China 高二 Information Technology
अध्याय: 3
1. Sel.1 Data and data structures
Value of data · Data structures; arrays vs linked lists · Linear lists, stacks, queues, strings, binary trees · Iteration, recursion, sorting and searching
- डेटा का मूल्य – डेटा दर्ज किए गए तथ्य हैं: संख्याएँ, शब्द, चित्र, ध्वनियाँ, माप। अकेले ये बस कच्चे रिकॉर्ड हैं। डेटा तीन तरह से मूल्यवान बनता है। कच्चे माल के रूप में उसे संसाधित करके जानकारी, पैटर्न और फ़ैसले बनते हैं, जैसे अयस्क से धातु। उत्पादन के साधन के रूप में वह मशीनों, खेतों, दुकानों और सेवाओं को कम में ज़्यादा बनाने में रास्ता दिखाता है। बुनियादी ढाँचे के रूप में वह एक साझा जाल है जिस पर कई सेवाएँ चलती हैं, जैसे सड़क और बिजली। डेटा सही, ताज़ा, प्रासंगिक हो और दूसरे डेटा से जुड़े तो मूल्य बढ़ता है। गलत, पुराना या दुरुपयोग हो तो घटता है; निजता और निष्पक्षता की रक्षा भी ज़रूरी है।
- डेटा संरचना: ऐरे, लिस्ट, स्टैक, क्यू और ट्री – डेटा संरचना मेमोरी में डेटा को ऐसे जमाने का तरीका है कि प्रोग्राम उसे अच्छे से इस्तेमाल कर सके। ऐरे चीज़ों को क्रमांकित डिब्बों में रखता है ताकि सूचकांक से तुरंत पहुँच हो। लिंक्ड लिस्ट नोड्स को पॉइंटर से जोड़ती है, इसलिए बीच में डालना आसान है। स्टैक LIFO (अंतिम आया, पहले गया) और क्यू FIFO (पहले आया, पहले गया) पर चलते हैं। डिक्शनरी कुंजी (key) से मान खोजती है और ट्री डेटा को स्तरों में रखता है ताकि खोज तेज़ हो।
- खोज (Searching) और छँटाई (Sorting) एल्गोरिदम – खोज एल्गोरिदम सूची में कोई चीज़ ढूँढता है; छँटाई एल्गोरिदम सूची को क्रम में लगाता है। रेखीय खोज एक-एक करके देखती है और किसी भी सूची पर चलती है। द्विआधारी खोज छँटी सूची को हर बार आधा करती है और बहुत तेज़ है। बबल सॉर्ट पड़ोसियों की अदला-बदली करता है; मर्ज सॉर्ट सूची तोड़कर छँटे टुकड़े जोड़ता है, जो बड़ी सूचियों में तेज़ है।
2. Sel.2 Network basics
Network types and media · TCP/IP, IP, DNS; devices; network OS; LAN security · Encryption, authentication, firewalls; sharing resources · IoT and innovative services; privacy
- संचरण माध्यम और नेटवर्क उपकरण: सड़कें और ट्रैफ़िक पुलिस – संचरण माध्यम वे रास्ते हैं जिन पर सिग्नल चलते हैं। तार वाले (गाइडेड) माध्यम: ट्विस्टेड पेयर केबल, कोएक्सियल केबल और ऑप्टिकल फ़ाइबर। बेतार (अनगाइडेड) माध्यम: रेडियो तरंगें, माइक्रोवेव और इन्फ्रारेड। नेटवर्क उपकरण डेटा जोड़ते और दिशा देते हैं: मॉडेम डिजिटल को एनालॉग और वापस बदलता है; ईथरनेट कार्ड (NIC) और RJ45 कंप्यूटर को केबल से जोड़ते हैं; Wi-Fi कार्ड बिना तार जोड़ता है; रिपीटर कमज़ोर सिग्नल मज़बूत करता है; हब हर पोर्ट पर डेटा भेजता है; स्विच केवल सही पोर्ट पर; राउटर अलग नेटवर्कों के बीच पैकेट भेजता है; गेटवे अलग प्रोटोकॉल वाले नेटवर्क जोड़ता है।
- कंप्यूटर नेटवर्क: प्रकार, उपकरण और टोपोलॉजी – कंप्यूटर नेटवर्क डेटा और साधन बाँटने के लिए जुड़े उपकरणों का समूह है। क्षेत्र के हिसाब से नेटवर्क PAN, LAN, MAN और WAN हैं। उपकरणों के काम अलग हैं: मॉडेम डिजिटल और एनालॉग सिग्नल बदलता है, रिपीटर कमज़ोर सिग्नल मज़बूत करता है, हब डेटा सभी पोर्ट पर भेजता है, स्विच सिर्फ़ सही उपकरण को भेजता है, राउटर नेटवर्क जोड़कर रास्ता चुनता है, और गेटवे अलग प्रोटोकॉल वाले नेटवर्क जोड़ता है। टोपोलॉजी जुड़ाव का ढाँचा है: स्टार, बस, ट्री और मेश, हर एक के अपने गुण-दोष।
