ऋणपत्र क्या है? प्रकार
ऋणपत्र कंपनी की मुहर के साथ ऋण स्वीकार करने वाला प्रलेख है, स्थिर ब्याज दर और आम तौर पर तय तिथि पर वापसी। धारक ऋणदाता हैं, मालिक नहीं।
- सुरक्षा: सुरक्षित / असुरक्षित।
- अवधि: शोधनीय / अशोधनीय।
- परिवर्तनीयता: परिवर्तनीय / अपरिवर्तनीय।
- कूपन: विशेष कूपन / शून्य कूपन।
- पंजीकरण: पंजीकृत / वाहक।
अंश बनाम ऋणपत्र: अंश स्वामित्व, लाभांश केवल लाभ से, मताधिकार; ऋणपत्र ऋण, हानि में भी ब्याज, मताधिकार नहीं, समापन पर पहले वापसी।
सम, प्रीमियम और बट्टे पर निर्गमन
- सम: बैंक नामे, ऋणपत्र आवेदन-आवंटन जमा; फिर आवेदन-आवंटन नामे, ऋणपत्र जमा।
- प्रीमियम: अधिक राशि प्रतिभूति प्रीमियम में।
- बट्टा: ऋणपत्र निर्गमन पर बट्टा नामे (हानि)।
अति अभिदान अंशों जैसा।
ग़ैर-नकद प्रतिफल पर निर्गमन
संपत्ति नामे, विक्रेता जमा; फिर विक्रेता नामे, ऋणपत्र जमा (और प्रीमियम जमा या बट्टा नामे)। संख्या = क्रय प्रतिफल ÷ निर्गमन मूल्य।
शोधन शर्तों सहित निर्गमन (छह स्थितियाँ)
- सम पर, सम पर शोधन।
- बट्टे पर, सम पर शोधन।
- प्रीमियम पर, सम पर शोधन।
- सम पर, प्रीमियम पर शोधन।
- बट्टे पर, प्रीमियम पर शोधन।
- प्रीमियम पर, प्रीमियम पर शोधन।
प्रीमियम पर शोधनीय हो तो वह प्रीमियम अभी दायित्व: आवेदन-आवंटन नामे, निर्गमन पर हानि नामे; ऋणपत्र जमा, शोधन पर प्रीमियम जमा।
समानांतर प्रतिभूति के रूप में ऋणपत्र
ऋण की अतिरिक्त सुरक्षा। ऋण चुकने पर ऋणपत्र लौट आते हैं; न चुके तो ऋणदाता रख सकता है।
- पहली विधि: कोई प्रविष्टि नहीं; ऋण के नीचे टिप्पणी।
- दूसरी विधि: ऋणपत्र उचंत नामे, ऋणपत्र जमा; ऋणपत्रों से घटाकर दिखाते हैं।
ऋणपत्रों पर ब्याज
ब्याज लाभ पर प्रभार है। स्रोत पर कर कटौती (TDS)।
- ऋणपत्र ब्याज नामे; ऋणपत्रधारी जमा, TDS देय जमा।
- ऋणपत्रधारी नामे, बैंक जमा।
- TDS देय नामे, बैंक जमा।
- लाभ-हानि विवरण नामे, ऋणपत्र ब्याज जमा।
ब्याज सदा अंकित मूल्य पर।
बट्टा या हानि का अपलेखन
पहले प्रतिभूति प्रीमियम से, शेष लाभ-हानि विवरण से (वित्त लागत), निर्गमन वाले वर्ष में। बचा भाग 'अन्य गैर-चालू/चालू संपत्ति' में।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- निर्गमन पर हानि = निर्गमन बट्टा + शोधन प्रीमियम
- बट्टा = अंकित मूल्य − निर्गमन मूल्य
- ब्याज = अंकित मूल्य × दर
- विक्रेता को ऋणपत्र = प्रतिफल ÷ निर्गमन मूल्य
- TDS = ब्याज × दर; शुद्ध भुगतान = ब्याज − TDS
- अपलेखन: पहले प्रतिभूति प्रीमियम, फिर लाभ-हानि
हल किए गए उदाहरण
1. ₹100 के 10,000 10% ऋणपत्र सम पर।
बैंक नामे ₹10,00,000; आवेदन-आवंटन नामे, 10% ऋणपत्र जमा।
2. ₹100 के 5,000 ऋणपत्र 5% प्रीमियम पर, सम पर शोधनीय।
बैंक 5,25,000 नामे; ऋणपत्र 5,00,000, प्रतिभूति प्रीमियम 25,000 जमा।
3. 4,000 ऋणपत्र 5% बट्टे पर, 10% प्रीमियम पर शोधनीय। हानि?
₹15 × 4,000 = ₹60,000। बैंक 3,80,000 + हानि 60,000 नामे; ऋणपत्र 4,00,000, शोधन प्रीमियम 40,000 जमा।
4. ₹4,75,000 की मशीन, ₹100 के ऋणपत्र 5% बट्टे पर। संख्या?
4,75,000 ÷ 95 = 5,000।
5. ₹5,00,000 बैंक ऋण, 6,000 ऋणपत्र समानांतर (दूसरी विधि)।
ऋणपत्र उचंत नामे 6,00,000, ऋणपत्र जमा।
6. ₹10,00,000 10% ऋणपत्र; TDS 10%।
ब्याज 1,00,000: धारक 90,000, TDS 10,000।
7. हानि ₹60,000; प्रतिभूति प्रीमियम ₹35,000।
प्रीमियम 35,000 + लाभ-हानि 25,000 नामे; हानि जमा 60,000।
आम गलतियाँ
- ब्याज निर्गमन मूल्य पर निकालना; अंकित मूल्य लें।
- शोधन प्रीमियम का दायित्व निर्गमन पर भूल जाना।
- समानांतर ऋणपत्रों को नया ऋण मानना।
- प्रीमियम उपलब्ध होते हुए लाभ-हानि से अपलेखन।