उद्योग
उद्योग का अर्थ है वस्तुओं और पदार्थों का उत्पादन या प्रसंस्करण।
प्राथमिक उद्योग
- निष्कर्षण: प्रकृति से चीज़ें निकालना: खनन, मछली पकड़ना, शिकार, लकड़ी काटना।
- जननिक: पौधों और पशुओं को पालना-बढ़ाना: नर्सरी, मुर्गी पालन, पशु प्रजनन, मछली हैचरी।
द्वितीयक उद्योग
- विनिर्माण: कच्चे माल को तैयार माल में बदलना। चार प्रकार: विश्लेषणात्मक (एक पदार्थ से कई, जैसे कच्चे तेल से पेट्रोल, डीज़ल, केरोसिन), संश्लेषणात्मक (कई पदार्थ मिलाकर एक, जैसे सीमेंट), प्रक्रियायी (कई चरणों से गुज़रना, जैसे चीनी या काग़ज़), सांयोजिक (असेंबलिंग) (तैयार पुर्ज़े जोड़ना, जैसे कार या कंप्यूटर)।
- निर्माण (कंस्ट्रक्शन): सड़क, पुल, बाँध और भवन बनाना।
तृतीयक या सेवा उद्योग
प्राथमिक और द्वितीयक उद्योगों की मदद के लिए सेवाएँ देते हैं, जैसे परिवहन, बैंकिंग, बीमा, भंडारण। यही व्यापार के सहायक भी हैं।
वाणिज्य और व्यापार
वाणिज्य = व्यापार + व्यापार के सहायक। यह उत्पादकों को उपभोक्ताओं से जोड़ता है।
व्यापार वस्तुओं की ख़रीद-बिक्री है।
- आंतरिक (देशी) व्यापार: एक देश के अंदर। थोक = बड़ी मात्रा में ख़रीद-बिक्री, आम तौर पर फुटकर विक्रेताओं को। फुटकर = अंतिम उपभोक्ता को थोड़ी मात्रा में बेचना।
- बाह्य (विदेशी) व्यापार: देशों के बीच। आयात = दूसरे देश से ख़रीदना। निर्यात = दूसरे देश को बेचना। पुनः निर्यात (एंट्रेपोट) = माल इस उद्देश्य से आयात करना कि उसे फिर से निर्यात किया जाए, अक्सर थोड़े बदलाव के बाद।
व्यापार के सहायक और वे कौन-सी बाधाएँ दूर करते हैं
| सहायक | कौन-सी बाधा दूर | कैसे |
|---|---|---|
| परिवहन | स्थान | माल को बनने की जगह से ज़रूरत की जगह तक ले जाता है। |
| भंडारण | समय | ज़रूरत पड़ने तक माल सुरक्षित रखता है (जैसे फ़सल के बाद चावल)। |
| बैंकिंग और वित्त | वित्त | क़र्ज़, अधिविकर्ष और भुगतान सेवाएँ देता है। |
| बीमा | जोखिम | प्रीमियम के बदले आग, चोरी या दुर्घटना के नुक़सान की भरपाई करता है। |
| संचार | सूचना | फ़ोन, डाक, इंटरनेट ख़रीदार-विक्रेता को जोड़ते हैं। |
| विज्ञापन | सूचना | लोगों को उत्पाद के बारे में बताता और ख़रीदने को प्रेरित करता है। |
व्यावसायिक जोखिम
व्यावसायिक जोखिम ऐसी बातों के कारण नुक़सान होने या कम लाभ होने की संभावना है जिनका पूरा अंदाज़ा कोई नहीं लगा सकता।
व्यावसायिक जोखिम की प्रकृति
- यह भविष्य की अनिश्चितता से आता है।
- यह अनिवार्य है: कोई व्यवसाय इसे पूरी तरह टाल नहीं सकता; केवल घटा सकता है।
- इसकी मात्रा व्यवसाय की प्रकृति और आकार पर निर्भर है।
- लाभ जोखिम उठाने का इनाम है: जोखिम नहीं तो लाभ नहीं।
व्यावसायिक जोखिम के कारण
- प्राकृतिक: बाढ़, भूकंप, सूखा, भारी बारिश।
- मानवीय: चोरी, धोखाधड़ी, लापरवाही, हड़ताल, बिजली कटौती।
- आर्थिक: माँग गिरना, दाम बढ़ना, प्रतियोगिता, फ़ैशन बदलना, ब्याज बढ़ना।
- अन्य: युद्ध, राजनीतिक बदलाव, नई तकनीक से उत्पाद पुराना हो जाना।
करके देखिए
घर के पास की कोई दुकान चुनिए। चारों कारणों में से हर एक का एक जोखिम लिखिए, और उसे घटाने का एक तरीक़ा (जैसे आग के लिए बीमा)।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- व्यावसायिक क्रियाएँ = उद्योग + वाणिज्य
- वाणिज्य = व्यापार + व्यापार के सहायक
- परिवहन→स्थान, भंडारण→समय, बैंकिंग→वित्त, बीमा→जोखिम, संचार व विज्ञापन→सूचना
हल किए गए उदाहरण
1. वर्गीकृत कीजिए: (a) कच्चे तेल की रिफ़ाइनरी, (b) सीमेंट संयंत्र, (c) पुर्ज़े जोड़ने वाला कार संयंत्र, (d) चीनी मिल।
(a) विश्लेषणात्मक, (b) संश्लेषणात्मक, (c) सांयोजिक, (d) प्रक्रियायी। सभी द्वितीयक, विनिर्माण उद्योग हैं।
2. आम मई में तोड़े जाते हैं पर लोग आम का गूदा पूरे साल चाहते हैं। कौन-सा सहायक मदद करता है और कौन-सी बाधा दूर करता है?
भंडारण (शीत गृह)। यह समय की बाधा दूर करता है।
3. सिंगापुर मलेशिया से रबर आयात करता है, उसकी छँटाई-पैकिंग करता है और यूरोप भेज देता है। सिंगापुर के लिए यह किस तरह का व्यापार है?
पुनः निर्यात (एंट्रेपोट) व्यापार: दोबारा निर्यात के लिए आयात।
4. एक नया वीडियो गेम लोकप्रिय होने पर खिलौने की दुकान की बिक्री घट जाती है। जोखिम का कारण बताइए।
आर्थिक कारण: रुचि बदलना और माँग गिरना (नई तकनीक की भी भूमिका है)।
आम गलतियाँ
- वाणिज्य को व्यापार के बराबर कहना। वाणिज्य = व्यापार + सहायक।
- मुर्गी पालन को निष्कर्षण उद्योग में रखना। पशु पालना जननिक उद्योग है।
- विश्लेषणात्मक और संश्लेषणात्मक में गड़बड़: विश्लेषणात्मक एक को कई में तोड़ता है; संश्लेषणात्मक कई को एक में जोड़ता है।
- यह कहना कि बीमा जोखिम पूरी तरह हटा देता है। वह नुक़सान बाँटता और भरता है; घटना तो फिर भी हो सकती है।