गैस प्रतिष्ठापन: गैस का रास्ता
इमारत शहरी गैस (प्राकृतिक गैस, पाइप से, मुख्यतः मीथेन, हवा से हल्की) या LPG (द्रव पेट्रोलियम गैस, सिलेंडर या टंकी में, हवा से भारी) इस्तेमाल कर सकती है। पाइप की गैस का रास्ता:
- मुख्य पाइप: सड़क का पाइप, ऊँचा दाब।
- सर्विस पाइप: इमारत के अंदर।
- रेगुलेटर: दाब घटाकर सुरक्षित और स्थिर करता है।
- मीटर: इस्तेमाल हुई गैस गिनता है।
- अंदर का पाइप और वाल्व: चूल्हे, गीज़र और हीटर तक गैस ले जाते हैं।
पाइप स्टील, ताँबे या मंज़ूर लचीली नली के होते हैं। जोड़ गैस-रोधी होने चाहिए।
गैस की सुरक्षा
गैस जल या फट सकती है, और बंद कमरे में जलने पर ज़हरीली कार्बन मोनोऑक्साइड बन सकती है। इसलिए चाहिए:
- गैस-लीक अलार्म: प्राकृतिक गैस के लिए ऊपर (वह ऊपर उठती है) और LPG के लिए नीचे (वह बैठती है)।
- स्वचालित बंद वाल्व: अलार्म के गैस पकड़ने पर बंद हो जाता है।
- हवादार जगह: रसोई में ताज़ी हवा।
- लौ-विफलता यंत्र: लौ बुझे तो गैस रोक देता है।
गैस की गंध आए तो स्विच या लौ को न छुओ, खिड़की खोलो, वाल्व बंद करो और बाहर निकलो।
संचार प्रतिष्ठापन
इमारत को टेलीफोन, इंटरनेट, टीवी, इंटरकॉम और अलार्म के लिए जोड़ चाहिए। डेटा का रास्ता:
- बाहरी केबल: अक्सर ऑप्टिकल फाइबर। काँच के धागे में रोशनी के पल्स चलते हैं। तेज़ है और बिजली के शोर से बचा रहता है।
- एंट्री बॉक्स (कन्वर्टर) जहाँ केबल अंदर आती है।
- राउटर या स्विच: डेटा सही उपकरण को भेजता है।
- अंदर की केबलिंग: ट्विस्टेड-पेयर LAN केबल (Cat 6) या कमरों तक वाई-फाई।
बड़ी इमारतों में टीवी एंटीना या केबल, इंटरकॉम और PA (सार्वजनिक घोषणा) स्पीकर भी लगते हैं। संचार केबल बिजली की केबल से दूर रखी जाती हैं ताकि शोर न आए।
गति और क्षमता
गति बिट प्रति सेकंड में नापते हैं। 8 बिट = 1 बाइट। फ़ाइल भेजने का समय = फ़ाइल का आकार (बिट में) ÷ गति। गैस की क्षमता घन मीटर प्रति घंटा में नापते हैं; चूल्हे का बर्नर वॉटर हीटर से बहुत कम गैस लेता है, इसलिए पाइप और रेगुलेटर सारे उपकरणों के कुल से चुने जाते हैं।
करके देखो: लाइनें खोजो
घर में देखो गैस पाइप या LPG सिलेंडर कहाँ है और इंटरनेट का तार कहाँ से आता है। दोनों का रास्ता कागज़ पर बनाओ। पहले अंदाज़ा लगाओ: गैस का वाल्व कहाँ है? फिर जाँचो। लीक अलार्म और राउटर ढूँढो।
मुख्य सूत्र और परिभाषाएँ
- गैस का रास्ता: मुख्य → रेगुलेटर → मीटर → उपकरण
- गैस से ऊर्जा (MJ) = आयतन (m³) × ऊष्मीय मान (MJ/m³)
- डेटा का समय (s) = फ़ाइल (बिट) ÷ गति (बिट/s); 1 बाइट = 8 बिट
- प्राकृतिक गैस अलार्म: दीवार पर ऊपर; LPG अलार्म: फ़र्श के पास
- डेटा का रास्ता: फाइबर → एंट्री बॉक्स → राउटर → कमरे
हल किए गए उदाहरण
1. गैस का दाब घटाने वाला भाग बताओ।
रेगुलेटर।
2. एक चूल्हा 0.5 m³ प्राकृतिक गैस (40 MJ/m³) जलाता है। ऊर्जा कितनी?
0.5 × 40 = 20 MJ।
3. LPG का लीक अलार्म कहाँ लगाते हैं?
नीचे, फ़र्श के पास, क्योंकि LPG हवा से भारी है और बैठती है।
4. 800 MB की फ़ाइल 100 Mbit/s पर कितनी देर में जाएगी?
800 MB = 800 × 8 = 6,400 Mbit। 6,400 ÷ 100 = 64 s।
5. लंबी दूरी के लिए ताँबे के तार से ऑप्टिकल फाइबर बेहतर क्यों है?
रोशनी के पल्स में कम ऊर्जा खोती है, ज़्यादा डेटा ले जाते हैं और बिजली के शोर से प्रभावित नहीं होते।
6. रसोई में 4 MJ/h का बर्नर और 24 MJ/h का वॉटर हीटर है। कुल माँग प्रति घंटे?
4 + 24 = 28 MJ/h। रेगुलेटर और पाइप इसे सँभालने चाहिए।
आम गलतियाँ
- LPG का अलार्म दीवार पर ऊपर लगाना। LPG नीचे बैठती है।
- लीक को लौ से जाँचना। साबुन के पानी से जाँचो।
- संचार केबल को बिजली की केबल के एकदम पास चलाना।
- Mbit (बिट) और MB (बाइट) में गड़बड़: 1 MB = 8 Mbit।