कार्यक्रम का विचार ढूँढना और चुनना
अवसर (opportunity) वह ज़रूरत है जिसे अभी कोई पूरा नहीं कर रहा। आसपास देखो: किसी क्लब को पैसा चाहिए, छोटे बच्चों को एक मज़ेदार दिन चाहिए, पार्क की सफ़ाई चाहिए।
रचनात्मक सोच से जल्दी कई विचार बनाओ:
- ब्रेनस्टॉर्मिंग: हर विचार बोलो, परखो बाद में।
- माइंड मैप: बीच में ज़रूरत, चारों ओर शाखाएँ।
- SCAMPER: किसी पुराने कार्यक्रम का कोई हिस्सा बदलो, जोड़ो, ढालो, हटाओ या उल्टा करो।
फिर मापदंड (criteria) से सबसे अच्छा चुनो: लागत, दर्शकों की रुचि, समय, सुरक्षा और लक्ष्य से मेल पर अंक दो और जोड़ो। सबसे ज़्यादा जोड़ जीतता है। इसे निर्णय तालिका (decision matrix) कहते हैं।
संसाधन, पैसे के स्रोत और उचित कीमत
- सामान: जगह, कुर्सियाँ, साउंड, खाना, सजावट, छपाई।
- मानव संसाधन: ज़रूरी कौशल वाले स्वयंसेवक।
- वित्तीय संसाधन: टिकट का पैसा आने से पहले खर्च के लिए पैसा।
पैसे के स्रोत: अपनी बचत, स्कूल या क्लब का अनुदान, प्रायोजक (स्पॉन्सर, जो लोगो के बदले पैसा दे), दान, ऑनलाइन क्राउडफ़ंडिंग, पहले से टिकट बेचना।
स्थिर और परिवर्ती लागत
स्थिर लागत (fixed cost) मेहमान कितने भी हों, उतनी ही रहती है (हॉल, साउंड)। परिवर्ती लागत (variable cost) हर मेहमान के साथ बढ़ती है (नाश्ता, रिस्टबैंड)।
कुल लागत = स्थिर लागत + प्रति मेहमान परिवर्ती लागत × मेहमान। आय = कीमत × मेहमान।
ब्रेक-ईवन मेहमान = स्थिर लागत ÷ (कीमत − प्रति मेहमान परिवर्ती लागत)। उचित कीमत लागत निकाले, मिलते-जुलते कार्यक्रमों के पास हो और दर्शक दे सकें।
डिजिटल युग में विज्ञापन और प्रचार
विज्ञापन पैसा देकर दिया गया संदेश है। प्रचार लोगों को बुलाने का कोई भी तरीका है (मुफ़्त पोस्टर, मुँह-ज़ुबानी, अर्ली-बर्ड कीमत, लकी ड्रॉ)।
| तरीका | लागत | फ़ायदा |
|---|---|---|
| पोस्टर, पर्चे | कम | पास के लोग देखते हैं, पर अनदेखा भी करते हैं |
| सोशल मीडिया पोस्ट, छोटे वीडियो | मुफ़्त या कम | जल्दी बहुत लोगों तक, शेयर हो सकते हैं |
| ईमेल या मैसेज ग्रुप | मुफ़्त | सीधे रुचि वाले लोगों तक |
| स्थानीय रेडियो, अख़बार | ज़्यादा | बड़ा दर्शक वर्ग, पर असर मापना कठिन |
| ऑनलाइन टिकट पेज | हर टिकट पर छोटा शुल्क | खरीदना आसान, रोज़ बिक्री दिखती है |
वही तरीके चुनो जो तुम्हारे दर्शकों तक, तुम्हारे बजट में पहुँचें। फिर समय-रेखा बनाओ: 4, 3, 2, 1 हफ़्ते पहले और उस दिन क्या जाएगा।
कार्यक्रम का आयोजन, संचालन और समीक्षा
कार्यक्रम योजना में सब एक जगह: लक्ष्य, तारीख, जगह, बजट, प्रचार समय-रेखा, काम की सूची और रोस्टर।
ड्यूटी रोस्टर एक तालिका है: कौन, क्या, कब। दरवाज़े पर टिकट, खाने का स्टॉल, मंच, प्राथमिक चिकित्सा, सफ़ाई। हर काम का एक ज़िम्मेदार।
नैतिक और ज़िम्मेदार संचालन: विज्ञापन में सच, पैसे का ईमानदार हिसाब, सुरक्षा और अनुमति के नियम, सबके लिए पहुँच, कम कचरा, और वादा किया लाभ सही जगह देना।
बाद में समीक्षा: असली खर्च-आय की बजट से तुलना, मेहमानों की राय, और इस्तेमाल हुए उद्यमी कौशल: योजना, टीमवर्क, बातचीत, समस्या-समाधान, पैसे की समझ, सोच-समझकर जोखिम।
आज़माओ
3D में कीमत 15 करो। अब ब्रेक-ईवन के लिए कितने मेहमान चाहिए? फिर घर पर परिवार क्विज़ नाइट की एक लाइन का बजट और 3 लोगों का रोस्टर बनाओ।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- कुल लागत = स्थिर लागत + प्रति मेहमान परिवर्ती लागत × मेहमान
- आय = टिकट कीमत × मेहमान
- लाभ = आय − कुल लागत (ऋण = घाटा)
- ब्रेक-ईवन मेहमान = स्थिर लागत ÷ (कीमत − प्रति मेहमान परिवर्ती लागत)
- निर्णय तालिका: कुल अंक = हर मापदंड के अंकों का जोड़
हल किए गए उदाहरण
1. लागत, रुचि और सुरक्षा पर अंक (हर एक 10 में): मूवी नाइट 6+7+8, टैलेंट शो 8+9+9, कार धुलाई 7+5+6। कौन जीता?
जोड़: 21, 26, 18। टैलेंट शो (26) जीता।
2. हॉल और साउंड 3,000; नाश्ता 5 प्रति मेहमान; 200 मेहमान। कुल लागत?
3,000 + 5 × 200 = 4,000।
3. टिकट 20, मेहमान 200। आय और लाभ (ऊपर की लागत से)?
आय = 4,000। लाभ = 0, यानी ब्रेक-ईवन।
4. वही लागत, कीमत 20। ब्रेक-ईवन मेहमान?
3,000 ÷ (20 − 5) = 200।
5. कीमत 25 करने पर ब्रेक-ईवन?
3,000 ÷ 20 = 150 मेहमान। पर ऊँची कीमत पर कुछ लोग न आएँ।
6. कीमत 20 पर 300 मेहमान। लाभ?
लागत = 4,500; आय = 6,000; लाभ = 1,500।
आम गलतियाँ
- पसंदीदा विचार बिना अंक दिए चुन लेना। सभी विचारों को एक जैसे मापदंड पर परखो।
- स्थिर लागत भूल जाना। कम लोग आएँ तब भी हॉल का पैसा देना होता है।
- कार्यक्रम से दो-तीन दिन पहले प्रचार शुरू करना। हफ़्तों पहले की समय-रेखा बनाओ।
- काम "सब मिलकर" को देना। रोस्टर में नाम न हो तो काम अक्सर छूट जाता है।