South 고등학교 3학년 General Intellectual Property
अध्याय: 3
1. Understanding IP
Invention and patents · Impact and value of inventions · Types of IP rights
- पेटेंट: आविष्कार की रक्षा – पेटेंट सरकार द्वारा आविष्कारक को दिया गया अधिकार है। लगभग 20 साल तक दूसरे लोग बिना अनुमति उस आविष्कार को बना, इस्तेमाल या बेच नहीं सकते। बदले में आविष्कारक को सबको साफ़-साफ़ बताना होता है कि आविष्कार कैसे काम करता है। पेटेंट के लिए आविष्कार नया (नवीनता), स्पष्ट न हो (आविष्कारी कदम) और उद्योग में उपयोगी हो। पेटेंट बौद्धिक संपदा (IP) का एक प्रकार है; बाक़ी हैं डिज़ाइन, ट्रेडमार्क और कॉपीराइट। आवेदन में विनिर्देश (specification) होता है: शीर्षक, पृष्ठभूमि, विवरण, चित्र, दावे (claims) और सार। दावे वह बाड़ हैं जो बताते हैं ठीक-ठीक क्या सुरक्षित है। चरण: पुरानी जानकारी खोजो, फ़ाइल करो, प्रकाशन, जाँच, अनुदान, फिर सालाना शुल्क। पेटेंट सिर्फ़ उन्हीं देशों में चलता है जहाँ मिला हो। कर्मचारी काम पर आविष्कार करे तो आविष्कारक वही, पर मालिक आम तौर पर कंपनी, और उसे उचित इनाम मिलना चाहिए।
- डेटा सुरक्षा और बौद्धिक संपदा अधिकार – बौद्धिक संपदा (IP) मन की रचना है, जैसे कहानी, गीत, प्रोग्राम, आविष्कार या लोगो। बौद्धिक संपदा अधिकार (IPR) निर्माता को उसके उपयोग पर नियंत्रण देते हैं। कॉपीराइट रचनात्मक कार्य (लेख, संगीत, कला, सॉफ़्टवेयर कोड) को बनते ही अपने-आप बचाता है; पेटेंट नए, उपयोगी आविष्कार को लगभग 20 साल बचाता है और इसके लिए आवेदन करना पड़ता है; ट्रेडमार्क ब्रांड नाम, लोगो और नारे बचाता है। साहित्यिक चोरी दूसरे का काम बिना श्रेय अपना बताना है। उल्लंघन सुरक्षित IP को बिना अनुमति इस्तेमाल करना है। सार्वजनिक लाइसेंस से निर्माता अपनी शर्तों पर साझा करते हैं: रचनात्मक कार्यों के लिए क्रिएटिव कॉमन्स (BY, SA, NC, ND), और सॉफ़्टवेयर के लिए GPL (कॉपीलेफ़्ट: बदला संस्करण खुला रहे) और Apache (उदार: नोटिस रखकर बंद उत्पाद में भी)।
2. Creating IP
Solving invention problems · Patent searches · Employee inventions · Filing patents and specifications
- शोध कौशल: प्रश्न से पूरे प्रोजेक्ट तक – शोध उत्तर खोजने का सावधान तरीका है। आप एक साफ़, सीमित प्रश्न पूछते हैं, उसका उत्तर पाने की योजना बनाते हैं, जानकारी खोजते हैं और हर स्रोत पर भरोसे की जाँच करते हैं, अपने आँकड़े जुटाकर विश्लेषण करते हैं, सबूत पर टिका निष्कर्ष निकालते हैं, और हर स्रोत को श्रेय देते हुए उसे साझा करते हैं।
- पेटेंट: आविष्कार की रक्षा – पेटेंट सरकार द्वारा आविष्कारक को दिया गया अधिकार है। लगभग 20 साल तक दूसरे लोग बिना अनुमति उस आविष्कार को बना, इस्तेमाल या बेच नहीं सकते। बदले में आविष्कारक को सबको साफ़-साफ़ बताना होता है कि आविष्कार कैसे काम करता है। पेटेंट के लिए आविष्कार नया (नवीनता), स्पष्ट न हो (आविष्कारी कदम) और उद्योग में उपयोगी हो। पेटेंट बौद्धिक संपदा (IP) का एक प्रकार है; बाक़ी हैं डिज़ाइन, ट्रेडमार्क और कॉपीराइट। आवेदन में विनिर्देश (specification) होता है: शीर्षक, पृष्ठभूमि, विवरण, चित्र, दावे (claims) और सार। दावे वह बाड़ हैं जो बताते हैं ठीक-ठीक क्या सुरक्षित है। चरण: पुरानी जानकारी खोजो, फ़ाइल करो, प्रकाशन, जाँच, अनुदान, फिर सालाना शुल्क। पेटेंट सिर्फ़ उन्हीं देशों में चलता है जहाँ मिला हो। कर्मचारी काम पर आविष्कार करे तो आविष्कारक वही, पर मालिक आम तौर पर कंपनी, और उसे उचित इनाम मिलना चाहिए।
3. Protecting and using IP
Disputes and infringement · Valuing and trading technology · IP-based start-ups
- डेटा सुरक्षा और बौद्धिक संपदा अधिकार – बौद्धिक संपदा (IP) मन की रचना है, जैसे कहानी, गीत, प्रोग्राम, आविष्कार या लोगो। बौद्धिक संपदा अधिकार (IPR) निर्माता को उसके उपयोग पर नियंत्रण देते हैं। कॉपीराइट रचनात्मक कार्य (लेख, संगीत, कला, सॉफ़्टवेयर कोड) को बनते ही अपने-आप बचाता है; पेटेंट नए, उपयोगी आविष्कार को लगभग 20 साल बचाता है और इसके लिए आवेदन करना पड़ता है; ट्रेडमार्क ब्रांड नाम, लोगो और नारे बचाता है। साहित्यिक चोरी दूसरे का काम बिना श्रेय अपना बताना है। उल्लंघन सुरक्षित IP को बिना अनुमति इस्तेमाल करना है। सार्वजनिक लाइसेंस से निर्माता अपनी शर्तों पर साझा करते हैं: रचनात्मक कार्यों के लिए क्रिएटिव कॉमन्स (BY, SA, NC, ND), और सॉफ़्टवेयर के लिए GPL (कॉपीलेफ़्ट: बदला संस्करण खुला रहे) और Apache (उदार: नोटिस रखकर बंद उत्पाद में भी)।
- विचार से स्टार्टअप तक: उद्यमिता – उद्यमी ज़मीन, श्रम और पूँजी को जोड़कर और जोखिम उठाकर एक विचार को व्यवसाय में बदलता है। नए विचार पुराने तरीकों की जगह लेते हैं, जिसे अर्थशास्त्री रचनात्मक विनाश कहते हैं। स्टार्टअप निवेशकों, बैंकों, इनक्यूबेटरों, स्टार्टअप इंडिया और मेक इन इंडिया जैसी सरकारी योजनाओं, और MSME कहलाने वाले छोटे उद्यमों की मदद से बढ़ते हैं। व्यवसाय योजना विचार, लागत और ग्राहकों का नक्शा है। लाभ-हानि विवरण बिक्री − लागत दिखाता है, और तुलन पत्र परिसंपत्तियाँ = देनदारियाँ + पूँजी।