बीजाणु पौधे कौन से हैं?
कुछ पौधे फूल और बीज नहीं बनाते। वे बीजाणु (स्पोर) बनाते हैं। बीजाणु एक बहुत छोटी कोशिका है जिस पर कड़ा आवरण होता है। यह इतनी हल्की है कि हवा इसे दूर तक ले जाती है।
मुख्य बीजाणु पौधे ये हैं:
- मॉस (काई): दीवारों, पेड़ों और गीली मिट्टी पर नरम हरी गद्दी जैसे पौधे।
- क्लब मॉस (प्लौन): रेंगने वाले तने पर छोटे शल्क जैसे पत्ते।
- हॉर्सटेल: छल्लेदार तने, जैसे हरा बोतल-ब्रश।
- फर्न (पर्णांग): बड़ी पंखों जैसी पत्तियाँ, जिन्हें फ्रॉन्ड कहते हैं।
मॉस सबसे सरल है। इसमें असली जड़ नहीं होती, बस धागे जैसे मूलाभास (राइज़ॉइड) होते हैं। फर्न में असली जड़, तना और पत्तियाँ होती हैं और अंदर पानी ले जाने वाली नलियाँ होती हैं।
मॉस का जीवन चक्र
जो हरी पत्तेदार गद्दी तुम देखते हो, वही अंडाणु और शुक्राणु बनाती है। चक्र ऐसे चलता है:
- हरा मॉस पौधा अपने ऊपरी सिरे पर शुक्राणु और अंडाणु बनाता है।
- बारिश में शुक्राणु पानी की परत में तैरकर अंडाणु तक जाते हैं।
- मिला हुआ अंडाणु एक पतला डंठल बनाता है जिसके ऊपर संपुट (कैप्सूल) होता है। डंठल हरे मॉस से भोजन लेता रहता है।
- संपुट सूखकर खुलता है और हज़ारों बीजाणु बाहर उड़ते हैं।
- बीजाणु नम ज़मीन पर गिरकर पहले हरा धागा बनाता है। उस धागे की कलियों से नए मॉस पौधे उगते हैं।
फर्न का जीवन चक्र
फर्न में पंखों जैसी पत्तियों वाला बड़ा पौधा ही बीजाणु बनाता है।
- पुरानी पत्तियों के पीछे भूरे बिंदु दिखते हैं (सोराई, यानी बीजाणुधानी-समूह)। हर बिंदु में छोटी बीजाणुधानियाँ होती हैं।
- बीजाणुधानियाँ फटती हैं और बीजाणु नम मिट्टी पर गिरते हैं।
- बीजाणु से एक छोटा, चपटा, दिल के आकार का हरा पौधा बनता है, जिसे प्रोथैलस कहते हैं। यह नाखून जितना या उससे भी छोटा होता है और मिट्टी पर चिपका रहता है।
- यह दिल जैसा पौधा नीचे की ओर अंडाणु और शुक्राणु बनाता है।
- मिट्टी गीली हो तो शुक्राणु तैरकर अंडाणु तक पहुँचते हैं। मिली हुई कोशिका से नया फर्न बनता है और दिल जैसा पौधा धीरे-धीरे मर जाता है।
हॉर्सटेल और क्लब मॉस में भी यही क्रम है: बीजाणु, छोटा पौधा, तैरते शुक्राणु, नया पौधा।
ये पौधे नम जगहों में क्यों रहते हैं?
शुक्राणुओं को तैरना पड़ता है। वे सिर्फ पानी की पतली परत (बारिश या ओस) में तैर सकते हैं। इसलिए इन पौधों को अपने जीवन में कम से कम एक बार गीली जगह चाहिए। इसीलिए मॉस और फर्न छाँव, वर्षावन, नदी किनारे और गीली दीवारों पर मिलते हैं।
बीज वाले पौधे अलग हैं। उनका पराग हवा या कीड़ों से पहुँच जाता है, इसलिए वे सूखी जगहों में भी रह सकते हैं।
करके देखो: मॉस उगाओ और फर्न देखो
1. बरसात में दीवार पर हरी परत ढूँढो। छूकर देखो, क्या यह नरम है? क्या इसमें फूल हैं? ध्यान से देखो, पतले डंठलों पर संपुट दिखेंगे।
2. फर्न की एक पत्ती लो। उसे पलटो। भूरे बिंदुओं का चित्र बनाओ।
3. ऊपर के 3D में आखिरी चरण पर जाओ। पानी शून्य करो और "चक्र चलाओ" दबाने से पहले अंदाज़ा लगाओ कि लाल गेंद कहाँ रुकेगी।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- बीजाणु पौधा = फूल नहीं + बीज नहीं + बीजाणु बनाता है
- मॉस चक्र: हरा पौधा → अंडाणु + शुक्राणु → संपुट → बीजाणु → हरा धागा → मॉस
- फर्न चक्र: फर्न → सोराई में बीजाणु → दिल जैसा पौधा (प्रोथैलस) → अंडाणु + शुक्राणु → नया फर्न
- शुक्राणु को अंडाणु तक तैरने के लिए पानी की परत चाहिए
हल किए गए उदाहरण
1. एक विद्यार्थी को बिना फूल वाले पौधे की पत्ती के नीचे भूरे बिंदु दिखते हैं। यह कौन सा पौधा हो सकता है और बिंदु क्या हैं?
यह संभवतः फर्न है। भूरे बिंदु सोराई हैं, जिनमें बीजाणु वाली थैलियाँ होती हैं।
2. बरसात में दीवार पर मॉस फैल जाता है, पर साल भर धूप वाली सूखी चट्टान पर नहीं। क्यों?
मॉस के शुक्राणुओं को तैरने के लिए पानी की परत चाहिए। बरसात में दीवार गीली रहती है, इसलिए चक्र पूरा होता है। सूखी चट्टान पर पानी नहीं, इसलिए शुक्राणु अंडाणु तक नहीं पहुँचते।
3. सही क्रम लिखो: नया फर्न, बीजाणु, दिल जैसा पौधा, शुक्राणु तैरते हैं, सोराई वाला फर्न।
सोराई वाला फर्न, बीजाणु, दिल जैसा पौधा, शुक्राणु तैरते हैं, नया फर्न।
आम गलतियाँ
- यह कहना कि फर्न में बीज होते हैं। फर्न में बीजाणु होते हैं, बीज नहीं। बीजाणु एक छोटी कोशिका है; बीज में नन्हा पौधा और भोजन होता है।
- फर्न की पत्ती के नीचे भूरे बिंदुओं को कीड़े या बीमारी समझ लेना। वे बीजाणु की थैलियाँ हैं।
- दिल जैसे छोटे पौधे और बड़े फर्न को एक समझ लेना। दिल जैसा पौधा बीजाणु से बनता है, वह पंखों वाला फर्न नहीं है।
- पानी को भूल जाना। पानी की परत न हो तो शुक्राणु तैर नहीं सकते और नया पौधा नहीं बनता।