Poland Szkoła podstawowa, klasa VIII Health education
अध्याय: 9
1. Values and attitudes
Dignity, health as a value and prosocial action
- स्वस्थ जीवनशैली: रोज़ की आदतें जो तुम्हें ठीक रखें – स्वस्थ जीवनशैली रोज़ की अच्छी आदतों का नाम है: पाँच भोजन-समूहों वाला संतुलित आहार, भरपूर पानी, स्कूली बच्चों के लिए 9–11 घंटे और किशोरों के लिए लगभग 8–10 घंटे नींद, रोज़ कम से कम 60 मिनट खेल-कूद, सही मुद्रा, साफ-सुरक्षित भोजन, और तंबाकू, शराब व नशे से दूरी। इनसे टाइप 2 मधुमेह, हृदय रोग और कुछ कैंसर जैसे जीवनशैली रोगों का खतरा घटता है।
2. Physical health
Infectious diseases and vaccination · Modifiable risk factors and disability · Optional: zoonoses and chronic diseases
- संक्रामक रोग: रोगाणु कैसे फैलते हैं और हम उन्हें कैसे रोकें – संक्रामक (संचारी) रोग एक बहुत छोटे जीव से होता है, जिसे रोगाणु (pathogen) कहते हैं: बैक्टीरिया, वायरस, कवक या प्रोटिस्ट। यह हवा, पानी-खाना, छूने या मच्छर जैसे वाहक से एक व्यक्ति से दूसरे में जाता है। शरीर त्वचा, बलगम, पेट के अम्ल और श्वेत रक्त कोशिकाओं से लड़ता है। टीका प्रतिरक्षा तंत्र को पहले से तैयार कर देता है। हाथ धोना, साफ पानी, अच्छी तरह पका खाना, मच्छरदानी और बीमार होने पर घर रहना फैलाव कम करते हैं।
- स्वस्थ जीवनशैली: रोज़ की आदतें जो तुम्हें ठीक रखें – स्वस्थ जीवनशैली रोज़ की अच्छी आदतों का नाम है: पाँच भोजन-समूहों वाला संतुलित आहार, भरपूर पानी, स्कूली बच्चों के लिए 9–11 घंटे और किशोरों के लिए लगभग 8–10 घंटे नींद, रोज़ कम से कम 60 मिनट खेल-कूद, सही मुद्रा, साफ-सुरक्षित भोजन, और तंबाकू, शराब व नशे से दूरी। इनसे टाइप 2 मधुमेह, हृदय रोग और कुछ कैंसर जैसे जीवनशैली रोगों का खतरा घटता है।
- स्वास्थ्य और रोग – स्वास्थ्य का मतलब है शरीर, मन और सामाजिक जीवन तीनों में पूरी तरह ठीक होना, केवल बीमार न होना नहीं। संक्रामक रोग रोगाणुओं (जीवाणु, विषाणु, कवक, प्रोटिस्ट) से होते हैं और हवा, पानी, भोजन, छूने या जानवरों से एक से दूसरे में फैलते हैं। हृदय रोग, मधुमेह, कई कैंसर और उच्च रक्तचाप जैसे असंक्रामक रोग नहीं फैलते; ये जीन, उम्र और जीवनशैली से जुड़े हैं। बचाव: स्वच्छता, साफ़ पानी, टीके, संतुलित आहार, व्यायाम, नींद, धूम्रपान से दूरी, नियमित जाँच और स्व-जाँच। एंटीबायोटिक जीवाणु मारते हैं, विषाणु नहीं; इनके ग़लत उपयोग से प्रतिरोधी जीवाणु पनपते हैं। दवा पर्चे या डॉक्टर के कहे अनुसार ही लें।
3. Physical activity
Active lifestyle · Optional: arguments for activity
