निर्माण योजना बनाना
निर्माण योजना नक्शों को ऐसे काम में बदलती है जो किया जा सके। बनाने के चरण:
- लक्ष्य और नक्शे पढ़ो: माप, जगह, सामग्री, कब तक चाहिए।
- काम को हिस्सों में बाँटो: खुदाई, नींव, दीवारें, छत, फ़िनिशिंग।
- क्रम तय करो: जो काम दूसरे पर निर्भर है, उसे रुकना होगा। नींव जमे बिना दीवारें शुरू नहीं हो सकतीं।
- हर काम का समय निकालो मात्रा और टीम के रोज़ के काम से।
- बार चार्ट (गैंट चार्ट) बनाओ: हर काम एक पट्टी है, पट्टी की लंबाई उसके दिन हैं और उसकी जगह बताती है कि कब शुरू होगा।
- संसाधन तय करो: मज़दूर, औज़ार, सामग्री और वे कब पहुँचने चाहिए।
मौसम मायने रखता है। खेती वाले इलाक़ों में कंक्रीट का काम सूखे मौसम में रखो और कुछ अतिरिक्त दिन छोड़ो।
अस्थायी कामों की योजना
अस्थायी काम (temporary works) वे चीज़ें हैं जो हम सिर्फ़ काम को संभव या सुरक्षित बनाने के लिए बनाते हैं और काम खत्म होने पर हटा देते हैं। उदाहरण:
- मचान (scaffold): ऊँचाई पर खड़े होने के लिए बल्लियों और तख़्तों का ढाँचा।
- साँचा (formwork): लकड़ी या इस्पात का साँचा जो गीले कंक्रीट को जमने तक थामे रखता है।
- टेक (shoring, propping): खाई या स्लैब के सहारे।
- बाड़ और चेतावनी बोर्ड: लोगों और जानवरों को दूर रखने के लिए।
- साइट शेड और भंडार: औज़ार, सीमेंट और रिकॉर्ड के लिए।
- रास्ता, पानी और बिजली: ताकि ट्रक, मज़दूर और मशीनें काम तक पहुँच सकें।
- पानी निकासी: गड्ढे से पानी पंप करना या बहाना।
योजना बनाओ कि हर चीज़ कहाँ होगी, कौन बनाएगा, कितनी मज़बूत होनी चाहिए (मचान मज़दूरों और सामान का भार सहे) और कब हटेगी। अस्थायी कामों में पैसा और समय लगता है और बहुत-सी दुर्घटनाएँ खराब बने अस्थायी कामों से होती हैं, इसलिए ये योजना और खर्च का हिस्सा हैं।
विनिर्देश (specification)
विनिर्देश सामग्री और काम की गुणवत्ता का लिखित वर्णन है। नक्शा बताता है कहाँ और कितना बड़ा; विनिर्देश बताता है क्या और कितना अच्छा।
इसमें होते हैं: सामग्री और श्रेणी (सीमेंट का प्रकार, कंक्रीट मिश्रण 1:2:4, इस्पात की श्रेणी), माप (ईंट का आकार, सरिया का व्यास), काम का तरीक़ा (मिलाना, डालना, 7 दिन तराई), पास करने वाली जाँचें और पालन किया जाने वाला मानक या कोड। उदाहरण: "नींव का कंक्रीट 1:2:4, 0.4 मी चौड़ा, 0.4 मी गहरा, 7 दिन तराई" और "दीवारें प्रथम श्रेणी ईंट की, 230 मिमी मोटी, सीमेंट मसाला 1:6"।
यह अनुबंध का हिस्सा होता है, इसलिए खरीदार, बनाने वाला और निरीक्षक गुणवत्ता पर सहमत रहते हैं।
लागत का आकलन (estimate)
आकलन बनाने से पहले खर्च का हिसाब लगाया हुआ अनुमान है। चरण:
- नक्शों से मात्राएँ निकालो: कंक्रीट घन मी में, दीवार मी² में, सरिया किग्रा में, छत मी² में।
- इकाई दाम (दर) चुनो: प्रति घन मी, मी², किग्रा या मज़दूर के दिन का दाम।
- गुणा करो: मद का खर्च = मात्रा × दर।
