मूल्य क्या हैं?
मूल्य वह है जिसे कोई व्यक्ति ज़रूरी और बचाने लायक मानता है। उदाहरण: सुरक्षा, निष्पक्षता, आज़ादी, परंपरा, प्रगति, प्रकृति की परवाह, ईमानदारी, आराम।
हमारे मूल्य परिवार, जगह, उम्र, काम और अनुभव से आते हैं। दो लोग दोनों समझदार होकर भी अलग चीज़ों को महत्व दे सकते हैं।
वही तथ्य, अलग राय क्यों
एक मुद्दा और एक ही तथ्य लो। व्यक्ति मूल्यों को तौलकर फ़ैसला करता है। अगर सुरक्षा का वज़न सबसे ज़्यादा है, तो वह एक तरफ़ झुकता है। अगर कारोबार का वज़न सबसे ज़्यादा है, तो दूसरी तरफ़।
इसलिए असहमति अक्सर तथ्यों पर नहीं होती। वह इस पर होती है कि कौन-सा मूल्य पहले आए। अच्छा पाठक पूछता है: यह तथ्यों पर असहमति है (जाँच सकते हैं) या मूल्यों पर (बात करनी होगी)?
कई नज़रिए
नज़रिया मुद्दे को देखने का एक तरीका है। पाठ में देखो कि कौन बोल रहा है, वह किस मूल्य पर खड़ा है, और क्या छोड़ रहा है।
- हर नज़रिए को एक निष्पक्ष वाक्य में बताओ।
- उसके पीछे का मूल्य खोजो।
- पूछो: यह नज़रिया किस बारे में सही है? क्या छोड़ता है?
समझना सहमत होना नहीं है
आप कह सकते हैं "मैं समझता हूँ कि दुकानदार कारें क्यों चाहता है" और फिर भी अलग फ़ैसला कर सकते हैं। समझने से आपका अपना नज़रिया बेहतर होता है, क्योंकि आप जानते हैं कि आप किसके मुक़ाबले तौल रहे हैं।
अपने मूल्यों से जोड़ना और बीच का रास्ता खोजना
दूसरों को समझने के बाद नज़रियों को अपने से जोड़ो: यहाँ मेरे लिए कौन-सा मूल्य सबसे ज़रूरी है और क्यों? कुछ नया सीखो तो अपनी राय बदलने को तैयार रहो।
कभी-कभी बीच का रास्ता होता है: ऐसा हल जो हर पक्ष को कुछ दे, जैसे सड़क सिर्फ़ शाम को कारों के लिए बंद। हर मुद्दे का ऐसा हल नहीं होता, पर पूछना हमेशा सार्थक है।
करके देखो
घर या स्कूल का कोई छोटा मुद्दा चुनो (फ़ोन का इस्तेमाल, बैठने की जगह, शोर)। दो लोगों से पूछो कि उनके लिए कौन-सा मूल्य सबसे ज़रूरी है और क्यों। हर नज़रिया एक वाक्य में निष्पक्ष लिखो, फिर अपनी राय एक वाक्य में कारण के साथ।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- मूल्य = जो किसी व्यक्ति को ज़रूरी लगता है
- राय = तथ्य + हर मूल्य को दिया गया वज़न
- तथ्यों पर असहमति: जाँचो। मूल्यों पर असहमति: बात करो और समझो।
- नज़रिया समझो: उसका मूल्य खोजो, पूछो कि वह क्यों ज़रूरी है
- समझना सहमत होना नहीं है
हल किए गए उदाहरण
1. एक शहर में नई फ़ैक्टरी की योजना है। एक गाँववाला कहता है "रोज़गार", दूसरा कहता है "साफ़ नदी"। ये कौन-से मूल्य हैं?
"रोज़गार" आमदनी और प्रगति का मूल्य दिखाता है। "साफ़ नदी" प्रकृति और स्वास्थ्य की परवाह का मूल्य दिखाता है। दोनों उचित मूल्य हैं। असहमति इस पर है कि यहाँ किसका वज़न ज़्यादा है।
2. उस दुकानदार के नज़रिए के लिए एक निष्पक्ष वाक्य लिखो जो बाज़ार की सड़क पर कारें चाहता है।
"दुकानदार कारोबार को महत्व देती है और मानती है कि ग्राहकों को आसान पार्किंग चाहिए, इसलिए वह कारें चलने देना चाहती है।" वाक्य व्यक्ति, मूल्य और कारण बताता है, बिना मज़ाक उड़ाए।
3. स्कूल पढ़ाई के लिए कक्षा में फ़ोन की अनुमति दे सकता है, पर कुछ विद्यार्थी भटक सकते हैं। आप कौन-सा बीच का रास्ता सुझाएँगे?
फ़ोन सिर्फ़ तय कामों के लिए, जैसे कोई शब्द खोजने के लिए, और बाकी समय बैग में रखने की अनुमति दो। इससे पढ़ाई को कुछ और ध्यान को कुछ महत्व मिलता है।
आम गलतियाँ
- यह सोचना कि असहमत लोग मूर्ख या बुरे हैं, जबकि वे मूल्यों को अलग तौल रहे होते हैं।
- समझने और सहमत होने को मिला देना। आप बिना सहमत हुए भी समझ सकते हैं।
- किसी नज़रिए को मज़ाक उड़ाते हुए लिखना। उसे ऐसे लिखो कि उसका मानने वाला पढ़कर खुश हो।
- यह जाँचना भूल जाना कि असहमति तथ्यों पर है (जाँचो) या मूल्यों पर (बात करो)।