- शारीरिक गतिविधि और स्वास्थ्य – शारीरिक गतिविधि शरीर की कोई भी हरकत है जिसमें ऊर्जा लगती है: चलना, खेलना, साइकिल चलाना, नाचना, घर का काम। बच्चों और किशोरों को रोज़ लगभग 60 मिनट मध्यम से तीव्र गतिविधि चाहिए; बड़ों को हफ़्ते में लगभग 150 से 300 मिनट। तीव्रता हल्की, मध्यम या तीव्र होती है, और बात-परीक्षण से पता चलता है। अच्छी योजना FITT (आवृत्ति, तीव्रता, समय, प्रकार) से बनती है, और स्टेप काउंटर व नक्शा ऐप जैसी तकनीक मदद करती है। गतिविधि शरीर, मन और सामाजिक जीवन को स्वस्थ बनाती है। बहुत कम (गतिहीन जीवन) और बिना आराम बहुत ज़्यादा (अति-प्रशिक्षण), दोनों नुक़सानदेह हैं, इसलिए गतिविधि, आराम और नींद में संतुलन रखें।
4. Nutrition
Balanced meals and diet risks
- पोषण (Nutrition) – पोषण वह तरीक़ा है जिससे हम भोजन के पदार्थ पाते और इस्तेमाल करते हैं। शरीर को छह तरह के पोषक तत्व चाहिए: कार्बोहाइड्रेट और वसा (मुख्य रूप से ऊर्जा), प्रोटीन (वृद्धि और मरम्मत), विटामिन और खनिज (थोड़ी मात्रा, शरीर को सही चलाने के लिए), और पानी; साथ में पाचन के लिए रेशा। कार्बोहाइड्रेट और प्रोटीन लगभग 17 kJ प्रति ग्राम, वसा लगभग 37 kJ प्रति ग्राम देते हैं। संतुलित आहार सब पोषक तत्व सही मात्रा में देता है, और अंदर आई ऊर्जा लगभग ख़र्च ऊर्जा के बराबर होनी चाहिए।
5. Mental health
Emotions, self-worth and body image · Optional: well-being and mental disorders
- मानसिक स्वास्थ्य: भावनाएँ, तनाव और सहारा – मानसिक स्वास्थ्य यानी हम कैसे सोचते, महसूस करते, मुश्किलें सँभालते और दूसरों से जुड़ते हैं। शारीरिक स्वास्थ्य की तरह यह सबके पास है और ऊपर-नीचे होता है। भावनाएँ काम के संकेत हैं। तनाव बाल्टी में पानी की तरह जमा होता है; अच्छे तरीके (नींद, व्यायाम, बात करना, धीमी साँस, योजना) उसे बाहर निकालते हैं। आत्म-सम्मान और अच्छे रिश्ते हमें बचाते हैं। अगर भारी भावनाएँ दो हफ़्ते या ज़्यादा रहें, या रोज़ का जीवन रुकने लगे, तो भरोसेमंद बड़े या विशेषज्ञ से बात करें — मदद माँगना हिम्मत है।
6. Social health
Relationships and conflict
- स्वस्थ रिश्ते – स्वस्थ रिश्ता, चाहे परिवार, दोस्त या साथी से हो, सम्मान, भरोसे, ईमानदारी, बराबरी और खुली बातचीत पर टिका होता है। हर व्यक्ति के अपने दोस्त, फ़ैसले और सीमाएँ रहती हैं। नियंत्रण, नीचा दिखाना, दबाव, जलन और हिंसा ख़तरे के संकेत हैं। सहमति यानी अपनी मर्ज़ी से साफ़ "हाँ", जो कभी भी वापस ली जा सकती है। झगड़े स्वाभाविक हैं और शांति से सुलझ सकते हैं; असुरक्षित लगे तो किसी भरोसेमंद बड़े को बताएँ या हेल्पलाइन पर फ़ोन करें।
7. Puberty
Growing up and caring for the body
