शाखाएँ और उनका जुड़ाव
विश्व अर्थव्यवस्था दुनिया भर में वस्तुओं और सेवाओं के उत्पादन और लेन-देन का नाम है। हम इसे शाखाओं (उद्योगों) में बाँटते हैं। 3D में आठ दिखाई गई हैं। कोई भी अकेली नहीं चलती। जैसे, ट्रैक्टर के लिए इस्पात (धातुकर्म) चाहिए, जो ऊर्जा से कारख़ाने (मशीन निर्माण) में बनता है, फिर परिवहन से किसान तक पहुँचता है, और उसका पैसा वित्त और व्यापार से चुकता है।
ऊर्जा और धातुकर्म
ऊर्जा यानी ईंधन (कोयला, तेल, गैस), बिजली (कोयला, गैस, जल, परमाणु, पवन, सौर से) और ऊष्मा। बाक़ी हर शाखा को इसकी ज़रूरत है, और यह जलवायु परिवर्तन का बड़ा कारण भी है, इसलिए दुनिया स्वच्छ स्रोतों की ओर बढ़ रही है।
धातुकर्म अयस्क से धातु निकालता है और मिश्रधातुएँ बनाता है। लोहा और इस्पात सबसे ज़्यादा इस्तेमाल होते हैं; फिर ऐल्युमिनियम, ताँबा आदि। धातुकर्म को बहुत ऊर्जा चाहिए और वह अक्सर अयस्क, कोयले या बंदरगाह के पास होता है।
मशीन निर्माण और रसायन
मशीन निर्माण मशीनें, औज़ार, वाहन, जहाज़, इलेक्ट्रॉनिक सामान और उपकरण बनाता है। इसे इस्पात, कुशल कारीगर और बाज़ार चाहिए, और यह बाक़ी हर शाखा को सामान देता है।
रसायन उद्योग तेल, गैस, लवण और खनिज जैसे कच्चे माल से खाद, प्लास्टिक, दवाएँ, रंग और रेशे बनाता है। इसे ऊर्जा, पानी और कड़ी सुरक्षा व प्रदूषण-नियंत्रण चाहिए।
कृषि
कृषि भोजन और कच्चे माल (कपास, रबर, लकड़ी) के लिए फ़सलें उगाती और पशु पालती है। ग़रीब देशों में यह अब भी बहुत लोगों को रोज़गार देती है, पर मशीनों, खाद और सिंचाई का इस्तेमाल बढ़ता जा रहा है। यह जलवायु, मिट्टी और पानी पर निर्भर है, और खाद्य उद्योग, परिवहन व व्यापार से जुड़ी है।
परिवहन, वित्त, व्यापार और पर्यटन
- परिवहन सड़क, रेल, समुद्र, हवा और पाइपलाइन से माल और लोगों को ले जाता है। वज़न के हिसाब से दुनिया का ज़्यादातर माल समुद्र से जाता है।
- वित्त (बैंक, बीमा, बाज़ार) उधार देता और पैसा घुमाता है ताकि कंपनियाँ बना, ख़रीद और बढ़ सकें।
- व्यापार देश के भीतर और देशों के बीच वस्तुओं और सेवाओं का लेन-देन है। पर्यटन उन यात्रियों का आना-जाना है जो ठहरने, खाने और यात्रा पर पैसा ख़र्च करते हैं।
ये तीनों सेवाएँ (तृतीयक क्षेत्र) हैं। ये उत्पादकों और ख़रीदारों को दुनिया भर में जोड़ती हैं।
खुद करके देखो
अपनी कोई चीज़ चुनो, जैसे साइकिल या स्कूल बैग। लिखो कि आठ में से कौन सी शाखाएँ उससे जुड़ी हैं। फिर 3D में हर शाखा चुनकर अपनी सूची को दिखाई गई जुड़ी शाखाओं से मिलाओ।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- ऊर्जा सब शाखाओं को चलाती है
- अयस्क → धातु (धातुकर्म) → मशीनें (मशीन निर्माण)
- व्यापार संतुलन = निर्यात − आयात
- परिवहन समय = दूरी ÷ चाल
हल किए गए उदाहरण
1. एक अयस्क में 40% लोहा है। 1 टन (1000 किग्रा) अयस्क से अधिकतम कितने किलोग्राम लोहा मिलेगा?
1000 किग्रा का 40% = 0.40 × 1000 = 400 किग्रा लोहा।
2. एक कारख़ाना रोज़ 500 kWh बिजली इस्तेमाल करता है। 30 दिन में कितनी?
500 × 30 = 15,000 kWh।
3. एक लॉरी को 600 किमी माल 60 किमी/घंटा की औसत चाल से ले जाना है। कितना समय लगेगा?
समय = 600 ÷ 60 = 10 घंटे।
4. एक देश 120 इकाई का निर्यात और 90 इकाई का आयात करता है। व्यापार संतुलन क्या है?
120 − 90 = +30 इकाई (अधिशेष)।
आम गलतियाँ
- यह सोचना कि हर शाखा स्वतंत्र है। वे एक-दूसरे पर निर्भर हैं, इसलिए ऊर्जा या परिवहन की समस्या आगे फैलती है।
- पर्यटन को निर्माण में गिनना। यह एक सेवा है।
- धातुकर्म और रसायन को "अच्छा" गिनते समय ऊर्जा की लागत और प्रदूषण भूल जाना।
- "व्यापार" (ख़रीद-बिक्री) और "परिवहन" (माल ढोना) को मिला देना।