📘 CodingMarble Learn

उत्तरी युद्ध (1700–1721)

1700 में रूस, डेनमार्क और सैक्सनी-पोलैंड ने बाल्टिक सागर तक पहुँचने के लिए स्वीडन से युद्ध शुरू किया। रूस 1700 में नार्वा में हारा, फिर पीटर ने सेना नए सिरे से बनाई और 1703 में सेंट पीटर्सबर्ग की नींव रखी। 1709 में पोल्टावा में रूस ने स्वीडन की मुख्य सेना हराई। नौसैनिक जीतें भी हुईं। निस्ताद की संधि (1721) ने रूस को बाल्टिक तट दिया, और पीटर "सम्राट" घोषित हुआ, यानी रूस साम्राज्य बना।

🎬 कदम-दर-कदम कहानी

  1. 1700: रूस, डेनमार्क और सैक्सनी-पोलैंड स्वीडन से लड़ने साथ आते हैं। स्वीडन के युवा राजा चार्ल्स XII की सेना बहुत मज़बूत है।
  2. नवंबर 1700, नार्वा: नई रूसी सेना हार जाती है। सी-सॉ स्वीडन की ओर झुकता है। पीटर हार से सीखता है।
  3. पीटर सेना फिर से बनाता है और 1703 में बाल्टिक के पास नेवा पर सेंट पीटर्सबर्ग की नींव रखता है। दोनों पक्ष लगभग बराबर हो जाते हैं।
  4. 1709, पोल्टावा: रूस स्वीडन की मुख्य सेना को हराता है। सी-सॉ रूस की ओर झुकता है। फिर गंगुत (1714) और ग्रेनगम (1720) में नौसैनिक जीतें मिलती हैं।
  5. 1721, निस्ताद की संधि: 21 साल बाद युद्ध ख़त्म। रूस को बाल्टिक तट मिलता है। पीटर सम्राट घोषित होता है और रूस साम्राज्य बनता है।
  6. अब तुम खेलो: साल का स्लाइडर 1700 से 1721 तक चलाओ। देखो सी-सॉ किधर झुकता है और हर घटना पढ़ो।

टिप: 3D दृश्य को घुमाने के लिए खींचें। ज़ूम के लिए दो उंगलियाँ इस्तेमाल करें।

🤔 आम शंकाएँ और उनके जवाब

नार्वा में रूस क्यों हारा?

रूसी सेना नई थी और रसद ख़राब थी, और चार्ल्स XII ने बर्फ़ीले तूफ़ान में वार किया। स्टेप 1 में सी-सॉ स्वीडन की ओर झुकता है।

सेंट पीटर्सबर्ग इतना ज़रूरी क्यों है?

उससे रूस को बाल्टिक बंदरगाह, यूरोप की खिड़की और बाद में राजधानी मिली। स्टेप 2 देखो।

पोल्टावा निर्णायक मोड़ क्यों था?

स्वीडन की मुख्य सेना हारी, इसलिए वह जीत नहीं सकता था। स्टेप 3 का सी-सॉ रूस की ओर झुकता है।

निस्ताद में रूस को क्या मिला?

बाल्टिक के इलाक़े (लिवोनिया, एस्टोनिया, इंग्रिया) और बंदरगाह। स्टेप 4 में संधि मेज़ पर है।

क्या युद्ध थोड़े समय चला?

नहीं, 21 साल। स्टेप 5 में 1700 से 1721 तक स्लाइडर चलाकर देखो कि संतुलन कितने समय तक हिलता रहा।

युद्ध क्यों शुरू हुआ (1700)

बाल्टिक तट का ज़्यादातर हिस्सा स्वीडन के पास था। रूस के पास उत्तर में अच्छा बंदरगाह नहीं था और वह यूरोप से व्यापार के लिए एक चाहता था। 1699-1700 में पीटर ने डेनमार्क-नॉर्वे और सैक्सनी-पोलैंड ("उत्तरी गठबंधन") के साथ स्वीडन के ख़िलाफ़ मोर्चा बनाया। स्वीडन का राजा चार्ल्स XII सिर्फ़ 18 साल का था, पर बहुत अच्छा सेनापति था। यही महान उत्तरी युद्ध था।

नार्वा (1700): कड़ा सबक

नवंबर 1700 में चार्ल्स XII ने बर्फ़ीले तूफ़ान में नार्वा पर रूसी सेना पर वार किया। नई रूसी सेना हार गई और उसने कई तोपें खोईं। फिर चार्ल्स पोलैंड और सैक्सनी से लड़ने मुड़ा, जिससे पीटर को समय मिला। पीटर ने सेना फिर बनाई: पूरे देश से रंगरूट भर्ती किए, नई तोपें ख़रीदीं और बनवाईं और अफ़सरों को प्रशिक्षण दिया।

सेंट पीटर्सबर्ग और पहली जीतें (1701–1708)