- यौवनारंभ और किशोरावस्था: शरीर और मन कैसे बड़े होते हैं – किशोरावस्था (adolescence) बचपन और बड़े होने के बीच का समय है, लगभग 10 से 19 साल। इसका वह हिस्सा जब शरीर बच्चे पैदा करने लायक बनता है, यौवनारंभ (puberty) कहलाता है। यह हॉर्मोन से शुरू होता है: दिमाग़ की पीयूष ग्रंथि संदेश भेजती है, और अंडाशय एस्ट्रोजन व वृषण टेस्टोस्टेरोन बनाते हैं। लंबाई तेज़ी से बढ़ती है, नए बाल आते हैं, पसीना और मुँहासे होते हैं; लड़कियों में स्तन और माहवारी, लड़कों में भारी आवाज़ और दाढ़ी-मूँछ। हर किसी का समय अलग होता है, और यह सब सामान्य है।
8. Environmental health
Climate, environment and health (climate module)
- पर्यावरणीय स्वास्थ्य – पर्यावरणीय स्वास्थ्य यह देखता है कि हमारा परिवेश — हवा, पानी, भोजन, मिट्टी, रसायन, शोर, गर्मी और जिन इमारतों में रहते हैं — हमारी सेहत पर कैसे असर डालता है। नुक़सान शरीर में चार रास्तों से आता है: साँस, पीना, खाना और छूना। ख़तरा मात्रा (dose) और संपर्क के समय पर निर्भर है। कुछ विष खाद्य शृंखला में जमा होते जाते हैं। One Health (एक स्वास्थ्य) का विचार कहता है कि इंसान, जानवर और पर्यावरण की सेहत जुड़ी है, इसलिए तीनों को साथ बचाना होता है।
9. Internet and addiction prevention
Online risks · Psychoactive substances and harmful technology use
- साइबर अपराध और साइबर सुरक्षा – साइबर अपराध वह अपराध है जिसमें कंप्यूटर, फ़ोन या इंटरनेट साधन या निशाना हो। आम रूप: हैकिंग (बिना अनुमति सिस्टम में घुसना; एथिकल हैकर अनुमति से सुरक्षा जाँचते हैं), ईव्सड्रॉपिंग (चुपके से बातचीत पकड़ना), फ़िशिंग (नकली ईमेल, SMS या वेबसाइट जो पासवर्ड, OTP या कार्ड की जानकारी चुराएँ), रैंसमवेयर (फ़ाइलें बंद करके पैसे माँगने वाला मालवेयर), साइबर ट्रोल (भड़काने वाले अपमानजनक संदेश) और साइबर बुलिंग (ऑनलाइन परेशान करना, धमकाना, अपमानित करना)। मालवेयर: वायरस (फ़ाइलों से फैलता है), वर्म (अपने-आप फैलता है), ट्रोजन (उपयोगी दिखकर पिछला दरवाज़ा खोलता है), स्पाइवेयर और एडवेयर (अनचाहे पॉप-अप विज्ञापन)। सुरक्षित ब्राउज़िंग: https, अपडेट, एंटीवायरस, फ़ायरवॉल, अनजान लिंक नहीं। पहचान सुरक्षा: मज़बूत अलग-अलग पासवर्ड, टू-फ़ैक्टर ऑथेंटिकेशन, OTP कभी साझा नहीं, सोच-समझकर जानकारी देना, साझा उपकरण पर लॉग आउट।
- लत: कैसे शुरू होती है और कैसे बचें – लत (addiction) यानी किसी पदार्थ या आदत पर नियंत्रण खो देना, नुकसान होने पर भी। यह पदार्थों (तंबाकू, शराब, ड्रग्स, ग़लत दवाएँ) की हो सकती है या व्यवहार (गेमिंग, जुआ, सोशल मीडिया) की। हर बार दिमाग़ में डोपामिन की उछाल उसे काम दोहराना सिखाती है; समय के साथ सहनशीलता बढ़ती है और ज़्यादा चाहिए होता है। चेतावनी संकेत: तलब, नियंत्रण खोना, मजबूरी और नुकसान के बाद भी जारी रखना। बचाव: 'ना' कहने का हुनर, अच्छे इनाम, नींद-दिनचर्या और जल्दी मदद माँगना। लत का इलाज संभव है।