घिसाई के पदार्थ (अपघर्षक) और औज़ार
अपघर्षक (एब्रेसिव) बहुत कठोर पदार्थ है जो छोटे कणों के रूप में होता है। हर कण सतह को खुरचकर छोटा टुकड़ा हटाता है। औज़ार उस पदार्थ से ज़्यादा कठोर होना चाहिए जिसे वह काटता है।
- एल्युमिना (Al2O3): कठोरता लगभग 9। सामान्य ग्राइंडिंग के लिए।
- सिलिकॉन कार्बाइड (SiC): लगभग 9.5। तेज़ और कठोर, सिरेमिक, पत्थर और काँच के लिए।
- क्यूबिक बोरॉन नाइट्राइड (CBN): बहुत कठोर, कड़े स्टील के लिए।
- हीरा: कठोरता 10, सिरेमिक के लिए सबसे अच्छा। आरी, ड्रिल और पहियों में।
ग्रिट का आकार: ग्रिट का नंबर कण का आकार बताता है। नंबर बड़ा तो कण छोटे। मोटा ग्रिट (लगभग 60) तेज़ काटता है और खुरदरी सतह छोड़ता है। बारीक ग्रिट (1000 या ज़्यादा) धीरे काटता है और चिकनी सतह देता है।
औज़ार के रूप: बंधे पहिये (कण राल या काँच जैसे बंधन में), रेगमाल और बेल्ट, लैपिंग के लिए घोल में खुले कण, और हीरे की आरी व ड्रिल। पानी या कूलेंट गर्मी और बुरादा बहा ले जाता है।
सिरेमिक प्रसंस्करण: काटना, ग्राइंडिंग, लैपिंग, पॉलिश
पका सिरेमिक कठोर और भंगुर है: वह मुड़ता नहीं, चटकता है। इसलिए जितना हो सके आकार पकाने से पहले, जब वह नरम है, दे दो। पकाने के बाद सिर्फ़ घिसाई या खास तरीके चलते हैं।
- काटना: हीरे की आरी से नाप पर।
- ग्राइंडिंग: पहिया नाप तक पहुँचने के लिए तेज़ी से पदार्थ हटाता है। पहले मोटा ग्रिट, फिर बारीक।
- लैपिंग: बारीक खुले ग्रिट वाली समतल प्लेट सतह को बहुत समतल बनाती है।
- पॉलिश: अत्यंत बारीक ग्रिट से शीशे जैसी सतह मिलती है।
कठोर आकारों के लिए और तरीके: अल्ट्रासोनिक मशीनिंग, लेज़र कटिंग और वाटरजेट कटिंग।
भंगुरता का ध्यान: हल्का दबाव रखो, कूलेंट से ठंडा रखो और झटके से बचो। छोटी खरोंच बड़ी दरार शुरू कर सकती है, इसलिए फिनिशिंग से पुर्ज़ा मज़बूत भी होता है।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- समय = हटाने की मोटाई ÷ हटाने की दर
- पहिये की सतही चाल v = π × D × N ÷ 60 (D मीटर में, N rpm में, v मी/से में)
- पासों की संख्या = कुल हटाना ÷ प्रति पास हटाना
- खुरदरेपन में कमी % = (पहले का Ra − बाद का Ra) ÷ पहले का Ra × 100
- औज़ार की कठोरता सिरेमिक से ज़्यादा होनी चाहिए
हल किए गए उदाहरण
1. पहिया 0.5 मिमी प्रति मिनट हटाता है। 2 मिमी हटाने में कितना समय लगेगा?
समय = 2 ÷ 0.5 = 4 मिनट।
2. 0.2 मी व्यास का पहिया 3000 rpm पर घूमता है। सतही चाल निकालो। (π = 3.14)
v = 3.14 × 0.2 × 3000 ÷ 60 = 31.4 मी/से।
3. ब्लॉक 10 मिमी मोटा है और 9.2 मिमी तक घिसना है। हर पास 0.05 मिमी हटाता है। कितने पास?
हटाना = 10 − 9.2 = 0.8 मिमी। पास = 0.8 ÷ 0.05 = 16।
4. लैपिंग से खुरदरापन Ra 2.0 µm से 0.2 µm हो गया। प्रतिशत कमी निकालो।
(2.0 − 0.2) ÷ 2.0 × 100 = 90%।
5. एक पहिया 400 पुर्ज़े तैयार कर सकता है। कारखाने को 12,000 पुर्ज़े चाहिए। कितने पहिये?
12,000 ÷ 400 = 30 पहिये।
6. क्या लगभग 5 कठोरता वाला स्टील औज़ार लगभग 9 कठोरता वाले एल्युमिना सिरेमिक को काट सकता है? क्या लेना चाहिए?
नहीं। औज़ार सिरेमिक से ज़्यादा कठोर होना चाहिए। सिलिकॉन कार्बाइड (9.5) या हीरा (10) लो।
आम गलतियाँ
- सोचना कि ग्रिट का नंबर बड़ा तो कण बड़े। उल्टा है: नंबर बड़ा, कण बारीक।
- जल्दी काटने के लिए बहुत ज़ोर से दबाना। भंगुर सिरेमिक भारी दबाव या झटके से चटकता है।
- पके सिरेमिक पर स्टील के औज़ार लगाना। स्टील नरम है और घिस जाता है।
- जो आकार पकाने से पहले बन सकता था उसे पकाने के बाद मशीन से बनाना। नरम टुकड़े को आकार देना सस्ता है।