घोल का द्रव्यमान प्रतिशत क्या है?
घोल (solution) में नमक (विलेय, solute) पानी (विलायक, solvent) में बराबर फैला होता है। कोई घोल तेज़ होता है, कोई हल्का। इसे बताने के लिए एक संख्या चाहिए।
यह संख्या द्रव्यमान प्रतिशत है। यह बताती है कि 100 g घोल में कितने ग्राम नमक है।
द्रव्यमान प्रतिशत = (नमक का द्रव्यमान ÷ घोल का द्रव्यमान) × 100
ध्यान रहे: घोल का द्रव्यमान = नमक + पानी। 10% घोल का मतलब है 100 g घोल में 10 g नमक, यानी बाकी 90 g पानी।
पहला चरण: नमक और पानी की मात्रा निकालना
सूत्र को उलट दो:
नमक का द्रव्यमान = कुल द्रव्यमान × प्रतिशत ÷ 100
पानी का द्रव्यमान = कुल द्रव्यमान − नमक
उदाहरण: 50 g का 10% घोल चाहिए। नमक = 50 × 10 ÷ 100 = 5 g। पानी = 50 − 5 = 45 g।
पानी का घनत्व 1 g/mL है, इसलिए 45 g पानी का आयतन 45 mL होता है। इसी वजह से पानी को तौलने की जगह मापक जार में माप सकते हैं।
दूसरा और तीसरा चरण: नमक तौलना, पानी मापना
नमक तौलना। तराज़ू चालू करो और पलड़े पर साफ़, सूखा कागज़ रखो। टेयर (शून्य) दबाओ ताकि कागज़ का भार गिना न जाए। चम्मच से धीरे-धीरे नमक डालो, जब तक पढ़त ठीक हिसाब वाली न हो जाए। नमक हवा से नमी ले लेता है, इसलिए उसे ज़्यादा देर खुला मत छोड़ो।
पानी मापना। मापक जार में पानी डालो। पास पहुँचकर आख़िरी कुछ mL ड्रॉपर से डालो। आँख को पानी की सतह के बराबर रखो और टेढ़ी सतह (मेनिस्कस) का सबसे नीचे वाला हिस्सा पढ़ो। ऊपर या नीचे से मत पढ़ो।
चौथा चरण: घोलना और हिलाना
नमक को साफ़ बीकर में डालो, फिर पानी डालो। काँच की छड़ से तब तक हिलाओ जब तक कोई दाना न बचे। नमक बहुत छोटे कणों में टूटकर पानी में फैल जाता है, जो आँख से नहीं दिखते। छड़ को बीकर की दीवार पर मत मारो।
घोल को नाम लिखी बोतल में रखो। अच्छे लेबल में नाम, प्रतिशत और तारीख होती है, जैसे: NaCl घोल, 10%।
खुद करके देखो: रसोई वाला प्रयोग
अगर घर में रसोई का तराज़ू है तो 100 g का 5% नमक घोल बनाओ। पहले हिसाब लिखो: नमक = 5 g, पानी = 95 g। 5 g नमक तौलो, फिर पानी डालो जब तक कुल 100 g न हो जाए। फिर 2% वाला बनाकर दोनों की तुलना करो। प्रयोगशाला में बनी कोई चीज़ कभी चखो मत। 3D में पहले संख्याएँ अनुमान से सोचो, फिर स्लाइडर से जाँचो।
आम गलतियाँ और उनसे बचाव
- टेयर करना भूल जाना, जिससे कागज़ का भार जुड़ जाता है।
- प्रतिशत द्रव्यमान से है, आयतन से नहीं, यह भूल जाना।
- कागज़ या चम्मच पर नमक चिपका रह जाना: थपथपाकर पूरा बीकर में डालो।
- मापक जार को ऊपर से देखकर पढ़ना: पानी ज़्यादा या कम नप जाएगा।
- गीला चम्मच या बीकर: इससे तौला गया नमक बदल जाता है।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- द्रव्यमान प्रतिशत = (विलेय का द्रव्यमान ÷ घोल का द्रव्यमान) × 100
- विलेय का द्रव्यमान = कुल द्रव्यमान × प्रतिशत ÷ 100
- पानी का द्रव्यमान = कुल द्रव्यमान − विलेय का द्रव्यमान
- घोल का द्रव्यमान = विलेय + विलायक
- पानी: 1 g = 1 mL (घनत्व 1 g/mL)
हल किए गए उदाहरण
1. 50 g का 10% NaCl घोल बनाना है। कितना नमक और कितना पानी चाहिए?
नमक = 50 × 10 ÷ 100 = 5 g। पानी = 50 − 5 = 45 g, यानी 45 mL।
2. 200 g का 6% घोल बनाने के लिए कितना नमक चाहिए?
नमक = 200 × 6 ÷ 100 = 12 g। (पानी = 188 g = 188 mL।)
3. अनिल ने 8 g नमक 72 g पानी में घोला। द्रव्यमान प्रतिशत कितना है?
घोल का द्रव्यमान = 8 + 72 = 80 g। प्रतिशत = 8 ÷ 80 × 100 = 10%।
4. डॉक्टर को 500 g का 0.9% सलाइन चाहिए। कितना नमक लगेगा?
नमक = 500 × 0.9 ÷ 100 = 4.5 g। बाकी 495.5 g पानी है।
5. एक छात्रा ने गलती से 6 g नमक तौला और 45 mL पानी मिलाया। असल में कितने प्रतिशत का घोल बना?
घोल = 6 + 45 = 51 g। प्रतिशत = 6 ÷ 51 × 100 = 11.8%, जो चाहे गए 10% से तेज़ है।
6. 100 g का 10% घोल है। उसमें 100 g शुद्ध पानी मिलाया। नया प्रतिशत क्या होगा?
नमक 10 g ही रहा। नया कुल = 200 g। प्रतिशत = 10 ÷ 200 × 100 = 5%। पानी मिलाने से घोल हल्का हो जाता है।
आम गलतियाँ
- घोल के कुल द्रव्यमान को ही पानी का द्रव्यमान मान लेना। पानी = कुल − नमक।
- टेयर न दबाना, जिससे कागज़ या बीकर का भार भी नमक में जुड़ जाता है।
- पानी का स्तर मेनिस्कस के ऊपर से पढ़ना।
- 10% घोल का मतलब 100 g पानी में 10 g नमक समझ लेना। सही मतलब है 100 g घोल में 10 g नमक।