- साइबर सुरक्षा: ख़तरे और उनसे बचाव – साइबर सुरक्षा कंप्यूटर, नेटवर्क और डेटा की रक्षा करती है। इसके लक्ष्य हैं गोपनीयता, अखंडता और उपलब्धता (CIA त्रिक)। आम ख़तरे: मालवेयर, फ़िशिंग व सोशल इंजीनियरिंग, ब्रूट फ़ोर्स और डिनायल ऑफ़ सर्विस। बचाव: मज़बूत प्रमाणीकरण, कूटलेखन, फ़ायरवॉल, एंटी-मालवेयर, अपडेट, पहुँच नियंत्रण और बैकअप।
- इंटरनेट ऑफ़ थिंग्स (IoT) – इंटरनेट ऑफ़ थिंग्स (IoT) रोज़मर्रा की चीज़ों का ऐसा नेटवर्क है जिनमें सेंसर, छोटा कंप्यूटर और नेटवर्क कनेक्शन होता है, ताकि वे डेटा इकट्ठा करें, इंटरनेट पर भेजें और उस पर काम करें. सेंसर भौतिक बदलाव को डेटा बनाता है, माइक्रोकंट्रोलर उसे संसाधित करता है, नेटवर्क (Wi-Fi, ब्लूटूथ, ज़िगबी, 4G/5G, LoRa) उसे क्लाउड या ऐप तक ले जाता है, और एक्चुएटर आदेश को काम में बदलता है. IoT को तीन परतों में समझते हैं: संवेदन, नेटवर्क और ऐप्लिकेशन. यह सुविधा और ऊर्जा बचत देता है, पर मज़बूत गोपनीयता और सुरक्षा चाहिए.
3. Sel.3 Data management and analysis
Data science · Requirements; collection; cleaning · Relational databases; SQL; backup · Analysis methods and tools
- डेटा साइंस: सवाल से परखे हुए मॉडल तक – डेटा साइंस का मतलब है डेटा, गणित और कंप्यूटर से सवालों के जवाब ढूँढना और अनुमान लगाना। हर प्रोजेक्ट एक चक्र में चलता है: साफ़ सवाल पूछो, डेटा इकट्ठा करो, उसे साफ़ करो (ग़लतियाँ ठीक करो या हटाओ), चार्ट और औसत से खोजो, मॉडल बनाओ, उसे परखो और नतीजा बताओ। मॉडल डेटा से सीखा गया एक आसान नियम है, जैसे अंक ≈ 35 + 7 × घंटे। अनुमान (रिग्रेशन) मॉडल संख्या देते हैं; वर्गीकरण मॉडल समूह बताते हैं। मॉडल को नए डेटा पर परखते हैं और सटीकता या ग़लती नापते हैं। डेटा साइंस सेहत, खेल, मौसम, दुकानों और खेती में काम आता है। असली प्रोजेक्ट अक्सर पहली बार में फ़ेल होते हैं, इसलिए धैर्य और जाँच ज़रूरी है।
- डेटा विश्लेषण – डेटा विश्लेषण यानी कच्चे आँकड़ों को जवाब में बदलना। इसका एक चक्र है: सवाल पूछो, डेटा इकट्ठा करो, साफ़ करो (ग़लती, दोहराव और खाली जवाब हटाओ), व्यवस्थित करो, माध्य, माध्यिका, परास और पैटर्न से विश्लेषण करो, सही चार्ट बनाओ और सावधानी से निष्कर्ष निकालो। बाहरी मान, छोटे नमूने और पक्षपात पर नज़र रखो, और याद रखो कि दो चीज़ों का साथ बढ़ना (सहसंबंध) यह साबित नहीं करता कि एक दूसरे का कारण है। डेटा को सुरक्षित रखना और अनुमति से इस्तेमाल करना भी ज़रूरी है।
- MySQL के साथ SQL: तालिका बनाना, पंक्तियाँ बदलना और सवाल पूछना – SQL (स्ट्रक्चर्ड क्वेरी लैंग्वेज) MySQL जैसे रिलेशनल DBMS से बात करने की भाषा है। DDL कमांड (CREATE, ALTER, DROP) तालिकाएँ परिभाषित करते हैं; DML कमांड (INSERT, UPDATE, DELETE) पंक्तियाँ बदलते हैं; DQL (SELECT) डेटा पढ़ता है। हर स्तंभ का डेटा प्रकार होता है, जैसे INT, FLOAT, CHAR, VARCHAR या DATE। SELECT … WHERE संबंधात्मक ऑपरेटर, BETWEEN, AND/OR/NOT और IS NULL से पंक्तियाँ छाँटता है।