भूदृश्य क्या है?
भूदृश्य किसी इलाके का पूरा रूप है। इसमें होते हैं:
- प्राकृतिक हिस्से: उच्चावच (पहाड़, मैदान, घाटी), चट्टान और मिट्टी, पानी (नदी, झील, समुद्र), जलवायु, पेड़-पौधे और जीव।
- इंसानी हिस्से: खेत, घर, सड़क, कारखाने, खदानें।
फ़ोटो, उपग्रह चित्र या उच्चावच नक्शे से मुख्य चीज़ देखकर भूदृश्य पहचाना जा सकता है: बहुत पेड़ = जंगल, बहुत ऊँची इमारतें = शहर, बड़ा खुला गड्ढा = खनन भूदृश्य।
भूदृश्य के प्रकार
प्राकृतिक (इंसानों ने कम बदले)
- पर्वतीय: खड़ी चोटियाँ, बर्फ़, हिमनद, कम पेड़ (आल्प्स, हिमालय, एंडीज़)।
- जंगल: ज़्यादातर ज़मीन पेड़ों से ढकी (अमेज़न, साइबेरिया का टैगा, पश्चिमी घाट)।
- झील: बहुत सी झीलें, अक्सर पुराने हिमनदों की बनाई (फ़िनलैंड, कनाडा)।
- दलदल (वेटलैंड): गीली ज़मीन, पक्षियों से भरी (सुंदरबन, पैंटानल)।
- और भी: रेगिस्तान, तट, घास का मैदान, टुंड्रा।
सांस्कृतिक (इंसानों के बनाए)
- ग्रामीण: खेत, बाग़, गाँव (एशिया के सीढ़ीदार धान खेत, यूरोप की अंगूर वाली पहाड़ियाँ)।
- उपनगरीय और कस्बाई: केंद्र के चारों ओर बगीचों वाले घर।
- शहरी: घनी इमारतें, सड़कें, कम हरियाली।
- औद्योगिक: कारखाने, चिमनियाँ, गोदाम।
- खनन: खुले गड्ढे, मलबे के ढेर।
- परिवहन: राजमार्ग, रेल, बंदरगाह, हवाई अड्डे।
तुलना: यूरोप और एशिया के पहाड़ आकार में मिलते-जुलते हैं, पर खेती, घर और परंपराएँ हर जगह को अलग सांस्कृतिक रूप देती हैं।
भूदृश्य बनाने वाले कारक
- चट्टान और उच्चावच: कठोर चट्टान से चोटियाँ और खड़ी चट्टानें बनती हैं; नरम चट्टान घिसकर मैदान बनती है।
- जलवायु: बारिश, तापमान और हवा तय करते हैं कि कौन-से पौधे उगेंगे और चट्टान कितनी जल्दी टूटेगी।
- पानी और बर्फ़: नदी V-आकार की घाटी काटती है, हिमनद U-आकार की, समुद्र तट को आकार देता है।
- जीव: पौधे मिट्टी को बाँधते हैं; पौधे-जीव मिलकर पारितंत्र बनाते हैं।
- इंसान: खेती, निर्माण, खनन और परिवहन सबसे तेज़ बदलाव लाते हैं।
प्राकृतिक कारक हज़ारों से लाखों साल लेते हैं; इंसान कुछ ही सालों में भूदृश्य बदल सकते हैं।
संतुलित, बदले हुए और बिगड़े भूदृश्य, और संरक्षण
- संतुलित: इंसान ज़मीन इस्तेमाल करते हैं पर संतुलन बना रहता है (मिले-जुले खेत, झाड़ियों की बाड़, जंगल के टुकड़े, पारंपरिक गाँव)।
- बदला हुआ: बहुत बदला, ज़्यादातर निर्माण (बड़े शहर, राजमार्ग), फिर भी काम करता हुआ।
- बिगड़ा हुआ: नुकसान वाला, जिसकी कीमत घट गई: गंदी नदियाँ, बही हुई मिट्टी, छोड़ी गई खदानें, कटे जंगल।
धरोहर के रूप में भूदृश्य
सुंदर या ऐतिहासिक भूदृश्य प्राकृतिक और सांस्कृतिक धरोहर हैं: ये सबके हैं, आने वाली पीढ़ियों के भी। कुछ विश्व धरोहर स्थल घोषित हैं।
भूदृश्य कैसे बचाएँ
- राष्ट्रीय उद्यान, अभयारण्य और भूदृश्य पार्क।
- योजना के नियम: कहाँ बनाना है, ऊँचाई की सीमा, हरित पट्टी।
- बिगड़ी ज़मीन सुधारना: पेड़ लगाना, पुरानी खदानें भरकर हरी करना।
- टिकाऊ खेती और पर्यटन, स्थानीय परंपराओं की देखभाल।
करके देखो
अपनी खिड़की से या अपने इलाके की फ़ोटो देखो। प्राकृतिक और इंसानी हिस्सों की सूची बनाओ। तय करो: संतुलित, बदला हुआ या बिगड़ा हुआ? इसे बचाने का एक उपाय लिखो।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- भूदृश्य = प्राकृतिक हिस्से (उच्चावच, पानी, जलवायु, मिट्टी, जीव) + इंसानी हिस्से
- प्राकृतिक: पर्वतीय, जंगल, झील, दलदल, रेगिस्तान, तट
- सांस्कृतिक: ग्रामीण, उपनगरीय, कस्बाई, शहरी, औद्योगिक, खनन, परिवहन
- हालतें: संतुलित → बदला हुआ → बिगड़ा हुआ
- संरक्षण: पार्क, अभयारण्य, योजना के नियम, सुधार
हल किए गए उदाहरण
1. उपग्रह चित्र में बड़ा धूसर इलाका, सड़कों का सीधा जाल और बहुत कम हरियाली दिखती है। भूदृश्य का प्रकार बताओ।
शहरी भूदृश्य: घनी इमारतें, सड़कों का जाल और कम हरियाली इसकी पहचान हैं।
2. एक घाटी में छोटे खेत, झाड़ियों की बाड़, पुराना गाँव और ढलानों पर जंगल के टुकड़े हैं। संतुलित, बदला हुआ या बिगड़ा हुआ?
संतुलित: इंसान ज़मीन इस्तेमाल कर रहे हैं, पर प्रकृति और खेती में संतुलन है।
3. पुरानी कोयला खदान से नंगा गड्ढा और गंदा पानी बचा है। सुधार के दो तरीके बताओ।
गड्ढे को मिट्टी से भरकर घास और पेड़ लगाओ; पानी साफ़ करके गड्ढे को झील या पार्क बनाओ।
आम गलतियाँ
- यह सोचना कि भूदृश्य सिर्फ़ ज़मीन का आकार है। पानी, पौधे और इंसानी निशान भी इसमें आते हैं।
- हर बदले भूदृश्य को 'बिगड़ा' कहना। शहर बदला हुआ है पर ठीक चल सकता है; बिगड़ा मतलब कीमत खो देना।
- जलवायु को कारक के रूप में भूलना। बारिश और तापमान तय करते हैं कि कौन-से पौधे और मिट्टी बनेंगे।
- यह सोचना कि संरक्षण का मतलब वहाँ कोई इंसान न हो। कई सुरक्षित भूदृश्यों में लोग सावधानी से खेती करते और रहते हैं।