CBSE कक्षा 10 डेटा विज्ञान (419)
अध्याय: 6
1. भाग क: रोज़गार कौशल – II
संचार कौशल-II · स्व-प्रबंधन कौशल-II · सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी कौशल-II · उद्यमशीलता कौशल-II · हरित कौशल-II
- संचार कौशल: अपनी बात साफ़ और प्यार से कैसे पहुँचाएँ – संचार यानी लोगों के बीच अर्थ बाँटना। प्रेषक (भेजने वाला) विचार को संदेश में बदलता है, उसे माध्यम से भेजता है, और प्राप्तकर्ता उसे समझकर प्रतिपुष्टि (फ़ीडबैक) देता है। शोर, कठिन शब्द, तेज़ भावनाएँ और सांस्कृतिक अंतर जैसी बाधाएँ संदेश को रोक या मोड़ सकती हैं। हम अर्थ शब्दों से (शाब्दिक), चेहरे, आँखों, हाव-भाव, मुद्रा और आवाज़ के लहजे से (अशाब्दिक), और चित्रों से (दृश्य) भेजते हैं। सक्रिय श्रवण — ध्यान, धैर्य, सवाल और अपने शब्दों में दोहराना — साबित करता है कि संदेश पहुँचा। अच्छा वक्ता संदर्भ के हिसाब से बदलता है: औपचारिक या अनौपचारिक, बोलकर या लिखकर, और विनम्र अनुरोध, सलीके से मना करना, सच्ची माफ़ी और दृढ़ (न दब्बू, न आक्रामक) भाषा अपनाता है।
- आत्म-प्रबंधन: अपनी भावनाओं, लक्ष्यों और समय की कमान अपने हाथ में – आत्म-प्रबंधन (self-management) यानी अपनी भावनाओं, विचारों और कामों को ख़ुद दिशा देना ताकि आप अपने लक्ष्य तक पहुँचें। इसकी शुरुआत आत्म-जागरूकता से होती है: आप क्या महसूस कर रहे हैं और कितना तेज़। फिर प्रतिक्रिया से पहले ठहराव (रुको, सोचो, करो) और धीमी साँस जैसे उपाय। विचार भावनाओं को और भावनाएँ कामों को बनाती हैं, इसलिए 'मैं बेकार हूँ' को 'मैं अभी नहीं कर पाता' में बदलने से काम बदल जाता है। अच्छे आत्म-प्रबंधक SMART लक्ष्य बनाते हैं, ज़रूरी-महत्वपूर्ण देखकर समय बाँटते हैं, अच्छी आदतें बनाते हैं और असफलता के बाद फिर खड़े होते हैं (लचीलापन)।
- ICT की बुनियादी बातें: कंप्यूटर, क्लाउड और लर्निंग प्लेटफ़ॉर्म का सुरक्षित उपयोग – ICT यानी सूचना और संचार प्रौद्योगिकी: वे उपकरण, सॉफ़्टवेयर और नेटवर्क जिनसे हम जानकारी बनाते, रखते और बाँटते हैं। हर कंप्यूटर इनपुट लेता है, प्रोसेस करता है, आउटपुट देता है और डेटा भंडारण में रखता है। भंडारण बाइट में मापा जाता है, और हर बड़ी इकाई (KB, MB, GB, TB) पिछली से लगभग 1000 गुना होती है। अच्छे डिजिटल विद्यार्थी फ़ाइलें साफ़ नाम वाले फ़ोल्डरों में रखते हैं, लर्निंग प्लेटफ़ॉर्म पर काम लेते-जमा करते हैं, 3-2-1 नियम से बैकअप लेते हैं और लंबे पासफ़्रेज़ व दो-चरण लॉगिन से खाते बचाते हैं। ICT से वीडियो, वेबसाइट और पॉडकास्ट जैसे रचनात्मक प्रोजेक्ट भी बनते हैं।
2. भाग ख: डेटा विज्ञान में सांख्यिकी
डेटा विज्ञान में सांख्यिकी
- सांख्यिकी: वर्गीकृत आँकड़ों का माध्य, माध्यक और बहुलक – जब आँकड़े वर्गों में बँटे हों (जैसे अंक 20–30), तो हर एक मान नहीं दिखता। माध्य के लिए हर वर्ग का बीच का मान लेते हैं, माध्यक के लिए चलता जोड़ (संचयी बारंबारता), और बहुलक के लिए सबसे ऊँचा खंभा। तीनों अलग तरीके से आँकड़ों का 'केंद्र' बताते हैं।