- जोड़ो: सब मदों का योग, साथ में अस्थायी काम, बर्बादी और अनहोनी के लिए थोड़ी रकम (आकस्मिकता) और ठेकेदार का ऊपरी खर्च और लाभ।
उदाहरण: नींव का कंक्रीट = घेरा 20 मी × 0.4 मी × 0.4 मी = 3.2 घन मी। 6000 प्रति घन मी पर खर्च 19 200। दीवार = 20 × 2.5 मी − 2 मी² (दरवाज़ा) = 48 मी²। 800 प्रति मी² पर खर्च 38 400। दोनों मिलाकर 57 600, अतिरिक्त खर्च से पहले।
आकलन से हम डिज़ाइनों की तुलना भी करते हैं और तय करते हैं कि क्या हम वहन कर सकते हैं। बाद में असली खर्च से तुलना करो ताकि अगला आकलन बेहतर हो।
खुद करके देखो: तंबू की योजना
घर पर एक छोटा तंबू लगाने की योजना बनाओ। काम लिखो (ज़मीन साफ़ करना, चादर बिछाना, खूँटे गाड़ना, रस्सियाँ बाँधना)। क्रम तय करो। हर काम का समय लिखो। चौकोर कागज़ पर बार चार्ट बनाओ। क्या ऐसा है जो तुम्हारी मदद करता है पर तंबू नहीं है? (स्टूल, रस्सी का निशान, टॉर्च।) वही तुम्हारे अस्थायी काम हैं।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- योजना = काम + क्रम + समय + संसाधन
- बार चार्ट: पट्टी की लंबाई = काम के दिन; शुरुआत = जिस काम पर निर्भर है उसके बाद
- मात्रा (आयतन) = लंबाई × चौड़ाई × गहराई
- मद का खर्च = मात्रा × दर
- कुल = मदों का योग + अस्थायी काम + आकस्मिकता + ऊपरी खर्च
हल किए गए उदाहरण
1. खुदाई में 2 दिन, नींव में 3 दिन, दीवारों में 4 दिन और छत में 2 दिन लगते हैं, एक के बाद एक। पूरे काम में कितने दिन लगेंगे?
2 + 3 + 4 + 2 = 11 दिन।
2. नींव की पट्टी का घेरा 20 मी, चौड़ाई 0.4 मी और गहराई 0.4 मी है। कंक्रीट का आयतन निकालो।
20 × 0.4 × 0.4 = 3.2 घन मी।
3. कंक्रीट 6000 प्रति घन मी है। 3.2 घन मी का खर्च निकालो।
3.2 × 6000 = 19 200।
4. शेड का घेरा 20 मी, दीवार की ऊँचाई 2.5 मी और एक दरवाज़ा 2 मी² का है। दीवार का क्षेत्रफल निकालो।
20 × 2.5 = 50 मी²। दरवाज़ा घटाओ: 50 − 2 = 48 मी²।
5. दीवार 800 प्रति मी² है। 48 मी² का खर्च और 19 200 के कंक्रीट के साथ कुल निकालो।
48 × 800 = 38 400। कुल = 19 200 + 38 400 = 57 600।
6. 57 600 के कुल पर बर्बादी और अनहोनी के लिए 5% जोड़ो। नया कुल क्या है?
57 600 का 5% = 2 880। नया कुल = 57 600 + 2 880 = 60 480।
7. एक टीम रोज़ 12 मी² ईंट की दीवार बनाती है। 48 मी² में कितने दिन लगेंगे? छत दीवारों के बाद ही शुरू हो सकती है और छत में 2 दिन लगते हैं, तो इन दोनों कामों के कुल दिन कितने?
48 ÷ 12 = 4 दिन दीवारों के लिए। छत बाद में शुरू होती है, इसलिए कुल = 4 + 2 = 6 दिन।
आम गलतियाँ
- जिस काम पर निर्भर हो उसके पूरा होने से पहले अगला काम शुरू करना, जैसे कच्चे कंक्रीट पर दीवारें।
- अस्थायी कामों को खर्च और समय में भूल जाना।
- विनिर्देश में सिर्फ़ "अच्छी गुणवत्ता" लिखना, बिना संख्या या मानक के।
- बर्बादी और अतिरिक्त खर्च छोड़ देना, जिससे असली खर्च आकलन से ऊपर निकल जाता है।