कंप्यूटर क्या है?
कंप्यूटर एक इलेक्ट्रॉनिक मशीन है। यह डेटा लेता है, उस पर काम करता है और परिणाम देता है। यह प्रोग्राम के अनुसार चलता है। प्रोग्राम यानी निर्देशों की सूची।
डेटा कच्चे तथ्य हैं, जैसे 72 या "रवि"। सूचना वह डेटा है जिस पर काम हो चुका है और जो उपयोगी है, जैसे "रवि के 72 अंक, कक्षा में प्रथम"।
संगणन उपकरणों का विकास
- अबेकस (बहुत पुराना): छड़ों पर मोती, जोड़ने-घटाने के लिए।
- पास्कलाइन (1642, ब्लेज़ पास्कल): गियर वाली मशीन जो जोड़-घटा सकती थी।
- एनालिटिकल इंजन (1834, चार्ल्स बैबेज): प्रोग्राम से चलने वाली मशीन का पहला डिज़ाइन। एडा लवलेस ने इसके लिए कदम लिखे, इसलिए उन्हें पहली प्रोग्रामर कहते हैं।
- टैबुलेटिंग मशीन (1890, हर्मन हॉलेरिथ): जनगणना के लिए छेद वाले कार्ड पढ़ती थी।
- ENIAC (1946): वैक्यूम ट्यूब से बना विशाल इलेक्ट्रॉनिक कंप्यूटर।
- वॉन न्यूमैन का विचार (1945): प्रोग्राम को भी डेटा के साथ मेमोरी में रखो। आज के सब कंप्यूटर यही करते हैं।
- ट्रांज़िस्टर (1947) और IC चिप (1958) ने कंप्यूटर छोटे कर दिए।
- माइक्रोप्रोसेसर (1971, Intel 4004): पूरा CPU एक चिप पर। इससे PC (1981), लैपटॉप और स्मार्टफ़ोन (2007) बने।
कंप्यूटर की पीढ़ियाँ
पहली: वैक्यूम ट्यूब। दूसरी: ट्रांज़िस्टर। तीसरी: इंटीग्रेटेड सर्किट। चौथी: माइक्रोप्रोसेसर (VLSI)। पाँचवीं: AI, समानांतर प्रोसेसिंग। हर पीढ़ी छोटी, तेज़, सस्ती और कम बिजली वाली थी।
कंप्यूटर प्रणाली के घटक
कदम 3 का ब्लॉक चित्र देखें।
- इनपुट इकाई: हमसे डेटा और निर्देश लेती है और उन्हें 0 और 1 में बदलती है।
- CPU (सेंट्रल प्रोसेसिंग यूनिट): दिमाग। इसमें ALU (अंकगणितीय तार्किक इकाई) जो जोड़ती और तुलना करती है, CU (नियंत्रण इकाई) जो हर भाग को आदेश देती है, और रजिस्टर, CPU के अंदर छोटे तेज़ भंडार।
- मेमोरी: डेटा और प्रोग्राम रखती है। काम करते समय प्राथमिक मेमोरी (RAM), बाद के लिए द्वितीयक भंडारण (हार्ड डिस्क, SSD)।
- आउटपुट इकाई: 0 और 1 को वापस ऐसे रूप में बदलती है जो हम समझें, जैसे स्क्रीन पर लिखावट या छपा पन्ना।
हार्डवेयर वह भाग है जिसे छू सकते हैं। सॉफ़्टवेयर प्रोग्रामों का समूह है। एक के बिना दूसरा बेकार है।
जुड़ाव: बस और पोर्ट
बस तारों का समूह है जो मदरबोर्ड पर भागों के बीच संकेत ले जाता है।
- डेटा बस: असली डेटा ले जाती है। दोनों दिशाओं में।
- एड्रेस बस: मेमोरी का पता ले जाती है, यानी कहाँ पढ़ना या लिखना है। एक दिशा, CPU से मेमोरी की ओर।
- कंट्रोल बस: "पढ़ो" या "लिखो" जैसे आदेश और समय के संकेत ले जाती है।
