़रूरत नहीं। कैंडिंस्की ने चीज़ें हटा दीं। चरण 4 नीला घोड़ा और रंगीन आकार दिखाता है।

क्या कोई कहानी या फ़िल्म अभिव्यंजनावादी हो सकती है?

हाँ। टेढ़े फ़िल्म-सेट और लेखन के छोटे चीख़ते वाक्य वही काम करते हैं जो चित्र में मुड़े आकार। चरण 5 फ़िल्म-सेट दिखाता है।

अभिव्यंजनावाद क्या है?

अभिव्यंजनावाद (एक्सप्रेशनिज़्म) वह कला है जो कलाकार की अंदरूनी भावनाएँ दिखाती है, दुनिया की हूबहू नक़ल नहीं। यह लगभग 1905 से 1925 तक, ख़ासकर जर्मनी और ऑस्ट्रिया में, सबसे मज़बूत था।

मुख्य विशेषताएँ:

अग्रदूत: वान गॉग (घूमते स्ट्रोक) और एडवर्ड मुंक, जिनकी द स्क्रीम (1893) में सूर्यास्त घबराहट की लहरें बन जाता है।

फ़ॉविज़्म से आकृतिमूलक अभिव्यंजनावाद तक

फ़ॉविज़्म 1905 में पेरिस में शुरू हुआ। एक आलोचक ने इन चित्रकारों को फ़ॉव यानी 'जंगली जानवर' कहा, क्योंकि उनके रंग चौंकाने वाले थे।

जर्मन चित्रकारों ने यह आज़ादी और आगे बढ़ाई। उनकी कला आकृतिमूलक रही (लोग, घर, सड़कें पहचान में आते हैं) पर ज़्यादा गहरी और भावुक हो गई। यही आकृतिमूलक अभिव्यंजनावाद है।

जर्मन अभिव्यंजनावाद: डी ब्रुके और डेर ब्लाउए राइटर

डी ब्रुके (पुल), ड्रेसडेन, 1905

डेर ब्लाउए राइटर (नीला घुड़सवार), म्यूनिख, 1911

ऑस्ट्रिया

शीले और कोकोश्का ने बेचैन, मुड़े हुए पोर्ट्रेट बनाए।

1933 के बाद नाज़ी सरकार ने इस कला को 'पतित' कहकर संग्रहालयों से हटा दिया। बाद में 1940 के दशक में अमेरिका में अमूर्त अभिव्यंजनावाद (पोलॉक, रॉथको) आया।

फ़िल्म, नाटक और साहित्य में अभिव्यंजनावाद

हर कला में एक नियम: पहले भावना, फिर यथार्थ।

करके देखो

अपना स्कूल या घर दो बार बनाओ। पहली बार जैसा वह सच में दिखता है। दूसरी बार जैसा वह परीक्षा वाले दिन या छुट्टियों से पहले के आख़िरी दिन महसूस होता है — सिर्फ़ रंग और आकार बदलो। फिर 3D स्लाइडर से तुलना करो। कौन-सा चित्र तुम्हारे बारे में ज़्यादा बताता है?

मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ

हल किए गए उदाहरण

1. 1905 पेरिस का एक चित्र: स्त्री के चेहरे पर हरी धारी, सपाट चमकीले रंग। कौन-सी शैली?

फ़ॉविज़्म। सुराग: भावना के लिए असली न लगने वाले चमकीले सपाट रंग; पेरिस; 1905 (माटीस ने अपनी पत्नी का ऐसा पोर्ट्रेट बनाया)।

2. सड़क का दृश्य: लंबे पतले लोग, मुखौटे जैसे चेहरे, नुकीले कोण, तीखे गुलाबी-हरे रंग। फ़ॉविज़्म या डी ब्रुके?

डी ब्रुके (जर्मन अभिव्यंजनावाद, जैसे किर्शनर)। नुकीले कोण और तनाव भरा शहर बेचैनी दिखाते हैं; फ़ॉविज़्म आमतौर पर शांत और ख़ुशनुमा है।

3. एक सूर्यास्त से प्रभाववाद और अभिव्यंजनावाद की तुलना करो।

प्रभाववादी उस पल की असली रोशनी और रंग बनाता है। अभिव्यंजनावादी आसमान को लाल लहरों में मोड़कर भावना दिखाता है, जैसे मुंक की 'द स्क्रीम' की घबराहट।

आम गलतियाँ

अभ्यास क्विज़

1. अभिव्यंजनावाद मुख्य रूप से क्या दिखाता है?
2. 'द स्क्रीम' किसने बनाई?
3. 'फ़ॉव' का अर्थ है…
4. डी ब्रुके कहाँ बना?
5. डेर ब्लाउए राइटर का कौन-सा कलाकार अमूर्त कला की ओर गया?

अभ्यास: खुद जवाब दो

अपना जवाब लिखो या चुनो, फिर जाँचें दबाओ। अटको तो संकेत देखो; जवाब देने के बाद पूरा हल दिखेगा।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अभिव्यंजनावाद आसान शब्दों में क्या है?

1900 के शुरुआती दशकों की कला शैली जो चीज़ों की नक़ल नहीं, आकार मोड़कर और तेज़ रंगों से भावनाएँ दिखाती है।

फ़ॉविज़्म और अभिव्यंजनावाद में क्या अंतर है?

फ़ॉविज़्म (फ़्रांस, 1905–1908) जंगली, ख़ुशनुमा रंग था। अभिव्यंजनावाद (मुख्यतः जर्मनी, ऑस्ट्रिया) ने विकृति जोड़ी और अक्सर गहरी, उदास भावनाएँ दिखाईं।

प्रसिद्ध अभिव्यंजनावादी कलाकार कौन हैं?

मुंक (अग्रदूत), किर्शनर, नोल्डे, कैंडिंस्की, फ़्रांज़ मार्क, शीले और कोकोश्का।

यह कहाँ पढ़ाया जाता है

स्पेन2º BachilleratoArt and expression
यूक्रेन10 класUkrainian literature c. 1900: modernism
यूक्रेन10 класModern Ukrainian prose
यूक्रेन11 класModernism of the 1920s–30s

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