पिक्सेल (Pixels): वर्गों से बना चित्र
कंप्यूटर चित्र को कागज़ की तरह नहीं रख सकता। इसलिए वह चित्र को छोटे-छोटे वर्गों की जाली में काट देता है। हर वर्ग एक पिक्सेल है। हर पिक्सेल में एक रंग होता है।
जाली का आकार रेज़ोल्यूशन (resolution) कहलाता है। 800 पिक्सेल चौड़े और 600 पिक्सेल ऊँचे चित्र में 800 × 600 = 4,80,000 पिक्सेल हैं। पिक्सेल ज़्यादा तो चित्र साफ़ और फ़ाइल बड़ी।
पिक्सेल किताब के शब्दों की तरह पंक्ति दर पंक्ति रखे जाते हैं। हर पिक्सेल बस एक या कुछ संख्याएँ है।
RGB: रंग तीन संख्याओं में
स्क्रीन तीन रोशनियाँ मिलाकर हर रंग बनाती है: लाल, हरा और नीला। इसे RGB मॉडल कहते हैं। हर रोशनी की तेज़ी 0 (बंद) से 255 (पूरी) तक होती है।
- (255, 0, 0) शुद्ध लाल।
- (0, 0, 0) काला। (255, 255, 255) सफ़ेद।
- (255, 255, 0) पीला: लाल और हरा साथ।
- (128, 128, 128) स्लेटी: तीनों बराबर।
255 क्यों? हर संख्या 8 बिट की है, और 8 बिट 0 से 255 तक, यानी 256 मान गिन सकते हैं।
कलर डेप्थ (Colour depth): हर पिक्सेल के कितने बिट
कलर डेप्थ यानी एक पिक्सेल के लिए इस्तेमाल हुए बिट की संख्या। b बिट से 2b अलग रंग बन सकते हैं।
- 1 बिट: 2 रंग (काला-सफ़ेद)।
- 2 बिट: 4 रंग।
- 8 बिट: 256 रंग।
- 24 बिट (R, G, B के 8-8 बिट): लगभग 1.67 करोड़ रंग। इसे ट्रू कलर कहते हैं।
बिट कम हों तो रंग सीढ़ियों में बँट जाते हैं, और साफ़ आसमान पट्टियों में बदल जाता है। चित्र का साइज़ = पिक्सेल × हर पिक्सेल के बिट (बाइट के लिए 8 से भाग दो)।
ध्वनि: सैंपलिंग रेट और बिट डेप्थ
ध्वनि हवा के दबाव की लहर है। माइक्रोफ़ोन उसे बिजली की लहर बनाता है। फिर कंप्यूटर उसका सैंपल (नमूना) लेता है: यानी सेकंड में कई बार लहर की ऊँचाई नापता है।
सैंपलिंग रेट यानी एक सेकंड में नमूनों की संख्या, हर्ट्ज़ (Hz) में। सीडी में 44,100 Hz होता है। फ़ोन कॉल में लगभग 8,000 Hz, इसलिए आवाज़ पतली लगती है।
बिट डेप्थ यानी हर नमूना कितने बिट में रखा गया। 8 बिट से 256 ऊँचाई-स्तर बनते हैं। सीडी में 16 बिट होते हैं, यानी 65,536 स्तर। बिट ज़्यादा तो आवाज़ चिकनी और पीछे का शोर कम।
नियम: आवाज़ बचाने के लिए उसकी सबसे ऊँची तान से कम से कम दुगुना सैंपल लो। इंसान लगभग 20,000 Hz तक सुनता है, इसलिए 44,100 Hz काफ़ी है।
ध्वनि का साइज़ = सैंपलिंग रेट × बिट डेप्थ × सेकंड × चैनल (स्टीरियो में 2 चैनल)।
खुद करो: लहर को हाथ से नापो
3D में आख़िरी चरण पर जाओ। नमूने 6 रखो, फिर 48। देखो नीली छड़ें लहर के कितने पास आती हैं। अब ध्वनि के बिट 1 कर दो और सीढ़ियाँ देखो। कॉपी में: 8 × 8 की जाली बनाओ, दो रंगों से स्माइली रँगो और हर खाने में 0 या 1 लिखो। तुमने 1 बिट प्रति पिक्सेल से चित्र कोड कर दिया।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- रंग = 2^b (b = हर पिक्सेल के बिट)
- चित्र का साइज़ (बिट) = चौड़ाई × ऊँचाई × बिट प्रति पिक्सेल
- ट्रू कलर = 24 बिट = 3 × 8 बिट (R, G, B)
- ध्वनि का साइज़ (बिट) = सैंपलिंग रेट × बिट डेप्थ × सेकंड × चैनल
- 1 बाइट = 8 बिट; 1 KB = 1024 बाइट
हल किए गए उदाहरण
1. 1, 2 और 8 बिट प्रति पिक्सेल से कितने रंग दिख सकते हैं?
2^1 = 2, 2^2 = 4, 2^8 = 256 रंग।
2. काले-सफ़ेद चित्र का आकार 10 × 10 पिक्सेल है। कितने बिट और बाइट?
काले-सफ़ेद के लिए 1 बिट प्रति पिक्सेल। 10 × 10 × 1 = 100 बिट। 100 / 8 = 12.5 बाइट।
3. शुद्ध पीला और गहरा स्लेटी RGB में लिखो (गहरे स्लेटी के लिए 64 लो)।
पीला = लाल + हरा = (255, 255, 0)। स्लेटी में तीनों बराबर: (64, 64, 64)।
4. 800 × 600 के ट्रू कलर (24 बिट) चित्र का साइज़ निकालो।
पिक्सेल = 800 × 600 = 4,80,000। बिट = 4,80,000 × 24 = 1,15,20,000। बाइट = 1,15,20,000 / 8 = 14,40,000 बाइट, लगभग 1.44 MB।
5. आवाज़ 8,000 Hz, 8 बिट, एक चैनल, 10 सेकंड रिकॉर्ड हुई। कितने बाइट?
बिट = 8,000 × 8 × 10 × 1 = 6,40,000। बाइट = 6,40,000 / 8 = 80,000 बाइट।
6. सीडी की 1 मिनट की ध्वनि (44,100 Hz, 16 बिट, स्टीरियो) कितनी बड़ी होगी?
बिट = 44,100 × 16 × 60 × 2 = 8,46,72,000। बाइट = 8,46,72,000 / 8 = 1,05,84,000 बाइट, लगभग 10.6 MB।
आम गलतियाँ
- यह सोचना कि पिक्सेल में रंग की तस्वीर रखी है। उसमें संख्याएँ रखी हैं।
- बाइट पूछे जाने पर 8 से भाग देना भूल जाना।
- सैंपलिंग रेट (कितनी बार नापा) और बिट डेप्थ (हर नाप कितनी बारीकी से लिखा) को मिला देना।
- स्टीरियो के 2 चैनल भूल जाना।