पोर्ट कंप्यूटर के बाहर लगा सॉकेट है। USB से कीबोर्ड, माउस, पेन ड्राइव जुड़ते हैं। HDMI और VGA से मॉनिटर और प्रोजेक्टर। ऑडियो जैक से स्पीकर। ईथरनेट (LAN) पोर्ट से नेटवर्क। ब्लूटूथ और वाई-फ़ाई बिना तार के जोड़ते हैं।
इनपुट और आउटपुट उपकरण
इनपुट उपकरण
कीबोर्ड, माउस, स्कैनर, माइक्रोफ़ोन, वेबकैम, जॉयस्टिक, बारकोड रीडर, बायोमेट्रिक (अँगूठा) सेंसर, OMR और OCR रीडर, टचपैड, स्टाइलस।
आउटपुट उपकरण
मॉनिटर, प्रिंटर (इंकजेट, लेज़र, डॉट-मैट्रिक्स), प्लॉटर, स्पीकर, हेडफ़ोन, प्रोजेक्टर, 3D प्रिंटर।
इनपुट और आउटपुट दोनों
टचस्क्रीन आपका स्पर्श लेती है (इनपुट) और चित्र दिखाती है (आउटपुट)। माइक वाला हेडसेट भी दोनों करता है।
तरीका: पूछें, "डेटा कंप्यूटर के अंदर जा रहा है या बाहर आ रहा है?"
करके देखें: घर में I-P-O-S खोज
घर में घूमें। ऐसी 3 मशीनें ढूँढें जिनके अंदर छोटा कंप्यूटर है: वॉशिंग मशीन, माइक्रोवेव, TV रिमोट, फ़ोन। हर एक के लिए लिखें: इनपुट क्या है (बटन, स्पर्श, आवाज़)? आउटपुट क्या है (डिस्प्ले, आवाज़, हलचल)? फिर 3D के कदम 6 में 5 उपकरणों पर पहले अनुमान लगाएँ, फिर जाँचें।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- कंप्यूटर = इनपुट → प्रोसेस (CPU) → आउटपुट, साथ में भंडारण
- CPU = ALU + CU + रजिस्टर
- बस: डेटा (दोनों ओर), एड्रेस (एक ओर), कंट्रोल
- पीढ़ियाँ: ट्यूब → ट्रांज़िस्टर → IC → माइक्रोप्रोसेसर → AI
हल किए गए उदाहरण
1. छाँटें: स्कैनर, प्लॉटर, टचस्क्रीन, माइक्रोफ़ोन।
स्कैनर: इनपुट। प्लॉटर: आउटपुट। टचस्क्रीन: दोनों। माइक्रोफ़ोन: इनपुट।
2. आपने किसी फ़ाइल पर "Print" दबाया। भागों में रास्ता बताइए।
माउस क्लिक इनपुट है। CPU की CU आदेश पढ़ती है, मेमोरी से फ़ाइल लाती है, ALU पन्ना तैयार करता है, और डेटा पोर्ट से प्रिंटर (आउटपुट) तक जाता है।
3. एड्रेस बस एक दिशा वाली और डेटा बस दोनों दिशा वाली क्यों?
पता केवल CPU तय करता है, इसलिए पता एक ओर जाता है (CPU → मेमोरी)। डेटा दोनों ओर जाना चाहिए: मेमोरी से पढ़ना और मेमोरी में लिखना।
4. समय के क्रम में लगाएँ: माइक्रोप्रोसेसर, ENIAC, पास्कलाइन, एनालिटिकल इंजन।
पास्कलाइन (1642) → एनालिटिकल इंजन (1834) → ENIAC (1946) → माइक्रोप्रोसेसर (1971)।
आम गलतियाँ
- CPU वाले डिब्बे (कैबिनेट) को CPU कहना। CPU अंदर की चिप है।
- टचस्क्रीन को केवल आउटपुट मानना। यह इनपुट और आउटपुट दोनों है।
- डेटा और सूचना को एक समझना। डेटा कच्चा है; सूचना प्रोसेस होकर उपयोगी बनती है।
- एड्रेस बस को दोनों दिशा वाली कहना। यह केवल CPU से पता ले जाती है।