Romania Clasa a X-a Geography (Human Geography)
अध्याय: 4
1. Political geography
States and regional groupings
- राज्य और सरकार: राज्य किससे बनता है – राज्य एक राजनीतिक समुदाय है जिसके चार तत्व हैं: स्थायी जनसंख्या, निश्चित क्षेत्र, सरकार और संप्रभुता (अंदर सबसे ऊँची शक्ति, बाहर स्वतंत्रता)। सरकार वह टीम है जो राज्य चलाती है और बदलती रहती है; राज्य बना रहता है। राज्य इसमें अलग होते हैं कि फ़ैसला कौन करता है (लोकतंत्र, राजतंत्र, तानाशाही), शक्ति कैसे बँटी है (एकात्मक या संघीय) और वे नागरिकों के लिए कितना करते हैं।
2. Population and settlements
Population dynamics · Population distribution and structure · Human settlements
- भारतीय समाज की जनसांख्यिकीय संरचना – जनसांख्यिकी यानी जनसंख्या का अध्ययन: कितने लोग हैं, कैसे बढ़ते हैं, और कौन हैं (उम्र, लिंग, जगह)। माल्थस ने कहा जनसंख्या भोजन से तेज़ बढ़ती है, इसलिए भूख उसे रोकती है। जनसांख्यिकीय संक्रमण का सिद्धांत बताता है कि समाज ऊँची जन्म और मृत्यु दर से, मृत्यु दर पहले घटने पर जनसंख्या विस्फोट से होते हुए, कम जन्म और मृत्यु दर तक पहुँचता है। मुख्य माप हैं: जन्म दर, मृत्यु दर, वृद्धि दर, प्रजनन दर, शिशु और मातृ मृत्यु दर, जीवन प्रत्याशा, लिंग अनुपात और निर्भरता अनुपात। भारत की जनसंख्या युवा है; युवाओं को काम और कौशल मिले तो यह जनसांख्यिकीय लाभांश बन सकती है। गाँव और शहर प्रवास, व्यापार और मीडिया से जुड़े हैं, पर काम, सुविधाओं और आय में बँटे भी हैं। भारत की जनसंख्या नीति 1952 के परिवार नियोजन से, आपातकाल की ज़बरदस्ती नसबंदी से होकर, राष्ट्रीय जनसंख्या नीति 2000 तक पहुँची, जो स्वास्थ्य, शिक्षा और अपनी पसंद पर ज़ोर देती है।
- विश्व जनसंख्या: वितरण, घनत्व और वृद्धि – धरती पर लोग बराबर नहीं फैले। ज़्यादातर लोग पानी के पास उपजाऊ मैदानों में रहते हैं; मरुस्थल, ऊँचे पर्वत और बर्फ़ीले इलाक़ों में बहुत कम। घनत्व बताता है कि हर वर्ग किमी पर कितने लोग हैं। भौगोलिक, आर्थिक और सामाजिक कारक यह पैटर्न समझाते हैं। हज़ारों साल जनसंख्या धीरे बढ़ी, फिर 1800 के बाद बहुत तेज़ी से। जनसंख्या जन्म, मृत्यु और प्रवास से बदलती है। जनांकिकीय संक्रमण सिद्धांत बताता है कि गाँव की खेती से शहरी उद्योग की ओर बढ़ते समाज में जन्म और मृत्यु दर कैसे गिरती हैं। देश परिवार नियोजन और स्वास्थ्य सेवा से वृद्धि नियंत्रित करते हैं।
- मानव बस्तियाँ: ग्रामीण और नगरीय प्रकार, नगरों का विकास, नगरीकरण और स्मार्ट सिटी – बस्ती वह जगह है जहाँ लोग घर बनाकर रहते हैं, एक झोपड़ी से लेकर बड़े नगर तक। ग्रामीण बस्तियाँ खेती और दूसरे प्राथमिक कामों पर टिकी हैं; नगरीय बस्तियाँ उद्योग, व्यापार और सेवाओं पर। गाँव गुच्छित, अर्ध-गुच्छित, पल्ली या परिक्षिप्त हो सकते हैं। भारतीय नगर तीन कालों में बढ़े: प्राचीन, मध्यकालीन और आधुनिक। नगरीय हिस्सा 1901 में 11% से 2011 में 31% हुआ। नगरों को मुख्य काम से पहचानते हैं: प्रशासनिक, औद्योगिक, परिवहन, वाणिज्यिक, खनन, छावनी, शैक्षिक, धार्मिक और पर्यटन। स्मार्ट सिटी मिशन (2015) 100 नगरों को साफ़, सुरक्षित और रहने में आसान बनाना चाहता है।
3. Economic geography
Natural resources · Agriculture · Industry · Services
- विनिर्माण उद्योग – विनिर्माण कच्चे माल को ज़्यादा क़ीमती चीज़ों में बदलता है। यह रोज़गार देता है, खेती पर निर्भरता घटाता है और निर्यात से पैसा कमाता है। उद्योगों को कच्चे माल, भूमिका, पूँजी, स्वामित्व और भार के आधार पर बाँटा जाता है। उनकी जगह कच्चे माल, बिजली, श्रम, पूँजी, परिवहन और बाज़ार पर निर्भर है। उद्योग हवा, पानी, ज़मीन को प्रदूषित करते और शोर करते हैं, पर इसे रोका जा सकता है।
- पर्यटन भूगोल: संसाधन, प्रकार, प्रभाव और नियोजन – पर्यटन का अर्थ है घर से दूर कम से कम एक रात के लिए घूमने, व्यापार, इलाज या रिश्तेदारों से मिलने जाना। पर्यटन भूगोल पूछता है कि लोग कहाँ जाते हैं, क्यों, और पर्यटन जगहों पर क्या असर डालता है। जगहें प्राकृतिक संसाधनों (पर्वत, तट, वन्यजीव) और सांस्कृतिक संसाधनों (धरोहर, उत्सव, भोजन) से लोगों को खींचती हैं। लोग घर से धकेले और गंतव्य की ओर खींचे जाते हैं। पर्यटन घरेलू या अंतरराष्ट्रीय होता है, और इसके कई प्रकार हैं: इको, साहसिक, सांस्कृतिक, चिकित्सा और समुद्री। रिसॉर्ट अक्सर खोज से ठहराव और फिर पतन या पुनर्जीवन तक एक जीवन-चक्र से गुज़रते हैं। पर्यटन रोज़गार और पैसा लाता है, पर वहन क्षमता से ज़्यादा पर्यटक प्रकृति और संस्कृति को नुक़सान पहुँचाते हैं, इसलिए अच्छा नियोजन टिकाऊ पर्यटन चाहता है।
4. Economic and geopolitical groupings of the world
World economic groupings
- यूरोपीय संघ – यूरोपीय संघ (EU) 27 यूरोपीय देशों का समूह है जो कुछ फ़ैसले और क़ानून साझा करते हैं। इसकी शुरुआत 1951 में हुई, जब छह देशों ने कोयला और इस्पात साझा किया ताकि उनके बीच युद्ध असंभव हो जाए। धीरे-धीरे यह एकल बाज़ार बना जहाँ सामान, लोग, सेवाएँ और पैसा आज़ादी से चलते हैं। आयोग क़ानून का प्रस्ताव रखता है, संसद और परिषद उसे पारित करते हैं, और न्यायालय देखता है कि उसका पालन हो। 21 सदस्य यूरो चलाते हैं। यूनाइटेड किंगडम 2020 में बाहर हो गया।