3. भाग ख: वितरण
वितरण
- असतत यादृच्छिक चर का प्रायिकता बंटन – यादृच्छिक चर X किसी प्रयोग के हर परिणाम को एक संख्या में बदलता है। उसका प्रायिकता बंटन हर मान x और उसकी प्रायिकता P(X = x) की सूची है; हर P, 0 और 1 के बीच होता है और सबका जोड़ 1 होता है। माध्य E(X) = Σx·P(x) लंबे समय का औसत (संतुलन बिंदु) है। प्रसरण Var(X) = Σ(x − μ)²P(x) = E(X²) − μ² फैलाव बताता है; σ = √Var। खास मॉडल: एकसमान, द्विपद B(n, p) जिसका माध्य np और प्रसरण np(1 − p), और प्वासों जिसमें माध्य = प्रसरण = λ।
4. भाग ख: पैटर्न पहचानना
पैटर्न पहचानना
- डेटा साक्षरता: डेटा को पढ़ना, उपयोग करना और परखना – डेटा साक्षरता का मतलब है डेटा पढ़ पाना, उसके साथ काम करना और उस पर अच्छे सवाल पूछना। डेटासेट एक तालिका है: हर पंक्ति एक केस (व्यक्ति, दिन, दुकान) और हर स्तंभ एक चर (उम्र, आने का तरीक़ा, क़ीमत)। हर डेटासेट अधूरी तस्वीर दिखाता है: उसमें कुछ ही लोग, कुछ ही चर, कुछ ही समय होता है, और इकट्ठा करने का तरीक़ा पक्षपात ला सकता है। डेटा से शोध के चरण: सवाल, डेटा, सफ़ाई, छाँटना-गिनना, चार्ट, सावधान निष्कर्ष। खुला डेटा कोई भी मुफ़्त में उपयोग कर सकता है, आम तौर पर गुमनाम करके। संस्थाएँ हमारी ख़रीदारी, जगह और क्लिक से प्रोफ़ाइल बनाती हैं, विज्ञापन चुनती हैं और सेवाएँ योजना करती हैं; इसमें फ़ायदे भी हैं और निजता के ख़तरे भी।
5. भाग ख: डेटा मर्ज करना
डेटा मर्ज करना
- डेटा साक्षरता: डेटा को पढ़ना, उपयोग करना और परखना – डेटा साक्षरता का मतलब है डेटा पढ़ पाना, उसके साथ काम करना और उस पर अच्छे सवाल पूछना। डेटासेट एक तालिका है: हर पंक्ति एक केस (व्यक्ति, दिन, दुकान) और हर स्तंभ एक चर (उम्र, आने का तरीक़ा, क़ीमत)। हर डेटासेट अधूरी तस्वीर दिखाता है: उसमें कुछ ही लोग, कुछ ही चर, कुछ ही समय होता है, और इकट्ठा करने का तरीक़ा पक्षपात ला सकता है। डेटा से शोध के चरण: सवाल, डेटा, सफ़ाई, छाँटना-गिनना, चार्ट, सावधान निष्कर्ष। खुला डेटा कोई भी मुफ़्त में उपयोग कर सकता है, आम तौर पर गुमनाम करके। संस्थाएँ हमारी ख़रीदारी, जगह और क्लिक से प्रोफ़ाइल बनाती हैं, विज्ञापन चुनती हैं और सेवाएँ योजना करती हैं; इसमें फ़ायदे भी हैं और निजता के ख़तरे भी।
6. भाग ख: डेटा विज्ञान में नैतिकता
डेटा विज्ञान में नैतिकता
- AI नैतिकता: कृत्रिम बुद्धिमत्ता का निष्पक्ष और सुरक्षित उपयोग – AI डेटा से पैटर्न सीखकर फ़ैसले करता है। AI नैतिकता पूछती है: क्या ये फ़ैसले निष्पक्ष, सुरक्षित और सम्मानजनक हैं? मुख्य मुद्दे: पक्षपात (अनुचित डेटा से अनुचित नतीजे), निजता (निजी डेटा के लिए सहमति और सुरक्षा), पारदर्शिता (AI ने क्यों तय किया, यह पता हो), जवाबदेही (इंसान ज़िम्मेदार रहे), सुरक्षा और दुरुपयोग (डीपफ़ेक, झूठी ख़बरें), और सामाजिक असर (नौकरियाँ, डिजिटल खाई, पर्यावरण)। ज़िम्मेदार AI का मतलब है इन सबकी जाँच उपयोग से पहले और बाद में।