रूसी सेनाओं ने नेवा नदी के किनारे के क़िले लिए। 1703 में पीटर ने नेवा के मुहाने पर सेंट पीटर्सबर्ग की नींव रखी, जिसमें पीटर-पॉल क़िला था। यह "यूरोप की खिड़की" थी और बाद में राजधानी बनी। 1704 में रूस ने नार्वा और दोरपाट लिए।

पोल्टावा (1709)

1708 में चार्ल्स XII रूस में घुसा। ठंड और रूसी "झुलसी धरती" की चाल ने उसकी सेना को कमज़ोर किया। 27 जून 1709 (पुरानी तिथि) को दोनों सेनाएँ यूक्रेन में पोल्टावा पर भिड़ीं। बेहतर रसद वाली रूसी सेना साफ़ जीती। चार्ल्स ऑटोमन इलाक़े भाग गया। स्वीडन फिर कभी बाल्टिक का नेता नहीं रहा।

पोल्टावा के बाद: समुद्र और प्रुत

1711 में पीटर ऑटोमन के विरुद्ध प्रुत पर चला, घिर गया और संधि करके आज़ोव लौटाना पड़ा। समुद्र में नए बाल्टिक बेड़े ने गंगुत (1714) में, रूस की पहली बड़ी नौसैनिक जीत, और ग्रेनगम (1720) में जीत पाई।

निस्ताद की संधि और साम्राज्य (1721)

निस्ताद की संधि (सितंबर 1721) ने युद्ध ख़त्म किया। रूस को लिवोनिया, एस्टोनिया, इंग्रिया और करेलिया का हिस्सा मिला, यानी बाल्टिक तट और रीगा व रेवल जैसे बंदरगाह। रूस ने स्वीडन को कुछ धन दिया और फ़िनलैंड लौटाया।

अक्टूबर 1721 में सीनेट ने पीटर से सम्राट (इम्पेरातोर) की उपाधि लेने, और "पीटर महान" तथा "पितृभूमि का पिता" कहलाने का अनुरोध किया। तब से रूस आधिकारिक रूप से साम्राज्य बना, जो इस बात का संकेत था कि वह यूरोप की बड़ी शक्ति बन गया है।

करके देखो

सी-सॉ बनाओ। पेंसिल पर रूलर रखो। दोनों ओर 4-4 सिक्के रखो, फिर एक तरफ़ से 2 हटाओ और झुकाव देखो। इसे नार्वा (रूस का वज़न घटा), पोल्टावा (स्वीडन का वज़न घटा) और निस्ताद से मिलाओ। पहले अंदाज़ा लगाओ: किस साल पलड़ा रूस की ओर सबसे ज़्यादा झुकता है? फिर 3D में स्लाइडर से जाँचो।

मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ

हल किए गए उदाहरण

1. महान उत्तरी युद्ध कितने साल चला?

1721 − 1700 = 21 साल।

2. नार्वा (1700) और पोल्टावा (1709) के बीच कितने साल बीते?

1709 − 1700 = 9 साल।

3. निस्ताद की संधि रूस के लिए क्यों ज़रूरी थी?

उससे रूस को बाल्टिक तट और यूरोप से व्यापार के बंदरगाह मिले और समुद्र पर स्वीडन की पकड़ ख़त्म हुई। उसी साल पीटर ने सम्राट की उपाधि ली।

आम गलतियाँ

अभ्यास क्विज़

1. 1709 की कौन-सी लड़ाई ने युद्ध रूस के पक्ष में मोड़ा?
2. उत्तरी युद्ध में स्वीडन का राजा कौन था?
3. किस संधि ने उत्तरी युद्ध ख़त्म किया?
4. सेंट पीटर्सबर्ग किस साल बसाया गया?
5. 1721 में पीटर ने कौन-सी उपाधि ली?

अभ्यास: खुद जवाब दो

अपना जवाब लिखो या चुनो, फिर जाँचें दबाओ। अटको तो संकेत देखो; जवाब देने के बाद पूरा हल दिखेगा।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

रूस स्वीडन से क्यों लड़ा?

बाल्टिक तट स्वीडन के पास था, और रूस को व्यापार तथा यूरोपीय शक्तियों में शामिल होने के लिए बंदरगाह चाहिए था। पीटर ने डेनमार्क और सैक्सनी-पोलैंड से गठबंधन किया।

पोल्टावा में क्या हुआ?

27 जून 1709 (पुरानी तिथि) को रूसी सेना ने यूक्रेन में चार्ल्स XII की मुख्य सेना को हराया। यह युद्ध का निर्णायक मोड़ था।

सम्राट की उपाधि का रूस के लिए क्या मतलब था?

यह दिखाता था कि रूस अब खुद को यूरोप की दूसरी शक्तियों के बराबर बड़ी शक्ति मानता है। राज्य रूसी साम्राज्य बन गया।

पहले यह पढ़ें

आगे पढ़ें

इससे जुड़े पाठ

सभी इतिहास पाठ